हरियाणा में नए रेल ट्रैक को मंजूरी:194 किलोमीटर लंबा, ₹5,983 करोड़ बजट, 5 जिलों से होकर निकलेगा; जमीन अधिग्रहण नहीं होगा

केंद्र सरकार ने दिल्ली से अंबाला के बीच नई रेल लाइन बिछाने की मंजूरी दे दी है। यह नया रेल ट्रैक 194 किलोमीटर लंबा होगा। इस प्रोजेक्ट पर 5,983 करोड़ रुपए खर्च होंगे। इस नई रेल लाइन को सेना से लेकर सामान्य यात्रियों तक, सबके लिए महत्वपूर्ण बताया जा रहा है। केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को बताया कि मोदी कैबिनेट ने इसे मंजूरी दे दी है। यह परियोजना दिल्ली से जम्मू तक रणनीतिक लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है। हरियाणा में यह लाइन अंबाला, कुरुक्षेत्र, करनाल, पानीपत और सोनीपत से होकर गुजरेगी। इस पर आने वाले 32 रेलवे स्टेशनों पर सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी। इस परियोजना की सबसे खास बात यह है कि 4 वर्षों में इसे पूरा कर लिया जाएगा। इसके लिए बड़े पैमाने पर भूमि अधिग्रहण की आवश्यकता नहीं होगी। मौजूदा रेल लाइन के साथ-साथ रेलवे की काफी जमीन इसके लिए इस्तेमाल होगी। अब जानिये… कब पूरी होगी परियोजना, क्या फायदे होंगे सिग्नल सिस्टम के आधुनिकीकरण के लिए भी 421 करोड़
रेलवे ने अपने नेटवर्क को हाई-टेक बनाने और रेल हादसों पर लगाम लगाने की दिशा में पहल करते हुए रेल मंत्रालय ने उत्तर रेलवे के अंतर्गत दो महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को हरी झंडी दे दी है। इस योजना के तहत दिल्ली और अंबाला रेल मंडल के व्यस्त रूटों पर सिग्नलिंग सिस्टम को आधुनिक बनाया जाएगा। मंत्रालय ने इसके लिए 421.41 करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया है। खास बात यह है कि यह अपग्रेड उन स्टेशनों पर किया जा रहा है, जहां स्वदेशी ट्रेन सुरक्षा प्रणाली कवच पहले से ही स्वीकृत है। दिल्ली रेल मंडल के अधीन हाई डेंसिटी रूट के 21 स्टेशनों पर इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग सिस्टम लगाया जाएगा। इसके लिए 292.24 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। इसी प्रकार अंबाला रेल मंडल के अधीन 13 स्टेशनों को इस आधुनिक तकनीक से लैस किया जाएगा। इस पर 129.17 करोड़ रुपये खर्च होंगे। हरियाणा में ये प्रमुख रेल परियोजनाएं चल रहीं… ————— ये खबर भी पढ़ें… हरियाणा आर्बिटल रेल कॉरिडोर का निर्माण प्रक्रिया तेज:2026 तक पूरा होने की उम्मीद; 160 किमी की रफ्तार से दौड़ेगी ट्रेन हरियाणा में सोनीपत से पलवल तक बनने वाले हरियाणा आर्बिटल रेल कॉरिडोर (Haryana Orbital Rail Corridor – HORC) के निर्माण कार्य ने गति पकड़ ली है। किसानों और सरकार के बीच जमीन के रेट को लेकर चला आ रहा विवाद पूरी तरह खत्म हो चुका है, जिसके बाद बची हुई जमीन के अधिग्रहण के लिए गजट नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया है। (पूरी खबर पढ़ें)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *