भास्कर न्यूज | जालंधर शहीद ऊधम सिंह नगर में 29 जनवरी, 2020 को गुंडागर्दी करने वाले एनआरआई अनूप सिंह बाजवा समेत 3 लोगों को शुक्रवार अदालत ने 10-10 साल की कैद व 30-30 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न देने पर एक महीने की और कैद काटनी होगी। दोषियों ने पहले मॉडल टाउन के रहने वाले रेस्टोरेंट के मालिक राहुल अरोड़ा पर हमला करके सोने की चेन छीन ली थी। एरिया पर गश्त कर रही जूलो नंबर-8 के कर्मी ने यह घटनाक्रम देखा तो वह राहुल को बचाने आए थे। लेडी कांस्टेबल किरनजीत कौर और कांस्टेबल सुखवंत सिंह गिल ने आरोपी पकड़ लिए, लेकिन वह उन पर अटैक कर भाग निकले थे। घटनाक्रम की एक वीडियो सामने आई थी। पुलिस ने अनूप सिंह बाजवा उर्फ सिप्पी निवासी शास्त्री नगर (मखदूमपुरा), उच्चा सुराजगंज के सुखविंदर सिंह लाडी और टावर एनक्लेव के सिमरनजीत सिंह उर्फ मनी को अरेस्ट कर जेल भेज दिया था। लाडी पूर्व विधायक पवन कुमार टीनू की मां सुरिंदर कौर को लूटने के केस में बेल पर आया था। सिप्पी कुछ समय पहले अमेरिका से आया था और उसने वापस जाना था। लेडी कांस्टेबल कोर्ट में बोली- गश्त पर थे, तभी गुंडागर्दी होती देखी थी कोर्ट में दिए गए बयान में जूलो नंबर-8 में तैनात लेडी कांस्टेबल किरनजीत कौर ने कहा कि घटना वाली शाम करीब पौने 7 बजे वह साथी सुखवंत सिंह गिल के साथ शहीद उधम सिंह नगर में में गश्त कर रहे थे। जूलो सुखवंत गिल चला रहे थे। जब उनकी गाड़ी प्रीत होटल के सामने पहुंची तो देखा कि तीन युवक एक शख्स को पीट रहे थे और लोग तमाशा देख रहे थे। यह देखकर गाड़ी रोक ली और वे डंडा लेकर नीचे उतरीं। उन्हें देखकर हमलावर भड़क गए और बुरा-भला कहने लगे। वे शराब के नशे में थे। इस बीच एक हमलावर ने उन्हें लात मार दी। धक्का-मुक्की की गई। यह देखकर कांस्टेबल सुखवंत आया तो उससे भी आरोपी उलझ गए थे। आरोपी भाग निकले थे। पब्लिक ने उनकी वीडियो बना ली थी।