लुधियाना में एक उभरती हुई एक्ट्रेस से 19 लाख रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। आरोपी ने खुद को पंजाबी फिल्म प्रोड्यूसर बताकर न सिर्फ फिल्मों में काम दिलाने का झांसा दिया, बल्कि पीड़िता के भाई के वैवाहिक विवाद को सुलझाने के नाम पर भी पैसे ऐंठ लिए। थाना डिविजन नंबर 5 पुलिस ने आरोपी मनदीप सिंह ग्रेवाल उर्फ रवि, गुरमीत कौर और नूरप्रीत सिंह सभी निवासी गांव बस्सियां बेट के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिल्म शूट के दौरान हुई पहचान शिकायतकर्ता सुरिंदर कौर, जो पंजाबी भवन में लाइब्रेरियन हैं और पंजाबी साहित्य अकादमी से जुड़ी होने के साथ पंजाबी फिल्मों में भी काम करती हैं। सुरिंदर कौर ने बताया कि उनकी मुलाकात आरोपियों से एक फिल्म शूट के दौरान हुई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि मनदीप सिंह ग्रेवाल ने खुद को फिल्म प्रोड्यूसर बताते हुए अपने मजबूत राजनीतिक संबंधों का हवाला दिया और उन्हें आने वाले प्रोजेक्ट्स में काम दिलाने का भरोसा दिया। भाई के तलाक का झांसा देकर बढ़ाया भरोसा आरोप है कि आरोपी ने पहले पीड़िता के भाई के वैवाहिक विवाद को सुलझाने और तलाक करवाने में मदद का भरोसा दिलाया। जनवरी 2022 में उसने इस काम के लिए 50 हजार रुपए लिए और इसके बाद अलग-अलग बहानों से लगातार पैसे लेता रहा। पत्नी-बेटा बताकर साथियों से मिलवाया पीड़िता के अनुसार, मुल्लांपुर में हुई एक मीटिंग के दौरान आरोपी अपने साथ गुरमीत कौर और नूरप्रीत सिंह को लेकर आया, जिन्हें उसने अपनी पत्नी और बेटे के रूप में परिचित कराया। आरोप है कि आरोपी ने कई बार नूरप्रीत सिंह के बैंक खाते में पैसे ट्रांसफर करवाए। कैश और गहनों समेत 19 लाख की ठगी शिकायत में कहा गया है कि आरोपियों ने पीड़िता से कुल 10.37 लाख रुपए नकद और करीब 9 लाख रुपए के सोने के गहने ठग लिए। जांच के दौरान पीड़िता को पता चला कि मुख्य आरोपी कोई फिल्म प्रोड्यूसर नहीं, बल्कि एक गैंगस्टर है, जो किसी अन्य मामले में जेल में बंद है। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी के साथी उसे लगातार धमकियां दे रहे हैं और आरोपी के जेल से बाहर आने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दे रहे हैं। जांच ट्रांसफर कराने की मांग सुरक्षा को लेकर डर जताते हुए पीड़िता ने मामले की जांच श्री फतेहगढ़ साहिब ट्रांसफर करने की मांग की है। उनका कहना है कि उनकी जान को खतरा है। मामले की जांच कर रहे हेड कांस्टेबल सुखविंदर सिंह ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ IPC की धारा 420, 406 और 120-बी के तहत FIR दर्ज की गई है। उन्होंने कहा कि सभी तथ्यों और सबूतों की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।