एक लाख दीजिए टाइगर की तरह अटैक करने वाला केन कोरसो डॉग दे देंगे। यह दुनिया के 5 खतरनाक कुत्तों में से एक है। बाइट पावर तो ऐसी है, बॉडी के जिस पार्ट को पकड़ेगा उसे जड़ से उखाड़ देगा। हम दुनिया के सभी खतरनाक कुत्तों की डील करते हैं, कोई भी ब्रीड चाहिए सब मिल जाएगी। एडवांस दीजिए, 15 दिन में डॉग फ्लाइट से आ जाएगा। बिहार में लोग ऐसे ही खतरनाक कुत्तों की डिमांड करते हैं। यह दावा पटना में खतरनाक कुत्तों की डील करने वाले एजेंट्स कर रहे हैं। वह बिहार में खुलेआम टाइगर जैसे खतरनाक अटैक करने वाले कुत्तों की प्रजाति बेंच रहे हैं। एजेंट्स जिन खतरनाक कुत्तों को बेंच रहे हैं, इसी प्रजाति के कुत्ते अमेरिकन बुलडॉग ने मुजफ्फरपुर में 3 साल की मासूम को शिकार बनाया है। बिहार में खतरनाक कुत्तों की बिक्री को लेकर भास्कर ने स्टिंग ऑपरेशन किया, जिसमें एजेंट्स ने खुलेआम डील की है। पढ़िए और देखिए दुनिया के खतरनाक विदेशी डॉग की डील करने वालों की कहानी…। इन्वेस्टिगेशन के दौरान सबसे पहले हाई प्रोफाइल परिवारों को डॉग सप्लाई करने वाले गब्बर टाइल्स के बारे में पता चला। रिपोर्टर पटना के बोरिंग रोड स्थित गब्बर टाइल्स पहुंचा तो यहां काफी भीड़ थी। यहां लोग डॉग खरीदने और बीमार कुत्तों का इलाज कराने पहुंचे थे। यहां हमारी मुलाकात गब्बर टाइल्स के मालिक आकाश से हुई। आकाश ने हमसे खतरनाक विदेशी ब्रीड वाले डॉग की खुद डील की। रिपोर्टर- सिक्योरिटी के लिए खतरनाक ब्रीड का डॉग चाहिए था? आकाश- मिल जाएगा, आपका बजट क्या है। रिपोर्टर- डॉग पर अधिकतम 2 लाख का बजट मानकर चलिए। आकाश- बेल्जियम मेलोनेस केन कोरसो ले लीजिए, इससे शानदार कुत्ता नहीं है कोई। रिपोर्टर- आपके हिसाब से ही क्या ठीक रहेगा, बताइए। आकाश- हमारे हिसाब से बेल्जियम मेलोनेस या केन कोरसो ले लीजिए। रिपोर्टर- इसे कौन से लोग रखते हैं? आकाश- दुनिया भर की मिलिट्री और सिक्योरिटी एजेंसी इसको रखती है। आकाश ने कई खतरनाक विदेशी कुत्तों की फोटो दिखाई आकाश ने हमें कई विदेशी ब्रीड के खतरनाक डॉग की फोटो वीडियो दिखाई। कई वीडियो वॉट्सऐप पर भी भेजे। आकाश ने अमेरिकन एपिटर कुत्ते की फोटो दिखाई और कहा- इस कुत्ते के शरीर पर बहुत बाल होते हैं। इसको यहां रखना मुश्किल है, क्योंकि यहां गर्मी ज्यादा पड़ती है। रिपोर्टर ने पिटबुल और अमेरिकन बुलडॉग के बारे में पूछा तो आकाश ने कहा, दोनों मिल जाएगा, लेकिन इसको रखना थोड़ा मुश्किल होता है। हालांकि दोनों ही सिक्योरिटी वाले कुत्ते हैं। इसको रखने के लिए पहले इसको बढ़िया से ट्रेंड करने की जरूरत पड़ती है। बढ़िया ट्रेनिंग करने के बाद इससे जो करवाना है, करा सकते हैं। यह जंपिंग, स्विमिंग या रनिंग सब कुछ करता है। अगर ट्रेनिंग ठीक नहीं है तो यह जानलेवा भी हो जाता है। आकाश का दावा – खतरनाक डॉग पर कोई रोक-टोक नहीं आकाश से जब सवाल किया गया कि ऐसे खतरनाक कुत्तों को रखने पर तो प्रतिबंध होता होगा, इस पर आकाश ने कहा कोई रोक-टोक नहीं है। इसको जो सिखाना है आप सिखा सकते हैं। यह इंपोर्ट ब्रीड का होता है, यहां इसकी ब्रीडिंग कराई जाती है। इंपोर्ट कराने में 6 से 7 लाख तक रेट पड़ेगा। जापानी ब्रीड 1 लाख 25 हजार से ऊपर का आएगा। बहुत अच्छे ब्रीड में जाने पर 2 लाख तक इसका रेट लगेगा। रिपोर्टर- कौन सा ब्रीड ले सकते हैं? आकाश- आप यूरोपियन या अमेरिकन डाबरमैन भी ले सकते हैं। रिपोर्टर- दोनों में क्या अंतर है? आकाश- खतरनाक दोनों हैं, यूरोपियन की बॉडी हेल्दी होती है, अमेरिकन की बॉडी एथलेटिक जैसी होती है। रिपोर्टर- ये सब पटना में रखते हैं? आकाश- हां, कई लोग रखे है, हमसे भी कई लोगों ने लिए हैं। रिपोर्टर- पीट बुल मिलेगा आकाश- पिटबुल तो आसानी से मिल जाएगा, लेकिन इसको रखना काफी मुश्किल होता है। रिपोर्टर- ऐसा क्यों? आकाश- यह कुत्ता खतरनाक बहुत होता है, इसे मेंटेन करना भी थोड़ा कठिन है। रिपोर्टर- और कोई खतरनाक कुत्ता है क्या? आकाश- बुल मास्टर, ये काफी बड़ी ब्रीड है। इसका होना ही काफी है। कोई भी देखकर भाग जाएगा। रिपोर्टर- खतरनाक होता है क्या? आकाश- बिना ट्रेनिंग रखना खतरनाक होता है। पकड़ लेगा तो छुड़ाना नामुमकिन होता है। आकाश से खतरनाक डॉग की डील के बाद हमें बिहार में बड़े पैमाने पर डॉग का कारोबार करने वाले डॉक्टर का सुराग मिला। वह बोरिंग रोड में पेट्स प्लानेंट के नाम से डॉग की शॉप चलाते हैं। हम शॉप पहुंचे तो डॉक्टर ने खुद खतरनाक कुत्तों की डील की। डॉक्टर विमल ने दावा किया वह बिहार के पेट डॉक्टरों के एसोसिएशन के हेड हैं। वह पटना में डॉग के कारोबार के साथ डॉग का क्लिनिक भी चलाते हैं। रिपोर्टर- बढ़िया और दमदार डॉग चाहिए? डॉ विमल- किस उद्देश्य के लिए लेना चाह रहे हैं। रिपोर्टर- गार्डिग के लिए चाहिए था। डॉ विमल- बड़ा स्पेस है ना आपके पास। रिपोर्टर- हां, अकिता मिल जाएगा क्या आपके पास? डॉ विमल- अकिता का बजट 2 लाख 80 हजार पड़ेगा। रिपोर्टर- ठीक ब्रीड होगा ना? डॉ विमल- हां, बढ़िया है। एडवांस करना होगा एक महीने में आ जाएगा। रिपोर्टर- पिटबुल भी मिल जाएगा क्या? डॉ विमल- मिल जाएगा, इसकी कीमत 1.5 लाख तक जाएगी। रिपोर्टर- मेल होगा या फीमेल? डॉ विमल- मेल फीमेल जो चाहिए मिल जाएगा। रिपोर्टर- इसे रखने में कोई दिक्कत तो नहीं है? डॉ विमल- कई जगह ये कुत्ता बैन है, लेकिन आपको जहां रखना है वहां कोई दिक्कत नहीं। रिपोर्टर- प्रशासन से कोई दिक्कत तो नहीं होगी बाद में? डॉ विमल- यहां तो लोग क्या-क्या रख लेते हैं, अजगर तक पाले हुए हैं। रिपोर्टर- अजगर कौन पालता है? डॉ विमल- हां भाई, यहां हिरन का बच्चा पाले हुए हैं, एक बार दिखाने लाया था। रिपोर्टर- मिल जाता है क्या आसानी से? डॉ विमल- कहीं से जुगाड़ किया होगा, इलाज के लिए लोग लाते हैं। इसलिए मुझे पता है। रिपोर्टर- बुलडॉग भी मिल जाएगा क्या? डॉ विमल- फ्रेंच बुलडॉग और ब्रिटिश बुलडॉग मिल जाएगा। रिपोर्टर- ये सब कुत्ते कहां से आते हैं? डॉ विमल- सब बाहर से मंगवाए जाते हैं। रिपोर्टर- और कोई खतरनाक ब्रीड का डॉग मिलेगा क्या? डॉ विमल- अमेरिकन स्टाफ़ोर्डशायर टेरियर है। इसको घर में रखना खतरनाक है। रिपोर्टर- क्यों, ज्यादा एग्रेसिव होता है क्या? डॉ विमल- अगर मूड खराब हो गया तो ये पकड़ लेगा और मार भी देगा। डॉक्टर बोला- ब्रीडिंग यहां नहीं होती, बाहर से आता है डॉक्टर विमल ने कई विदेशी खतरनाक डॉग की डील करते हुए बताया कि यह किसी पेपर पर नहीं आते हैं। इसलिए इसके कोई पेपर नहीं मिलते हैं। सब बाहर से फ्लाइट से आते हैं, लेकिन कोई कागज नहीं मिलता है। रिपोर्टर- ऑर्डर देने पर कितने दिन में आ जाएगा। डॉ विमल- फ्लाइट से बच्चा मंगाया जाता है। दो दिन सेटिंग में लगेगा, 7 दिन में दे देंगे। रिपोर्टर- ये छिपाकर रखना होगा क्या? डॉ विमल- नहीं नहीं, क्यों छिपाना है, ये सिर्फ केरला में बैन हुआ है। रिपोर्टर- प्रशासन से दिक्कत तो नहीं? डॉ विमल- यहां आदमी को मारने वालों को पकड़ने वाला कोई नहीं, कुत्ते को कौन पकड़ता है। रिपोर्टर- कितना समय लगेगा आने में? डॉ विमल- अमेरिकन स्टाफोर्डशायर को आने में 7 दिन का समय लगेगा, अकिता एक महीने में आएगा। रिपोर्टर- पैसा कैसे लीजिएगा? डॉ विमल- कुत्ते का कैश लेंगे क्यों कि इनका कोई बिल नहीं आता है। रिपोर्टर- कुछ लोग तो पेपर देते हैं? डॉ विमल- अगर आप रजिस्टर्ड बच्चा उठाते हैं तो उसका पेपर मिल जाएगा। डॉक्टर ने बताया डॉग से सेफ मर्डर का प्लान इन्वेस्टिगेशन के दौरान डॉक्टर विमल ने डॉग से सेफ मर्डर का प्लान बताकर चौंका दिया। डॉक्टर विमल ने कहा कि डॉग से मर्डर कराने पर कोई केस नही होता है। अगर मेरी करोड़ों की जमीन किसी ने कब्जा कर लिया है और 4 गनमैन बिठाकर रखे हैं, कुछ नहीं करना है सीधे 2 अमेरिकन स्टाफोर्डशायर टेरियर डॉग छोड़ना है, ये तुरंत गला पकड़ कर खत्म कर देगा चारों को। डॉक्टर के मुताबिक अगर 4 गनर हैं तो दो अमेरिकन स्टाफोर्डशायर टेरियर डॉग उनको मौत के घाट उतार सकते हैं। खतरनाक डॉग की बिक्री के लिए हमें पटना के बोरिंग कैनाल रोड पर स्थित माही पेट शॉप का सुराग मिला। पता चला कि बिहार में सबसे अधिक डॉग की सप्लाई यहीं से होती है। यहां हमारी मुलाकात शंभू से हुई जिसने दुनिया के किसी भी खतरनाक कुत्ते की सप्लाई करने का दावा किया। रिपोर्टर- पिटबुल, अमेरिकन बुलडॉग है क्या? शंभू- मिल जाएगा, यहां रखा नहीं जाता बाहर से मंगवा कर दिया जाता है। रिपोर्टर- क्यों, कोई दिक्कत है क्या? शंभू- खतरनाक होता है, ब्रीडिंग भी यहां नहीं होती है। रिपोर्टर- फिर कैसे और कहां से आएगा? शंभू- पंजाब से आएगा, अमेरिकन बुली और पिटबुल का ब्रीड बिहार में नहीं होता। रिपोर्टर- अमेरिकन बुली या फिर पिटबुल दे दीजिए। शंभू- रॉटविलर अभी दे सकते हैं, बाकी बाहर से मंगवाना होगा। रिपोर्टर- अभी क्या-क्या ब्रीड है? शंभू- जर्मन शेफर्ड, गोल्डन रिट्रीवर, लैब्रा और रॉट विलर मिल जाएगा। विश्वास जमाने के लिए फोन पर बात कराई माही पेट शॉप के शंभू को विश्वास हो जाए, इसलिए हमने एक्सपर्ट को कॉल कर पूरी डील कराई। फोन पर भी शंभू ने जापानी ब्रीड अकिता भी दो लाख में देने की बात कही। रिपोर्टर- अकिता नहीं है क्या? शंभू- अकिता भी मिल जाएगा सर, लेकिन इट इज वेरी कॉस्टली, दो से पौने दो लाख का पड़ेगा। रिपोर्टर- अकिता कितने दिनों में दे देंगे? शंभू- लगभग 15 दिन टाइम देना पड़ेगा। रिपोर्टर- ब्रीड वगैरह का कैसे पता चलेगा कि कैसी है? शंभू- पहले हम आपको फोटो शेयर करेंगे, आप स्पेशलिस्ट से जांच करा लीजिएगा। रिपोर्टर- कितने दिनों का बच्चा होगा? शंभू- जो भी बच्चा देंगे, दो से डेढ़ महीने के बीच का होगा। रिपोर्टर- पिटबुल और अमेरिकन बुलडॉग कितने में दे देंगे। शंभू- 30 से 40 हजार के बीच में आ जाएगा। रिपोर्टर- एडवांस देना होगा या डॉग आने के बाद पैसा देना है? शंभू- पहले 50% जमा करना होगा, बाकी 50% डिलिवरी के समस देना होगा। रिपोर्टर- रॉटविलर कितने का मिल जाएगा? शंभू- मेल का 20 हजार, फीमेल का 16 हजार लगेगा। रिपोर्टर- इन डॉग पर प्रतिबंध है क्या? शंभू- हां, ये जरूरत से ज्यादा हाइपर होते हैं, इसलिए रोक है। अग्रेसिव हुआ तो गोली मारने के अलावा कोई रास्ता नहीं माही पेट शॉप के शंभू से जब कुत्तों के खतरनाक होने को लेकर सवाल किया गया तो जवाब सुनकर डर लग गया। शंभू ने कहा, अमेरिकल बुलडॉग और पिटबुल बहुत खतरनाक होते हैं। इतने एग्रेसिव होते हैं कि यह जिद पर आ जाएं तो गोली मारने के अलावा कोई दूसरा ऑप्शन नहीं बचता। बांधकर छोड़े जाने पर और भी खूंखार हो जाते हैं। इन्हें खुला रखना पड़ता है, समझिए, ये तो बाघ जैसे होते हैं। बोरिंग कैनाल रोड पर माही पेट शॉप पर शंभृू से डील करने के दौरान हमें सोनू के बारे में पता चला। सोनू की बोरिंग कैनाल रोड पर पेट शॉप चलाता है। सोनू ने 30 से 40 हजार में दुनिया के सबसे खतरनाक कुत्ते की प्रजाति देने का दावा किया। रिपोर्टर- अमेरिकन बुली या अकिता है क्या? सोनू- नहीं, ये सब ऑर्डर पर ही आते हैं। रिपोर्टर- अभी नहीं मिलेगा क्या? सोनू- कोई भी आपको तुरंत नहीं देगा, सब ऑर्डर पर ही आते हैं। रिपोर्टर- कितना समय लगेगा? सोनू- चार से पांच दिन में फ्लाइट से मंगा देंगे। रिपोर्टर- ये ज्यादा खतरनाक होते हैं क्या? सोनू- हां, बहुत खतरनाक होते हैं। रिपोर्टर- अमेरिकन बुली का कितना पड़ेगा? सोनू- 25 से 30 हजार के बीच मानकर चलिए। रिपोर्टर- पटना में अभी नहीं मिलते? सोनू- पटना में बहुत बेचा गया है, लेकिन सब ऑर्डर पर आया है। रिपोर्टर- बाहर मतलब कहां से आता है? सोनू- पंजाब से मंगाए जाते हैं। रिपोर्टर- सिक्योरिटी के लिए डॉग रखना है, कौन ब्रीड ठीक रहेगा? सोनू कुमार- कौन-सा चाहिए आपको? रिपोर्टर- अकिता है क्या? सोनू कुमार- अकिता? फिर आपके लिए ठीक नहीं रहेगा। रिपोर्टर- क्यों, क्या दिक्कत है? सोनू कुमार- पिटबुल ले लीजिए, लेकिन इसे मंगवाना पड़ेगा, इसमें समय लगेगा। रिपोर्टर- कितना समय लगेगा? सोनू कुमार- पिटबुल के लिए ऑर्डर कीजिएगा तो कम से कम 3 दिन। रिपोर्टर- कहां से आएगा खतरनाक डॉग? सोनू कुमार- अंबाला वगैरह से आएगा, बहुत एग्रेसिव ब्रीड है। रिपोर्टर- एग्रेसिव मतलब ज्यादा दिक्कत है क्या? सोनू कुमार- यह एक बार किसी को देख ले तो बख्शेगा नहीं उसको। रिपोर्टर- बिहार में लोग रखते हैं कि नहीं? सोनू कुमार- हां, जिनके पास बड़ा कैंपस है, वह रखते हैं। रिपोर्टर- सब पंजाब साइड से आता है? सोनू कुमार- जी, सब उसी साइड से आता है, 3 दिन लग जाता है। पड़ताल के दौरान पटना के राजीव के बारे में पता चला। वह पटना में पेट शॉप चलाते हैं। अब तक कई खतरनाक डॉग की डील कर चुके हैं। पहले राजीव का नंबर लिया गया और बात करके उनसे डॉग खरीदने के लिए मिलने की बात कही गई। राजीव ने बोरिंग रोड बुलाया और खतरनाक डॉग के लिए डील की। रिपोर्टर- कोई खतरनाक डॉग चाहिए था? राजीव- कौन-कौन सा ब्रीड चाहिए? रिपोर्टर- सिक्योरिटी को लेकर चाहिए, अंकिता और पिटबुल मिल जाए तो ठीक रहेगा। राजीव- मिल जाएगा, वह सब ऑर्डर पर आने वाला ब्रीड है। मेल चाहिए या फीमेल? रिपोर्टर- मेल चाहिए। राजीव- खतरनाक जितना है सब ऑर्डर पर आएगा, रॉड फीमेल ले लीजिए, अभी दे देंगे। रिपोर्टर- कितने का आ जाएगा? राजीव- 16,000 का आ जाएगा। रिपोर्टर- अमेरिकन कितने का आएगा? राजीव- पिटबुल 30 और अमेरिकन बुली 40 तक आएगा। रिपोर्टर- ओरिजनल रहेगा ना? राजीव- बिल्कुल, ऑरिजनल होगा, आपका कैंपस बड़ा है ना, बाहर निकला तो अटैक कर देगा। रिपोर्टर- अच्छा, खतरनाक होता है क्या? राजीव- हां, बहुत ही खतरनाक ब्रीड है। मेले से आया था मासूम पर हमला करने वाला अमेरिकन डॉग पड़ताल के दौरान पता चला कि मुजफ्फरपुर में मासूम पर हमला करने वाला अमेरिकन बुलडॉग सोनपुर मेले से लाया गया था। इसका पता लगाने के लिए भास्कर रिपोर्टर सोनपुर मेले के कुत्ता बाजार पहुंचे। यहां ऐसे सभी विदेशी खतरनाक डॉग की ब्रीड बेची जा रही है, जो भारत में प्रतिबंधित है। भास्कर रिपोर्टर ने सोनपुर मेले में बिना रोक टोक विदेशी खतरनाक डॉग बेचने वाले दो एजेंट से डील की। पड़ताल में पता चला कि एक अमेरिकन बुलडॉग अभी हाल ही में बेचा है। डील – 1 अमेरिकन बुलडॉग भारत में बैन, मेला लेकर पहुंचे वाहिद सोनपुर मेले के डॉग मार्केट में पटना के रहने वाले कारोबारी वाहिद से मुलाकात हुई। वह ‘अमेरिकन बुलडॉग बेच रहा था। अमेरिकन बुल ने ही मुजफ्फरपुर की मासूम पर हमला किया था। डॉग की इस खतरनाक प्रजाति को लेकर वाहिद ने बताया कि अमेरिकन बुल भारत में बैन है। यह बहुत खतरनाक होता है। इसलिए इस कुत्ते को रखना रिस्की है। यह नस्ल काफी एग्रेसिव होता है। मालिक के लिए जान देने तक की वफादारी निभाता है। यह बुलडॉग से भी ज्यादा खतरनाक है। वाहिद ने कहा कि इस कुत्ते की कीमत 25 हजार रुपए है। इसपर रोज करीब 500 रुपए खर्च होते हैं। दिन भर में लगभग 1 kg चिकन, अंडे और दूध उबालकर हल्दी के साथ खिलाना होता है। वाहिद ने बताया इस नस्ल के एक डॉग को मैंने पहले 40 हजार रुपए में बेचा था। डील – 2 छोटू बोला-हर खतरनाक ब्रीड का डॉग मिल जाएगा सोनपुर मेले में हमारी मुलाकात डॉग कारोबार छोटू से हुई। छोटू ने बताया कि पटन में उसकी दुकान है, वहीं से खतरनाक कुत्तों को ऑर्डर पर लाया जाता है। मेले में छोटू ने गोल्डन रिट्रीवर, पग, पामेरियन, लेब्राडोर, पिट बुल और अमेरिकन बुल सहित कई नस्लों के कुत्ते को दिखाया। छोटू बोला – अमेरिकन बुल को लोग खतरनाक और एग्रेसिव मानते हैं, इसलिए यह फैमिली के लिए कम और सिक्योरिटी के लिए ज्यादा लिया जाता है। आगे ग्राफिक्स के जरिए जानिए कुत्तों के बारे में सबकुछ