आर्मी जवान बोला- पिता को पुलिसवालों ने सीढ़ी से फेंका:रीढ़ की हड्‌डी टूटी, आरोपी AAP से जुड़े; DSP बोले- वैरिफाई कर रहे

बठिंडा पुलिस के मुलाजिमों पर आर्मी जवान के बेटे ने पिता को छत से नीचे फेंकने का आरोप लगाया है। जिसकी वजह से उन्हें गंभीर चोट लगी है। अरुणाचल प्रदेश में तैनात जवान ने बठिंडा की SSP से मिलकर मुलाजिमों पर कार्रवाई की मांग की है। आर्मी जवान का आरोप है कि पड़ोसियों ने उसके पिता के खिलाफ झूठी शिकायत दी। जिसके बाद पुलिस पिता को पकड़ने पहुंची तो वह छत पर काम कर रहे थे। इसी दौरान पुलिसवालों ने उन्हें सीढ़ियों से नीचे धक्का दे दिया। जिससे उनकी रीढ़ की हड्‌डी टूट गई और सिर में भी गंभीर चोट लगी है। इसके बावजूद पुलिस आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। जवान का आरोप है कि पड़ोसी आम आदमी पार्टी (AAP) से जुड़े हैं, इसलिए पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही। SSP ने जांच का भरोसा दिलाया है। वहीं DSP ने कहा कि जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी। सीढ़ियों से नीचे गिरने के बाद की 3 PHOTOS… आर्मी जवान ने पिता से मारपीट को लेकर क्या कहा… पड़ोसियों की शिकायत पर आई पुलिस
आर्मी जवान लवजीत सिंह ने बताया कि 7 मार्च को शाम करीब साढ़े 7 बजे पड़ोसियों की कंप्लेंट पर पुलिस मुलाजिम हमारे घर आए। उस वक्त मेरे पिता जसवंत सिंह छत पर मोटर की तार ठीक कर रहे थे। मेरे पिता देसी बंदे हैं। हम खेतीबाड़ी करते हैं। शाम का टाइम था तो पिता ने शराब भी पी रखी थी। पुलिसवालों ने पहले पिता को पीटा, फिर धक्का देकर गिराया
आर्मी जवान लवजीत सिंह ने कहा- पुलिस वालों ने मेरे पिता के साथ मारपीट की। इसके बाद जब वह सीढ़ियों पर आए तो एक पुलिस मुलाजिम ने उन्हें धक्का दे दिया। जिससे वह नीचे गिर पड़े। आर्मी जवान ने कहा कि कानून सभी के लिए बराबर है। चाहे वह पुलिसवाले ही क्यों न हों। पड़ोसियों ने पहले भी मेरे पिता को घसीटकर मारपीट की थी। उस वक्त मैं ड्यूटी पर था। तब मेरे मेजर ने भी SHO से बात की थी। मैंने भी बात की कि आप कोई कार्रवाई क्यों नहीं करते। झाड़ू सरकार की वजह से लड़ाई हो रही
आर्मी जवान लवजीत सिंह ने कहा- पुलिस न तो मौके पर आई। न ही किसी चश्मदीद से बात की, बस थाने में बैठे ही पूरा मामला रफा-दफा कर दिया गया। जवान ने कहा कि मुझे लग रहा है कि निष्पक्ष जांच नहीं होगी। असल लड़ाई झाड़ू सरकार की वजह से है। वह बंदे जब से आम आदमी पार्टी में शामिल हुए हैं, तभी से ऐसा कर रहे हैं। जब जी करता है, मेरे पिता के साथ मारपीट करते हैं। हालांकि AAP को लेकर पुलिस या पार्टी की तरफ से कुछ नहीं कहा गया है। मैं देश की रक्षा के लिए खड़ा, ये मारपीट कर रहे
मैं देश की रक्षा के लिए खड़ा हूं। मेरे घर में मेरी मां और पिता ही हैं। ये आते हैं और मारपीट करते हैं। पुलिस कोई सुनवाई नहीं करते हैं। मेरे पिता इस वक्त बठिंडा मिलिट्री अस्पताल में हैं। सरकारी अस्पताल वालों ने बताया कि उनके मणके टूटे हैं यानी रीढ़ की हड्‌डी में चोट लगी है। इसके अलावा सिर में चोट लगी है। मारपीट को लेकर DSP ने क्या कहा भाईयों का झगड़ा, पहले कंप्रोमाइज किया
DSP मनोज कुमार ने कहा कि हमें जसवंत सिंह के अस्पताल में दाखिल होने की सूचना मिली थी। जांच में पता चला कि कोठे भाईआना भगता के रहने वाले अजमेर सिंह के 4 बेटे हैं। जिसमें एक लड़के जसवंत और टहल सिंह के बीच जमीन के बंटवारे को लेकर काफी टाइम से झगड़ा है। इससे पहले 8 जून 2025 को जसवंत सिंह पर ट्रैक्टर चढ़ाकर जान से मारने की कोशिश का पर्चा दर्ज हुआ था। जिसमें इनका आपस में कंप्रोमाइज हो गया। दूसरी बार झगड़ा हुआ, तीसरी बार दूसरे पक्ष ने पुलिस बुलाई
DSP ने कहा- इसके बाद 13 फरवरी 2026 को फिर झगड़ा हुआ। दोनों को चोट लगी थी। दोनों के बयान दर्ज किए गए थे। फिर 7 मार्च को टहल सिंह बार-बार पुलिस को फोन कर रहा था कि जसवंत सिंह मारू हथियार और अपनी शर्ट उतारकर जान से मारने की धमकी दे रहा है। जब पुलिस पार्टी वहां गई तो जसवंत सिंह घर नहीं मिला। छत से उतरते वक्त गिरा
DSP ने कहा- दोबारा फिर सूचना आई कि वह हथियार लेकर छत पर चढ़ गया है। जब पुलिस पार्टी पहुंची और चेक किया तो जसवंत सिंह छत पर खड़ा था। उसने शराब पी रखी थी। पुलिस पार्टी ने उसे नीचे उतारने की कोशिश की। उसे मनाकर नीचे उतारा तो वह सीढ़ियों से गिर गया और उसे चोट लग गई। उसका बयान भी दर्ज कर लिया है। बार-बार बयान बदला, वैरिफाई कर रहे
जसवंत ने बयान में कहा कि मुझे पुलिस पार्टी ने धक्का मारने की कोशिश की। ये बयान कन्फ्यूजन वाला है क्योंकि उन्होंने पहले ये लिखवाया कि मुझे पता नहीं कि कहां से गिरा। फिर कहा कि टहल सिंह और सिकंदर सिंह ने धक्का मारा। फिर पुलिस मुलाजिमों के धक्का मारने की बात कही। उनके बयान लेकर SHO उसकी वेरिफिकेशन कर रहे हैं। इसके बाद जो कार्रवाई होगी, वह की जाएगी और पूरा इंसाफ किया जाएगा।

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