गुरदासपुर जिले के धारीवाल में घर के बाहर खेल रहे दो साल के मासूम बच्चे की कुत्तों ने जान ले ली। कुत्तों के झुंड ने उस पर हमला कर दिया और बुरी तरह नोंच डाला। उसको गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी मौत हो गई। जानकारी के अनुसार, क्षेत्र के शाहपंप में रहने वाले इंद्रास मेहनत मजदूरी करता था। वह अपने दो साल के बेटे और परिवार के साथ यहां रहते थे। मेहनत मजदूरी करके परिवार का पालन पोषण करते थे। इस हादसे के बाद परिवार सदमे में है। गेट के अंदर से बच्चे को खींच ले गए कुत्ते दो साल का बेटा इस्माइल बुधवार सुबह घर के बाहर गली में खेल रहा था। बच्चा गेट के अंदर ही था, लेकिन गेट खुला हुआ था। उसकी मां घर के अंदर चाय बना रही थी। इसी दौरान गली में घूम रहे आवारा कुत्तों ने गेट के अंदर से बच्चे को दबोच लिया और उसे बुरी तरह काटना शुरू कर दिया। बच्चे की चीखें सुनकर आसपास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और कुत्तों को भगाकर बच्चे को बचाया। गुरदासपुर किया गया था रेफर स्थानीय निवासी बलवीर सिंह ने बताया कि लोगों ने बच्चे को बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन तब तक वह गंभीर रूप से घायल हो चुका था। उसे तुरंत इलाज के लिए ढिल्लों अस्पताल धारीवाल ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने बच्चे की गंभीर हालत को देखते हुए उसे सिविल अस्पताल गुरदासपुर रेफर कर दिया।
पिता का इकलौता बेटा था इस्माइल गुरदासपुर पहुंचने पर डॉक्टरों ने इस्माइल को मृत घोषित कर दिया। वह अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। इस घटना से परिवार गहरे सदमे में है। स्थानीय लोगों ने बताया कि इलाके में आवारा कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे लोगों में भय का माहौल है। कुत्तों के हमले की कई घटनाएं हो चुकीं हैं पहले भी कुत्तों के हमले की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं। इलाका निवासियों ने प्रशासन और नगर परिषद से मांग की है कि आवारा कुत्तों को पकड़कर उन पर सख्त नियंत्रण किया जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।