पंजाब के जालंधर देहात पुलिस ने नकोदर में गरीब माता पिता से उनके बच्चों को कम कीमत पर खरीदकर जरूरतमंद माता पिता को बेचने का पर्दाफाश किया है। इस मामले में अब तक आठ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है और दो आरोपी फरार हैं जिनकी तलाश जारी है। पुलिस ने पूरे नेटवर्क का खुलासा करते हुए बताया कि यह गिरोह नवजात बच्चों की खरीद फरोख्त में सक्रिय था और कई लोग इसमें शामिल थे। जालंधर देहात पुलिस नकोदर ने उगी चौकी के इंचार्ज अंग्रेज सिंह द्वारा लगाए गए नाके के दौरान एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया जहां कुछ संदिग्ध लोगों को बच्चों के साथ पकड़ा गया। जांच में पता चला कि ये लोग गरीब परिवारों से बच्चों को खरीदते थे और आगे बेचते थे। गिरोह के आठ आरोपी गिरफ्तार डीएसपी सबडिवीजन नकोदर सुखपाल सिंह ने बताया कि इस गिरोह में कई लोग शामिल हैं और अब तक आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है वहीं दो अन्य की गिरफ्तारी के लिए प्रयास जारी हैं। पुलिस ने लुधियाना के मंजीत नगर के जगजीत सिंह उसकी मां रणजीत कौर और अमरजीत कौर निवासी गांव कला लुधियाना को गिरफ्तार किया है। ये लोग इनोवा गाड़ी में मोगा की तरफ से बच्चा खरीदकर काला संघिया की तरफ किसी को बेचने जा रहे थे। डीएसपी के अनुसार आरोपियों ने बच्चे को चार लाख रुपए में बेचना था। पुलिस ने बताया कि बलजीत सिंह को भी पकड़ा गया है जो बच्चे का पिता है और उसने अपनी पत्नी को बच्चा मृत बताया था। इसी के बाद रजनी नामक आशा वर्कर और गगनदीप जो कि मोगा अदालत में चौथी दर्जा कर्मी है उन्होंने बच्चे को आगे बेच दिया। रजनी और गगनदीप कुलविंदर कौर उर्फ मनी के संपर्क में थी। कुलविंदर कौर ने इस काम के लिए पांच हजार रुपए लिए थे। इसके बाद दोनों महिलाओं ने बच्चा रंजीत कौर को देने की योजना बनाई थी। उन्होंने यह भी बताया कि डेढ़ महीना पहले भी एक बच्चा बेचा गया था। रंजीत कौर मुख्य भूमिका में सामने आई
डीएसपी ने बताया कि मनप्रीत निवासी लुधियाना और शमशेर निवासी बठिंडा अभी फरार हैं। मनप्रीत पत्नी दिलजीत निवासी लुधियाना ने भी एक बच्ची रंजीत कौर को बेची थी जिसे बाद में वापस मनप्रीत को लौटा दिया गया। पूरे मामले में रंजीत कौर मुख्य भूमिका में सामने आई है। इसके अलावा रीना नामक महिला जो एक आईवीएफ सेंटर में काम करती थी वह उन माता पिता से संपर्क करती थी। जिनके बच्चे नहीं होते थे और उन्हें इस अवैध खरीद फरोख्त में शामिल करती थी। पुलिस ने बताया कि फरार दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार रेड की जा रही है और जल्द ही दोनों को पकड़ लिया जाएगा। सभी गिरफ्तारियों के बाद आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया जहां से तीन दिन का पुलिस रिमांड मिला है। पुलिस को उम्मीद है कि रिमांड के दौरान और भी महत्वपूर्ण खुलासे सामने आएंगे।