चंडीगढ़ | पंजाब के 9 नगर निगमों और 100 से अधिक नगर परिषदों/नगर पालिकाओं के चुनावों की अधिसूचना जारी करने पर लगाई गई अंतरिम रोक को हाईकोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 18 मार्च तक बढ़ा दिया है। यह रोक पंजाब सरकार द्वारा हाल ही में की गई नई वार्डबंदी को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई के दौरान जारी रखी गई। पंजाब सरकार की ओर से मुख्य सचिव केएपी सिन्हा ने हलफनामा दाखिल कर बताया कि मामले पर केंद्र से स्पष्टीकरण मांगा गया है। उन्होंने कहा कि 2027 की जनगणना के मद्देनजर प्रशासनिक सीमाओं को फ्रीज करने के संबंध में केंद्र सरकार के दो अलग-अलग संचारों में विरोधाभास दिख रहा है इसलिए केस रजिस्ट्रार जनरल एवं जनगणना आयुक्त के पास विशेष विचार के लिए भेजा गया है। केंद्र सरकार की ओर से एडिशनल सॉलिसिटर जनरल सत्यपाल जैन ने कोर्ट को बताया कि अभी तक पंजाब सरकार का स्पष्टीकरण मांगने संबंधी पत्र प्राप्त नहीं हुआ है। यह है मामला… अलग अलग याचिकाओं में सरकार द्वारा नई वार्डबंदी किए जाने को चुनौती दी गई है। याचिकाकर्ताओं का आरोप है कि वार्डों के परिसीमन में मनमानी, राजनीतिक पक्षपात व जनसंख्या के असंतुलन जैसे दोष हैं। इसी कारण हाईकोर्ट में एक के बाद एक याचिकाएं दाखिल की जा रही हैं व अब यह संख्या दर्जनों तक पहुंच चुकी है।