कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह के नेतृत्व में निकाली जा रही सद्भाव यात्रा अपने 170वें दिन ऐलनाबाद पहुंची। यहां शहीदी दिवस पर शहीद भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस दौरान बृजेंद्र सिंह ने भगत सिंह के संसद में बम फेंकने की घटना पर महत्वपूर्ण टिप्पणी की। सिरसा जिले के ऐलनाबाद में शहीदी दिवस पर शहीदों को श्रद्धांजलि देकर सद्भाव यात्रा की शुरुआत की गई। गांव पोहड़का से जिलाध्यक्ष संतोष बेनीवाल के नेतृत्व में शुरू हुई यह यात्रा मीठी सुरेरा, तहसील कार्यालय, बस स्टैंड, पंचमुखी चौक, गांधी चौक, देवीलाल चौक और टीबी चौक होते हुए ऊधम सिंह चौक, ऐलनाबाद में संपन्न हुई। इस दौरान बार एसोसिएशन ऐलनाबाद ने वकीलों के साथ बृजेंद्र सिंह की यात्रा का भव्य स्वागत किया। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष सरदार बलराज सिंह खोसा, महासचिव ओपी बालन और उपाध्यक्ष विवेक शेखावत ने उनका अभिनंदन किया। अब सिरसा हलके से यात्रा की शुरूआत होगी। शहीदी दिवस पर श्रद्धांजलि अर्पित की शहीदी दिवस पर श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह ने मीडिया से बातचीत में कहा, शहीद भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव का नाम आज भी देशभक्ति, त्याग और वैचारिक संघर्ष का प्रतीक है। उन्होंने विशेष रूप से भगत सिंह द्वारा संसद में बम फेंकने की घटना का जिक्र किया। बृजेंद्र सिंह ने स्पष्ट किया कि भगत सिंह का यह कदम किसी की जान लेने के लिए नहीं था, बल्कि एक सशक्त संदेश देने के उद्देश्य से उठाया गया था। उनका लक्ष्य हिंसा फैलाना नहीं, बल्कि उस “बहरी सरकार” तक अपनी आवाज पहुंचाना था, जो जनता की बात सुनने को तैयार नहीं थी। उन्होंने कहा कि घटना के माध्यम से भगत सिंह ने दर्शाया कि क्रांति केवल हथियारों से नहीं, बल्कि विचारों और चेतना से भी लाई जाती है।