पंचकूला जिले के कालका स्थित काली माता मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए ट्रैफिक पुलिस सूरजपुर द्वारा व्यापक स्तर पर विशेष यातायात प्रबंधन योजना लागू की गई है। 19 मार्च से 27 मार्च तक चलने वाले इस धार्मिक पर्व के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा एवं सुचारू यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए विस्तृत ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की गई है। ट्रैफिक एसएचओ सूरजपुर अभिषेक ने बताया कि कालका काली माता मंदिर की ओर जाने वाले मार्गों पर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए विशेष रूट डायवर्जन लागू किए गए हैं। उन्होंने वाहन चालकों से अपील करते हुए कहा कि परवाणु एवं हिमाचल प्रदेश की ओर जाने वाले सभी वाहन चालक कालका बाजार मार्ग का उपयोग न करें और इसके स्थान पर पंचकूला-शिमला बायपास मार्ग का ही प्रयोग करें। वहीं, मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं से अनुरोध किया गया है कि वे अधिक से अधिक पैदल यात्रा करें या प्रशासन द्वारा उपलब्ध करवाई जा रही फ्री ऑटो सेवा का लाभ उठाएं। भारी वाहनों के आवाजाही पर प्रतिबंध नवरात्र पर्व के दौरान भारी वाहनों की आवाजाही पर सख्त प्रतिबंध लगाया गया है। रामबाग रोड से लेकर कालका मंदिर तक बड़े ट्रक, ट्रैक्टर-ट्रॉली एवं अन्य भारी वाहनों का प्रवेश पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। पार्किंग के विशेष इंतजाम पार्किंग व्यवस्था को लेकर भी विशेष इंतजाम किए गए हैं। ट्रैफिक पुलिस द्वारा निर्धारित स्थानों पर ही वाहन पार्क करने की अपील की गई है। रामबाग की ओर से आने वाले श्रद्धालु अपने वाहन कालका सब्जी मंडी के निर्धारित पार्किंग स्थल पर खड़ा करें, जहां से आगे मंदिर तक जाने के लिए सुगम व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए कालका शहर में पार्किंग स्थल से मंदिर तक आने-जाने के लिए मुफ्त ऑटो सेवा भी उपलब्ध करवाई जाएगी। जिससे बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को विशेष राहत मिलेगी।