मोहाली में गुरुवार को सीवर साफ करने वाले ट्रैक्टर के ड्राइवर ने 10 साल के बच्चे को कुचल दिया। इससे बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई। हादसा बड़ माजरा कॉलोनी में हुआ। हादसे के बाद कॉलोनी के लोग इकट्ठा हो गए। परिजनों और लोगों ने चंडीगढ़-खरड़ हाईवे को जाम कर दिया। लोगों ने जब ट्रैक्टर ड्राइवर को पकड़ने की कोशिश की, तो वह मौके से भाग गया। लेकिन बाद में पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने ट्रैक्टर को भी अपने कब्जे में ले लिया है। बच्चे की पहचान शौर्य निषाद (10) के रूप में हुई है। शौर्य अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। परिजनों ने बताया कि वे रोजी-रोटी की तलाश में आठ साल पहले उत्तर प्रदेश से मोहाली आकर रहने लगे थे। शौर्य छठी कक्षा का छात्र था। पिता के साथ बाइक पर जा रहा था
जानकारी के मुताबिक शौर्य अपने पिता के साथ बड़ माजरा कॉलोनी से फेज-छह की तरफ बाइक पर आ रहा था। आगे से सीवरेज साफ करने वाला ट्रैक्टर आ रहा था। इस दौरान ट्रैक्टर ने सीधे बाइक को टक्कर मार दी। इससे बच्चा सीधे ट्रैक्टर के आगे जाकर गिर गया। सिर के ऊपर से गुजरा ट्रैक्टर का टायर
प्रत्यक्षदर्शी संदीप के बताया कि ट्रैक्टर ड्राइवर ने उस समय रुकने की बजाय ट्रैक्टर आगे बढ़ा लिया। जिससे उसका पिछला टायर भी लड़के के सिर पर आ गया और उसकी मौत हो गई। हालांकि दूसरी साइड बच्चे का पिता बच गया। पुलिस अस्पताल से फरार हो गई
इसके बाद इलाके के लोग इकट्ठा हो गए। उन्होंने तुरंत बच्चे को उठाया। लेकिन बच्चे की सांस नहीं चल रही थी। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस मौके पर पहुंची और कहने लगी कि बच्चे को सीधे अस्पताल लेकर चलते हैं, साथ ही वहीं कार्रवाई कर दी जाएगी। संदीप के मुताबिक पुलिस बच्चे के शव को छोड़कर अस्पताल से फरार हो गई। लोगों ने चंडीगढ़ खरड़ हाईवे जाम किया
इसके बाद गुस्साए लोगों ने अस्पताल के बाहर से गुजर रहे चंडीगढ़ खरड़ हाईवे पर जाम लगा दिया। उन्होंने शव को सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया। परिवार का कहना है कि हमारा इकलौता बच्चा चला गया। लेकिन पुलिस तुरंत कार्रवाई नहीं कर रही है। उन्होंने एक घंटे तक प्रदर्शन किया। पुलिस ने फेज-एक से निकाला ट्रैफिक
इस दौरान ट्रैफिक को डायवर्ट कर फेज-एक से निकाला गया। हालांकि कुछ लोगों को लाइट पॉइंट पर परेशानी उठानी पड़ी। प्रदर्शन कर रहे लोगों से वाहन चालकों की बहस तक हुई। हत्या का केस दर्ज होना चाहिए
परिवार के सदस्यों की मांग है कि ट्रैक्टर ड्राइवर पर हत्या का मामला दर्ज किया जाना चाहिए। उनका आरोप है कि जब लड़के को टक्कर लगी थी, तो ड्राइवर ने ट्रैक्टर रोकने के बजाय उसे वहां से भगाने की कोशिश की, जिसके कारण बच्चे की मौत हो गई। बड़े लोगों का बच्चा होता तो फटाफट कार्रवाई होती
होरी लाल ने बताया कि शौर्य मेरा भांजा था। ट्रैक्टर वाले ने उसे कुचल दिया। इसके बाद ट्रैक्टर ड्राइवर भाग गया। पुलिस वाले कोई कार्रवाई नहीं कर रहे थे। बड़े लोगों का बच्चा मरा होता तो फटाफट कार्रवाई करते। हमें अस्पताल ले आए। हमें कह रहे हैं कि समझौता कर लो। हम कह रहे हैं कि पहले कानूनी कार्रवाई करें। शिकायत मिली, एक्शन लिया जाएगा
इस मामले में पुलिस के सीनियर अधिकारियों ने कहा कि जो भी शिकायत बच्चे के परिजनों की तरफ से दी गई है, उसके मुताबिक एक्शन लिया जाएगा। जहां तक शव को अस्पताल लाने की कोशिश यह थी कि बच्चे का उचित तरीके से पोस्टमॉर्टम हो सके। पुलिस परिवार के साथ खड़ी है।