हरियाणा के नूंह जिले में एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने बृहस्पतिवार को एक सरकारी क्लर्क को 6 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई नूंह स्थित एसडीएम कार्यालय में की गई। क्लर्क को आज शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा। गिरफ्तार क्लर्क की पहचान नूंह एसडीएम कार्यालय की ड्राइविंग लाइसेंस और वाहन पंजीकरण शाखा में कार्यरत अशोक कुमार के रूप में हुई है। उस पर एक व्यक्ति से वाहन की आरसी ट्रांसफर करने के लिए 6 हजार रुपए की रिश्वत मांगने का आरोप है। पीड़ित ने इस संबंध में एंटी करप्शन ब्यूरो से शिकायत दर्ज कराई थी। एसीबी ने बिछाया जाल, मौके पर हुई गिरफ्तारी शिकायत मिलने के बाद एसीबी टीम ने मामले की प्रारंभिक जांच की, जिसमें आरोप सही पाए गए। इसके बाद टीम ने कार्रवाई की योजना बनाई। बृहस्पतिवार को एसीबी ने जाल बिछाकर शिकायतकर्ता को तय रकम के साथ एसडीएम कार्यालय भेजा। जैसे ही क्लर्क ने शिकायतकर्ता से 6 हजार रुपए लिए, पहले से मौजूद एसीबी टीम ने उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ जारी, अन्य कर्मचारियों की भूमिका की जांच गिरफ्तारी के बाद आरोपी क्लर्क से पूछताछ शुरू कर दी गई है। एसीबी यह भी जांच कर रही है कि इस मामले में किसी अन्य कर्मचारी की संलिप्तता तो नहीं है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। सरकारी दफ्तरों की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल जिले में रिश्वतखोरी के लगातार सामने आ रहे मामलों से सरकारी कार्यालयों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि छोटे-छोटे कामों के लिए भी सरकारी दफ्तरों में रिश्वत मांगना आम बात हो गई है। भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान जारी रहेगा एसीबी अधिकारियों ने बताया कि भ्रष्टाचार के खिलाफ उनका अभियान लगातार जारी रहेगा। किसी भी सरकारी कर्मचारी को रिश्वत लेते या मांगते पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।