राजेंद्र नगर स्थित एनसीसी कैंपस में बन रहे आधुनिक हॉकी टर्फ को हॉकी इंडिया फेडरेशन की आधिकारिक मंजूरी मिल चुकी है। बिहार अर्बन इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (बुडको) यह मैदान बना रहा है। निर्माण कार्य अंतिम चरण में है। करीब 8.44 करोड़ की लागत से बन रहे इस हॉकी टर्फ में नीदरलैंड से आयातित पॉलीटेन ब्लू एस्ट्रोटर्फ बिछाया जा रहा है। यह खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल सतह उपलब्ध कराएगा। मैदान में उन्नत जल प्रबंधन प्रणाली और अत्याधुनिक संरचना विकसित की जा रही है, जिससे राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के आयोजन की संभावना भी बढ़ेगी। फेडरेशन के अधिकारियों ने निर्माणाधीन मैदान का निरीक्षण किया। इसके बाद बुडको के प्रबंध निदेशक अनिमेष कुमार पराशर ने परियोजना की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शेष कार्यों को तेजी से पूरा किया जाए। नियमित स्थल निरीक्षण कर कार्य की वास्तविक स्थिति देखी जाए। 1000 वाट की 20 लाइटें लगाई जा रहीं परियोजना से जुड़े अधिकारियों के अनुसार मैदान का लगभग 80 प्रतिशत निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। बेस स्ट्रक्चर, एलईडी फ्लड लाइट व्यवस्था और जल निकासी प्रणाली का काम लगभग समाप्त हो गया है। अब पाथ-वे, स्प्रिंकलर सिस्टम और टर्फ बिछाने का कार्य शेष है। मैदान में रात के समय अभ्यास और मैचों के आयोजन के लिए 20 उच्च क्षमता वाली 1000 वाट और 40 एलईडी फ्लड लाइट (500 वाट) लगाई जा रही है। राजगीर के बाद बिहार का दूसरा अंतरराष्ट्रीय हॉकी मैदान 100 मीटर लंबे और 60 मीटर चौड़े खेल क्षेत्र वाले इस मैदान का फेंसिंग क्षेत्र 104 मीटर × 64 मीटर होगा। छोटे स्तर के मैचों के लिए करीब 25 दर्शकों की क्षमता वाली दर्शक दीर्घा भी बनाई जा रही है। राजगीर के बाद यह बिहार का दूसरा अंतरराष्ट्रीय स्तर का हॉकी मैदान होगा, जिससे राज्य के खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण और प्रतियोगिताओं का अवसर मिलेगा।