जालंधर के मॉडल टाउन इलाके में कथित अवैध पेड़ कटाई का एक और मामला सामने आया है। मसंद चौक के पास स्थित एक पुराना विरासत (हेरिटेज) हरा-भरा पेड़ शुक्रवार तड़के काट दिया गया। अब मौके पर केवल उसका ठूंठ ही बचा है। यह पेड़ निर्माणाधीन मैक्स मॉल के बिल्कुल पास स्थित था। इस घटना को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता तेजस्वी मिन्हास ने नगर निगम जालंधर के कमिश्नर को शिकायत देकर पेड़ कटवाने वाले मालिक के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। पहले भी काटे जा चुके हैं 20 से ज्यादा विरासत पेड़ यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब कुछ ही हफ्तों पहले जालंधर के विभिन्न इलाकों में एक गुरुद्वारे और मॉडल टाउन की अन्य इमारतों के आसपास 20 से अधिक विरासत पेड़ों की कटाई की गई थी। उस मामले में नगर निगम ने संबंधित साइट मालिकों को कारण बताओ नोटिस जारी किए थे। रात 2 बजे से सुबह 6 बजे के बीच चला ऑपरेशन स्थानीय निवासियों और मजदूरों के अनुसार, यह पेड़ निर्माणाधीन व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स के मालिक के निर्देश पर काटा गया। यह कार्रवाई रात करीब 2 बजे से सुबह 6 बजे के बीच भारी मशीनरी जैसे जेसीबी और ट्रॉलियों की मदद से की गई। बताया जा रहा है कि मौके पर पेड़ कटने से रोकने के लिए न तो पुलिस पहुंची और न ही कोई पीसीआर टीम। प्राकृतिक विरासत का जानबूझकर विनाश तेजस्वी मिन्हास ने अपनी शिकायत में इस घटना को “प्राकृतिक विरासत का जानबूझकर विनाश” करार दिया। यह स्थान मॉडल टाउन गुरुद्वारे से 50 मीटर से भी कम दूरी पर स्थित है। कमर्शियल प्रोजेक्ट की विजिबिलिटी बढ़ाने के लिए कटवाया पेड़ मिन्हास ने आरोप लगाया कि पेड़ को इसलिए काटा गया ताकि निर्माणाधीन कमर्शियल प्रोजेक्ट की दृश्यता बेहतर हो सके, जबकि यह पेड़ प्रोजेक्ट साइट के अंदर भी नहीं था। उन्होंने कहा कि यह कार्रवाई भारतीय न्याय संहिता, पंजाब ट्री प्रिजर्वेशन पॉलिसी 2024 और पंजाब प्रोटेक्शन ऑफ ट्रीज़ एक्ट 2025 के प्रावधानों का उल्लंघन है। दोषियों पर सख्त कार्रवाई और पौधारोपण की मांग समाजिक कार्यकर्ता ने जिला प्रशासन से मांग की है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए और मौके पर क्षतिपूरक पौधारोपण सुनिश्चित किया जाए।