पंजाब पहली बार हॉकी के इंटरनेशनल मुकाबलों की मेजबानी करेगा। पुरुषों के एशियन चैंपियनशिप हॉकी टूर्नामेंट की मेजबानी पंजाब करेगा। यह दावा पंजाब के सीएम भगवंत मान ने चंडीगढ़ में प्रेस कांफ्रेंस में किया। उन्होंने कहा कि इन मुकाबलों में टॉप छह टीमें खेलेंगी। पूरी उम्मीद है भारत और पाकिस्तान इसमें खेलेंगे। 26-27 अक्टूबर को पहली बार मैच होगा। सारे मुकाबले मोहाली व जालंधर में होंगे। दूसरी तरफ उन्होंने महिला वर्ल्ड कप टीम का हिस्सा रही पंजाब की तीन महिला खिलाड़ियों को डेढ़-डेढ़ करोड़ दिए जाएंगे। जल्दी राशि उनके खातों में ट्रांसफर हो जाएगी। खेलों में राजनीति के सवाल पर उन्होंने कहा हमारे यहां योग्य लोगों को काम दिया जाता है। उन्होंने कहा स्व. सुखदेव सिंह ढींढसा साइकिल एसोसिएशन के प्रधान थे। क्या कभी उन्होंने साइकिल चलाई थी। वहीं, उन्होंने कहा कि मैडल की वोट नहीं होती। वरना विरोधी दल खिलाड़ियों को प्यार करते, उन्हें सारी सुविधाएं देते। जो भी पंजाब के खिलाड़ी अन्य टीमों में खेल रहे हैं, उन्हें दोबारा पंजाब आने का मौका दिया जाएगा। हम पंजाब क्रिकेट लीग करवा रहे हैं। यह टूर्नामेंट बीसीसीआई से मिलकर करवा रहे हैं। 44 साल बाद बैडमिंटन मुकाबले मिले सीएम ने कहा कि – इस दौरान टूर्नामेंट में आने वाले खिलाड़ियों को सारी सुविधाएं दी जाएंगी। उन्हें बढ़ियां होटलों में ठहराया जाएगा। सिक्योरिटी मुहैया करवाई जाएगी। बसों से उन्हें जालंधर और चंडीगढ़ आने-जाने की सुविधा दी जाएगी। सीएम ने कहा कि इससे पहले 1997 में पाकिस्तान के साथ जालंधर में टेस्ट मैच हुआ था। कल टूर्नामेंट के लिए टीम सारी चीजों को चेक कर गई है। वहीं, उन्होंने हमें ऑफर दिया है कि आप हर साल एक 4 नेशन टूर्नामेंट करवा सकते हैं। इसे वह अपने हॉकी टूर्नामेंट में रख लेंगे। जबकि बैडमिंटन अंडर 13 राष्ट्रीय मुकाबलों की मेजबानी पंजाब को 44 साल बाद मिली है। यह मुकाबले जालंधर में होंगे।
मेडलों की वोट होती तो सारी सुविधाएं मिलती सीएम ने कहा कि यह केंद्र वाले हमारे सारे फंड रोककर बैठे हैं। सारे फंड गुजरात को दिए जाते हैं। लेकिन एक चीज जिसके बिना यह नहीं चल सकते है, वह गेहूं हैं। जिसकी खरीद के लिए सीसीएल 33 हजार करोड़ तुरंत जारी कर दिए हैं। इसको नहीं रोकते। सीएम ने तंज कसते हुए कहा कि मैडल की वोट नहीं है। वरना इनको भी सारी सुविधाएं मिलती। गोल्ड मैडल के बीस हजार वोट, चांदी के दस हजार और कांस्य मैडल के पांच हजार वोट होते तो यह खिलाड़ियों से प्यार करने लग पड़ेंगे। खिलाड़ियों को सुविधाएं भी मिल जाएंगी, हम तो अपना हक मांग रहे हैं। ढींढसा ने साइकिल नहीं चलाई, बनाए थे प्रधान खेलों में राजनीति से जुड़े सवाल पर सीएम ने फिर विरोधियों को घेरा। उन्होंने कहा कि कहते हैं आम आदमी पार्टी खेलों में बहुत घुस गई। आम आदमी वाले इसका क्या मतलब जासूस हैं। सुखदेव सिंह ढींढसा साइकिल एसोसिएशन के प्रधान थे। उन्होंने कभी साइकिल चलाया था। रायफल एसोसिएशन का रणइंद्र है। कभी निशानेबाजी में गया है। हाथ कांपते हैं। पता नहीं क्या खाता है। राणा गुरजीत सिंह सोढ़ी स्पोर्ट्स मिनिस्टर था और परगट सिंह फ्री बैठा था। हम वह नहीं हैं। जो लोग काम जानते हैं, उन्हें मौके देंगे।
डाइट अलाउंस को डबल किया खिलाड़ियों की डाइट अलाउंस 480 रुपए कर दी। वहीं, खिलाड़ियों के लिए बकायदा शेफ रखे जाएंगे, ताकि खिलाड़ियों को प्रैक्टिस का पूरा मौका मिल पाए। नौकरियों में तीन फीसदी कोटा रिजर्व किया। वहीं, महिला क्रिकेट वर्ल्ड कप में हिस्सा लेने वाली तीनों खिलाड़ियों को डेढ़-डेढ़ करोड़ रुपए देने जा रहे हैं। यह राशि ऑनलाइन ट्रांसफर की जा रही है। सीएम ने खेलों का बजट 350 करोड़ से बढ़ाकर 1791 करोड़ किया। यह इसलिए किया है, ताकि मैडलों की सूची में पंजाब नंबर एक पर हो। राज्य में कोचों की संख्या 500 से बढ़ाकर 2458 की गई है। 324 नए कोच को भर्ती किया गया। 48 खिलाड़ियों को कोच बनाया गया। ओलंपिक की तैयारी के लिए 15 लाख, वहीं एशियन गेम्स के लिए 8 लाख सहायता राशि दी जा रही है। गोल्ड मेडलिस्ट खिलाड़ियों को 1 करोड़ का इनाम रखा गया है। 4 साल में करीब 100 करोड़ के इनाम दिए गए हैं। आर्मी/एयरफोर्स खिलाड़ियों को भी सम्मान, 9 खिलाड़ियों को PCS और DSP की नौकरी दी गई है।