केंद्र सरकार ने देशभर में ‘एसेंशियल कमोडिटी एक्ट 1955’ लागू कर दिया है। हॉर्मुज जलमार्ग के रास्ते होने वाली गैस सप्लाई ठप होने के बाद सरकार ने ये कदम उठाया है। गैस किल्लत को देखते हुए बिहार, दिल्ली, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों ने कॉमर्शियल गैस की सप्लाई पर फिलहाल रोक लगा दी है। राज्य में 2.5 लाख गैस सिलेंडर का हर दिन सप्लाई है। इसमें 12500 गैस सिलेंडर कॉमर्शियल हैं, जो होटल, रेस्टोरेंट, स्कूल, हॉस्टल आदि को सप्लाई दी जाती है। अभी अस्थाई तौर पर कॉमर्शियल गैस की सप्लाई रोकी गई है। एजेंसी ने बताया कि पिछले 3 दिनों से सिलेंडर नहीं आया है जो बचा हुआ सिलेंडर है वही मार्केट में है। कॉमर्शियल गैस की कमी की खबरों के बीच घरेलू उपभोक्ताओं में ‘पैनिक बुकिंग’ बढ़ गई है। गोपालगंज, आरा, दरभंगा, अररिया, बेतिया, पूर्णिया और सुपौल में एजेंसियों के बाहर लंबी लाइन देखने को मिली। इधर, स्पेशल ब्रांच के DIG ने सभी डिविजनल कमिश्नर, सभी रेंज के IG, DIG, सभी जिलों के DM और SSP/SP को अलर्ट लेटर भेजा है। इसमें सतर्कता बरतने को कहा है। गैस एजेंसियों से आई तस्वीरें देखिए… DIG ने DM और SSP/SP को भेजा अलर्ट लेटर स्पेशल ब्रांच के DIG ने सभी डिविजनल कमिश्नर, सभी रेंज के IG, DIG, सभी जिलों के DM और SSP/SP को अलर्ट लेटर भेजा है। इसमें मध्य पूर्व में चल रहे युद्ध के कारण LPG गैस एवं पेट्रोलियम पदार्थों की आपूर्ति में कमी होने की आशंका के मद्देनजर सतर्कता बरतने को कहा है। लेटर के माध्यम से कहा गया ईस्ट क्षेत्र में चल रहे युद्ध एवं तनावपूर्ण स्थिति के कारण अंतराष्ट्रीय स्तर पर गैस एवं पेट्रोलियम पदार्थों की आपूर्ति प्रभावित होने की संभावना जताई गई है। बिहार में घरेलू सिलेंडर की किल्लत से जुड़े अपडेट के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए