मोहाली आईटी सिटी चौक से कुराली बाईपास रिंग रोड प्रोजेक्ट से जुड़ी एक कंस्ट्रक्शन कंपनी के ठेकेदार से कथित तौर पर 1.20 करोड़ रुपये की अवैध मांग करने का मामला सामने आया है। यह ब्लैकमेलिंग आरटीआई और शिकायतों की आड़ में की गई। पुलिस जांच में प्रारंभिक तौर पर साजिश के संकेत मिलने के बाद कमलजीत सिंह और सुमित सिंगला के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 308(2) और 61(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है।यह शिकायत बठिंडा निवासी अशोक कुमार बंसल ने डीआईजी रूपनगर रेंज को दी थी। बंसल ने बताया कि उनकी फर्म ‘प्रेम कुमार बंसल प्रोजेक्ट्स एलएलपी’ को आईटी सिटी चौक से कुराली बाईपास रिंग रोड के निर्माण का ठेका मिला है। उनकी कंपनी का कैंप ऑफिस खरड़ में स्थित है। शिकायत वापस लेने के बदले पैसे की मांग का आरोप शिकायत के अनुसार, रोपड़ के गांधी नगर निवासी कमलजीत सिंह, जो खुद को पत्रकार बताता है, परियोजना से संबंधित जानकारी आरटीआई के माध्यम से प्राप्त कर विभिन्न सरकारी विभागों में शिकायतें भेज रहा था। आरोप है कि 9 दिसंबर 2025 को रूपनगर के एक होटल में मुलाकात के दौरान उसने शिकायतें वापस लेने के बदले पैसे की मांग की। पैसे न देने पर उसने मुख्यमंत्री तक शिकायत करने की धमकी भी दी। इसके अगले दिन, सड़क निर्माण में मिट्टी डालने का काम कर रहे ठेकेदार सुमित सिंगला ने एक अन्य व्यक्ति के मोबाइल से व्हाट्सएप कॉल कर लगभग 1.20 करोड़ रुपये की कथित बकाया राशि का हिसाब भेजा। दो लोगों के खिलाफ केस दर्ज शिकायतकर्ता ने बताया कि यह हिसाब पूरी तरह गलत और बेबुनियाद था, क्योंकि सुमित सिंगला के साथ किए गए काम का भुगतान पहले ही किया जा चुका था। मामले की जांच डीएसपी खरड़-1 द्वारा की गई। कॉल डिटेल और बयानों से यह सामने आया कि दोनों आरोपियों के बीच लगातार संपर्क था। सुमित सिंगला परियोजना से जुड़ी जानकारी कमलजीत सिंह को उपलब्ध कराता था। लंबी पुलिस जांच के बाद पुलिस रिपोर्ट में कहा गया है कि आरटीआई के माध्यम से जानकारी प्राप्त करना अपराध नहीं है, लेकिन इसकी आड़ में ब्लैकमेल करने का प्रयास किया गया। जांच के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।