यूजीसी के समर्थन में लोक जन सुरक्षा पार्टी ने पूर्व सांसद राजकुमार सैनी की अगुवाई में रेवाड़ी में धरना दिया। इस दौरान राजकुमार सैनी ने कहा कि एससी-ओबीसी भारत का मूल नागरिक है। यहां हिंदू केवल स्वर्ण समाज है। जिन्होंने अब तक बहुसंख्यक समाज को दबाकर रखा है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश में हमें 70 साल बाद यूपीसी के रूप में न्याय मिला है। जिसे वापस करवाने के लिए ताकतवर हिंदू समाज हिंदू सम्म्मेलन कर रहा है। यह ठीक वैसे ही हो रहा है, जैसे वीपी सिंह के राज में मंडल आयोग को वापस करवाने के लिए राम मंदिर और बाबरी मस्जिद का मुद्दा उठाया था। यदि सरकार ने दबाव में UGC वापस लिया तो देश में नेपाल, बंगलादेश, ईरान और इराक जैसे हालात होने से कोई बचा नहीं सकेगा। किसी के खिलाफ नहीं यूपीसी उन्होंने कहा कि यूजीसी किसी के खिलाफ नहीं है। यह केवल ताकतवर हिंदुओं के बीच दशकों से गुलामों का जीवन जी रहे देश के मूल नागरिकों एससी और ओबीसी को न्याय दिलाने के लिए है। जो देश के हिंदू समाज को रास नहीं आ रहा है। हिंदू सम्मेलन यूजीसी के खिलाफ सरकार पर दबाव बनाने का ही प्रयास है। सुप्रीम कोर्ट ने दिया एकतरफा फैसला उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार यूजीसी सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर ही लेकर आई थी। जिसे सुप्रीम कोर्ट ने दूसरे पक्ष को सुने बिना ही एकतरफा फैसला लेते हुए रोक लगा दी। अब इस पर मार्च में सुनवाई होगी। केंद्र सरकार ने यदि यूजीसी वापस लिया तो देश के लिए इसके घातक परिणाम होंगे। उन्होंने कहा कि स्वर्ण हमसे अधिक ताकतवर हैं और इस पर तत्काल स्टे करवा सकते हैं। अपने बच्चों को जागरूक करें कि जो इक्विटी कमेटी आज बन रही है, वह 70 साल पहले बन जानी चाहिए थी। प्रदर्शन कर सौंपा ज्ञापन धरने को संबोधित करते हुए उन्होंने एससी और ओबीसी समाज को हिंदू सम्मेलनों का बॉयकाट करना चाहिए। स्वर्ण हिंदुओं ने हमें कभी हिंदू नहीं माना। यदि हिंदू मानते तो यूजीसी का विरोध नहीं करते। इसके बाद प्रदर्शन करते हुए कार्यकर्ता प्रदर्शन करते हुए सचिवालय पहुंचे और यूजीसी के समर्थन में अपना ज्ञापन सौंपा। राजकुमार सैनी ने ऐसे दिए जवाब सवाल : एससी-ओबीसी हिंदू नहीं तो हिंदू कौन है?
जवाब : असली हिंदू (ब्राह्मण, क्षत्रिय और वैश्य) स्वर्ण समाज है। ये तो बैकवर्ड और एससी हैं। जबरदस्ती वोट लेने के लिए हिंदू बनाए जाते हैं। मुस्लिमों के खिलाफ भड़काया जाता है। जबकि मुस्लिम भी इस देश का मूल निवासी है। बहुत से लोग कन्वर्टिड हैं। जबकि यहां पर सिखाया गया साइंटिफिक टैंपरामेंट की बजाय मानसिक अंध विश्वास, अंधभक्त तैयार किए जा रहे हैं, इस देश का विनाश किया जा रहा है। सवाल: एसी-ओबीसी हिंदू नहीं तो कौन हैं?
जवाब: यहां के मूल निवासी हैं। यहां के ये तो हिंदू ये तो पिछड़े हैं। प्रश्न : स्वर्ण कौन हैं?
जवाब: जो मैने बताया नॉन एससी, बीसी स्वर्ण वो हैं। प्रश्न : स्वर्ण क्या विदेश से आएं हैं?
जवाब: वो विदेश से आएं हैं या यहां के आए हैं, इस पर देश में बड़ी बहस चल रही है। मेरे से पूछने की जरूरत नहीं हैं। वो बाहर से आएं हैं या यहां से आए हैं, लेकिन ये कंफर्म हैं, वो हमारे लोगों को गुमराह कर रहे हैं।