कुरुक्षेत्र के धुराला गांव में 4 बच्चों के पिता की हत्या के मामले में पुलिस ने 2 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों ने चोरी के शक के चलते वारदात को अंजाम दिया था। 26 फरवरी को थाना झांसा क्षेत्र के डकोत बस्ती के पास खेतों में शव बरामद हुआ था। मृतक की पहचान धुराला निवासी 40 वर्षीय जयभगवान उर्फ काला के रूप में हुई थी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच अपराध अन्वेषण शाखा-1 को सौंपी थी। गले पर चोट के निशान, तीन डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमॉर्टम जयभगवान 25 फरवरी की रात करीब 9 बजे घर से निकला था, लेकिन वापस नहीं लौटा। परिवार ने तलाश शुरू की तो 26 फरवरी की दोपहर करीब 3 बजे गांव के ही सुमीत और विशाल ने सूचना दी कि वह खेत में ट्यूबवेल कोठा के पीछे पड़ा है। मौके पर पहुंचने पर उसका शव मिला, जिसके गले पर चोट के स्पष्ट निशान थे। सूचना मिलते ही थाना झांसा पुलिस, सीन ऑफ क्राइम टीम और एफएसएल मौके पर पहुंची। शव को कब्जे में लेकर 3 डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमॉर्टम करवाया गया और बाद में परिजनों को सौंप दिया गया। मृतक के भाई कर्मजीत उर्फ मुंदरी ने हत्या की आशंका जताते हुए शिकायत दी, जिस पर मामला दर्ज किया गया। चोरी के शक में की हत्या पुलिस अधीक्षक नीतीश अग्रवाल के आदेश पर सीआईए-1 की टीम ने जांच शुरू की। मामले में पुलिस टीम ने दो आरोपियों हैप्पी कश्यप और राजकुमार उर्फ राजू (दोनों निवासी आरा कॉलोनी, धुराला, जिला कुरुक्षेत्र को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों को अदालत में पेश कर पूछताछ के लिए 3 दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पीएसआई जसबीर सिंह के अनुसार, मृतक जयभगवान नशे का आदी था और कुछ दिन पहले चोरी करते हुए पकड़ा गया था। आरोपियों को उस पर चोरी का शक था। 25 फरवरी की रात उसे घूमते देख उन्होंने पूछताछ की, जिस पर वह भाग गया। अगले दिन खेतों की ओर जाते समय फिर उसका सामना हुआ। पूछताछ के दौरान बहस बढ़ गई और आरोपियों ने जयभगवान के परने (कपड़े) से उसका गला घोंटकर हत्या कर दी। चार बच्चों के सिर से उठा पिता का साया मृतक जयभगवान मेहनत-मजदूरी करता था और अपने पीछे तीन बेटियां और एक बेटा छोड़ गया है। बताया जा रहा है कि मृतक पर पहले चोरी के कई मामले दर्ज थे। पुलिस का कहना है कि रिमांड के दौरान आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।