चंडीगढ़ के सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल (CAT) ने पोस्टल असिस्टेंट प्रदीप की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए बड़ा आदेश जारी किया है। ट्रिब्यूनल ने पाया कि प्रदीप की ट्रांसफर अंडर रूल-38 की ऑनलाइन एप्लिकेशन में गलत तारीख दर्ज हो गई थी, जिसकी वजह से उनकी वेटिंग लिस्ट में पोजिशन पीछे चली गई। कर्मचारी ने चंडीगढ़ CAT से गुहार लगाई थी कि 04.01.2022 को दी गई उसकी एप्लिकेशन को पोर्टल पर 04.04.2022 दिखा दिया गया, जिससे उसके बाद आवेदन करने वाले कर्मचारी भी उससे आगे हो गए। छत्तीसगढ़ सर्कल में पोस्टल असिस्टेंट यह बात सामने आई कि प्रदीप छत्तीसगढ़ सर्कल में पोस्टल असिस्टेंट के तौर पर काम करते हैं। पिता की गंभीर हार्ट बीमारी के कारण उन्होंने हरियाणा सर्कल में बीवानी, हिसार और रोहतक डिवीज़न में स्थायी ट्रांसफर की रिक्वेस्ट डाली थी। लेकिन पोर्टल पर गलत तारीख चढ़ने से उनकी वेटिंग लिस्ट में स्थिति काफी पीछे हो गई। वहीं DG पोस्ट, सर्किल कार्यालय और CEPT हैदराबाद के हवाले से यह भी बताया गया कि पोर्टल में तारीख बदलने का कोई टेक्निकल ऑप्शन मौजूद नहीं है। गलती ठीक करना विभाग की जिम्मेवारी ट्रिब्यूनल ने रिकॉर्ड देखने के बाद पाया कि विभाग ने मुद्दा CEPT हैदराबाद तक भेजकर तकनीकी समाधान की कोशिश की, लेकिन तकनीकी बाधा के कारण संशोधन नहीं हो सका। कैट ने कहा कि कर्मचारी की असली तारीख में हुई गलती को ठीक करना विभाग की जिम्मेदारी है, ताकि उसके अधिकारों पर असर न पड़े। कैट ने अपने आदेश में डायरेक्टर जनरल पोस्ट (प्रतिवादी नंबर 2) को मामले की जांच कर ऑनलाइन पोर्टल में सही तारीख अपडेट करने के लिए जरूरी कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। आदेश में कहा गया है कि यह प्रक्रिया आदेश मिलने के 8 हफ्तों के भीतर पूरी की जाए, ताकि कर्मचारी की वास्तविक वेटिंग लिस्ट पोजिशन बहाल हो सके। ट्रिब्यूनल ने कहा कि जब विभाग खुद मान रहा है कि तारीख दर्ज करने में गलती हुई है तो तकनीकी अड़चन को आधार बनाकर कर्मचारी को नुकसान नहीं होने दिया जा सकता। कैट ने फैसला देते हुए कहा कि कर्मचारी की सही आवेदन तारीख के आधार पर उसकी वेटिंग लिस्ट में स्थिति ठीक की जाए और उसे पूरा न्याय दिया जाए।