चुनाव आयोग ने SIR का फॉर्म जमा करने की टाइम लिमिट 7 दिन और बढ़ा दी है। अब 11 दिसंबर तक SIR फॉर्म जमा कर सकेंगे। चुनाव आयोग ने सभी राज्यों को इसके निर्देश भेज दिए हैं। यूपी में SIR में काम के दबाव के चलते BLO परेशान हैं। कर्मचारी संगठनों ने भी टाइम लिमिट बढ़ाने की मांग की थी। यही नहीं, प्रदेश में अब तक 7 बीएलओ की मौत हो चुकी है। इसमें 3 ने सुसाइड किया, जबकि 4 हार्ट अटैक और ब्रेन हेमरेज से जान गई। फतेहपुर, गोंडा और मुरादाबाद में जिन बीएलओ ने सुसाइड किया। उसमें काम के दबाव की बात सामने आई थी। रविवार को मुरादाबाद में एक बीएलओ टीचर ने सुसाइड किया। उसने नोट में लिखा था कि अगर वक्त मिलता तो वह एसआईआर का टारगेट पूरा कर लेता। वहीं, बिजनौर में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता शोभा रानी की हार्टअटैक से मौत हो गई। यूपी में एसआईआर को लेकर सियासी बयानबाजी का दौर भी जारी है। अखिलेश यादव ने एसआईआर को भाजपा की साजिश और लोकतंत्र पर हमला बताया। इस पर योगी के मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने पलटवार किया। कहा- बेतुकी बातों के लिए सपा मुखिया को शर्म आनी चाहिए। फर्जी वोट कटेंगे तो उनकी दुकान बंद हो जाएगी। इस बीच श्रावस्ती में शिक्षकों की रविवार (30 नवंबर) की छुट्टी रद्द कर दी है। BSA अजय गुप्ता ने स्कूल खोलकर SIR फॉर्म भरवाने का निर्देश दिया है। आज रविवार होने के बावजूद स्कूल खुलेंगे। वहीं, चुनाव आयोग ने बूथ लेवल ऑफिसर्स की सैलरी 6000 से बढ़ाकर 12000 रुपए सालाना कर दी है। इसके अलावा वोटर रोल तैयार करने और उनमें बदलाव करने वाले BLO सुपरवाइजर की सैलरी भी 12000 से बढ़ाकर 18000 रुपए कर दी गई है। जिस सरकारी कर्मचारी को BLO का काम दिया गया है उसे यह पैसा उसकी सैलरी के अलावा अलग से दिया जाता है। यूपी में SIR से जुड़ी हलचल के लिए लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए…