सिरसा शहर में ड्राइवर से शादी का झांसा देकर ठगने वाली लुटेरी दुल्हन ने पुलिस पूछताछ में कई खुलासे किए हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि लुटेरी दुल्हन शिवानी शर्मा व उसकी सहेली रेणू चौधरी दोनों ही सूखा नशे की आदी है। वे नशे के पूर्ति के लिए ही ये खेल रचना शुरू किया। लुटेरी दुल्हन युवती एक बच्चे की मां है। पुलिस के अनुसार, आरोपी शिवानी पहले घरों में बर्तन साफ करने का काम करती थी। जब उसमें घर खर्च नहीं चला, तो इस दलदल में उतर गई। गिरोह की सरगना हिसार निवासी सरोज ही लड़की को दिखाने व उसे ससुराल भेजकर शादी कराने के नाम पर पैसों की डील करती थी। शिवानी रेणू के साथ सिरसा से फरार होने पर दिल्ली चली गई थी। अब वह सिरसा में सहेली से मिलने आई हुई थी, तभी पकड़ी गई। हालांकि, पुलिस ने उक्त ड्राइवर को भी जांच में शामिल किया और दुल्हन बनने वाली युवती की पहचान करवाई। ड्राइवर युवती से काफी हताश था और उसने उससे कुछ बात भी नहीं की। अभी बरामद किया सामान उसे सौंपा नहीं गया, क्योंकि सरगना महिला के पास जो गहने व नकदी मिली है। उसका पता किया जाएगा कि ये इसी ड्राइवर से लूटी हुई है या किसी अन्य को शिकार बनाया है। सिलसिलेवार ढंग से जानिएं पूरा मामला: जानिएं दोनों क्या करती है और कैसे मुलाकात हुई पुलिस के अनुसार, फुल्लन देवी उर्फ शिवानी शर्मा मध्य प्रदेश के छतरपुर की रहने वाली है और मध्य प्रदेश में ही शादी हो रखी है। उसका एक 6 साल का बेटा है। 24 वर्षीय शिवानी 8वीं तक पढ़ी-लिखी है और पहले घरों में बर्तन साफ करने का काम करती थी। इसके बाद वह काम की तलाश में मध्य प्रदेश से बिहार व दिल्ली होते हुए हिसार आ पहुंची। यहां हिसार के पड़ाव चौक स्थित सरोज के घर पर किराए पर रहने लगी। इसी दौरान उसकी मुलाकात उत्तर प्रदेश की रेणू चौधरी से हुई। दोनों का आपस में संपर्क हो गया और नशा करने लगी। सरोज ने ही फर्जी तरीके से शादी करके कुवांरे लड़कों को फंसाकर पैसे ऐंठने का प्लान बनाया। इस बीच सिरसा के पंजवाना का ड्राइवर इनके गिरोह के संपर्क में आ गया। सिरसा से फरार होकर दिल्ली में रही पुलिस के अनुसार, रेणू चौधरी भी कम पढ़ी-लिखी है और दोनों ही साथ में नशा करती है। रेणू ने सिरसा के युवक से शादी करने के बाद शिवानी की भागने में मदद की थी। दोनों ही सिरसा से पहले दिल्ली के नजफगढ़ में रही। इसके बाद वापस हिसार आ गई। शिवानी सिरसा में अपनी किसी सहेली से मिलने आई थी और रेणू हिसार में ही सरोज के पास थी। इसकी भनक सिटी थाना पुलिस को जा लगी, जिसके बाद शिवानी को सिरसा में और सरोज व रेणू को हिसार से पकड़ लिया। शिवानी व सरगना सरोज काफी शातिर पुलिस के अनुसार, आरोपी शिवानी और सरगना हिसार निवासी सरोज काफी शातिर है और पुलिस पूछताछ में गोलमोल जवाब दिए। सिरसा के पंजुआना निवासी युवक के अलावा किसी अन्य वारदात के बारे में नहीं बताया है कि किस-किस को शिकार बनाया है। ऐसे में सिरसा पुलिस जांच में जुटी है और बाकी पुलिस थानों से गिरोह के बारे में डिटेल मांगी है। पुलिस का शक बढ़ा, हिस्ट्री खंगाल रही पुलिस का शक बढ़ गया है कि इस गिरोह में कई अन्य लोग शामिल है, क्योंकि तीनों ने अन्य वारदात के बारे में छिपाया है। कारण है कि सिरसा पंजुआना के युवक की शादी भी दो अन्य लोगों ने तय करवाई थी। सरगना सरोज बिचौलिए के तौर पर लड़की को पसंद कराकर भेजने एवं पैसे लेन-देन का काम संभालती थी। पुलिस तीनों महिलाओं की अपराधिक हिस्ट्री खंगालने में जुटी है। डेढ़ लाख रुपए में हुई थी डील शिकायतकर्ता पंजुआना युवक ने दैनिक भास्कर एप से बातचीत में बताया कि पुलिस से उसके पास सूचना आई थी। वह इसी मामले में वकील से बातचीत में लगा है। पुलिस ने कहा कि जल्द सभी आरोप पकड़े जाएंगे। सितंबर 2025 उसके साथी ड्राइवर ने पैसे लेकर शादी करवाने वाले गिरोह से मिलवाया और डेढ़ लाख में बात डील हुई। हिसार के पड़ाव चौक स्थित एक मकान में शिवानी शर्मा नाम की युवती से मिलवाया और वहीं पर सगाई करा दी। इसके बदले डेढ लाख रुपए व गहने़ लड़की को दे दिए। शादी न होने पर कुछ दिन तक उन लोगों से बहाने बनाए और लड़की के माता-पिता की मौत का हवाला देकर उनके पास बिना शादी रहने पर बोल दिया। युवती उनके घर पर कुछ दिन रही और उसकी मां के पास रहती थी। दिन में कभी-कभार सामान्य बात होती थी। सगाई के समय युवती ने बताया था कि वह सैनी समाज से हैं और बाद में घर आने पर कहा-वह शर्मा है, उसके पिता पंडिताई करते थे। बाद में पता चला कि ये लड़कियां घर का माहौल देखकर जाति बदल लेती है। यह आरोप खैरेकां के संजय, गोबिंद एवं शिवानी व रेणू चौधरी पर लगे हैं। इन पर शहर थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी।