पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के लिए जासूसी करने के आरोप में पकड़े गए हरियाणा के नूंह के एडवोकेट रिजवान को लेकर पुलिस पंजाब में आतंकी नेटवर्क खंगाल रही है। आशंका है कि विदेशी हैंडलर्स ने रिजवान के खातों में पैसा भेजा। यह पंजाब में आतंकी नेटवर्क मजबूत करने पर खर्च होना है। 30 से 35 लाख रुपए जालंधर के मिठाई कारोबारी अजय अरोड़ा को दिए जाने के सबूत मिले हैं। पुलिस सूत्रों के मुताबिक आरोपी रिजवान कई बार पंजाब गया है। जुलाई में भी पंजाब गया था। उसने मुस्लिम समुदाय से होते भी अमृतसर के गोल्डन टेंपल की तस्वीरों सोशल मीडिया पर शेयर की। यहीं वजह है कि उसे नूंह पुलिस पंजाब भी लेकर गई है। इधर, गुरुग्राम कोर्ट में प्रैक्टिस करने वाले सीनियर एडवोकेट एवं हिंदू संगठनों से जुड़े कुलभूषण भारद्वाज को पाकिस्तान से धमकियां मिलने के मामले को भी अब रिजवान से जोड़कर देखा जा रहा है। भारद्वाज के बगल के चेंबर में ही रिजवान आता था। 3 बार धमकियां मिलने के बाद कुलभूषण भारद्वाज को गुरुग्राम पुलिस की ओर से स्वाट कमांडो की सिक्योरिटी मिली है। 8 दिन के रिमांड पर है रिजवान, पंजाब ले गई पुलिस
सरकारी एडवोकेट विजय सहरावत ने बताया कि रिजवान और अजय अरोड़ा 8 दिन के पुलिस रिमांड पर हैं। तावड़ू डीएसपी अभिमन्यु ने दोनों का 10 दिन का रिमांड मांगा था। कोर्ट में बताया गया कि दोनों के कनेक्शन पाकिस्तान से हैं।
अजय अरोड़ा से करीब 30 से 35 लाख रुपए की रिकवरी करनी है। नूंह पुलिस पंजाब में अजय अरोड़ा के संपर्क में रहने वाले लोगों से भी पूछताछ कर रही है। अजय अरोड़ा का रिजवान के साथ हवाला के जरिए काफी लेन-देन हुआ है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक अजय अरोड़ा ने यह रकम एक कारोबारी को दी, जो फिलहाल विदेश में है।
पड़ोसी वकील बोले- स्लीपर सेल होने का अंदेशा
गुरुग्राम में प्रैक्टिस करने वाले एडवोकेट रिजवान की जासूसी के आरोप में गिरफ्तारी के बाद सभी वकील हैरान हैं। उसके चेंबर के पड़ोसी सीनियर एडवोकेट कुलभूषण भारद्वाज को तीन बार पाकिस्तान से धमकी मिली थी। भारद्वाज गोमाता और सनातन को लेकर मुखर रहते हैं और हिंदू धर्म से जुड़े कार्यक्रमों में बढ़ चढ़ कर हिस्सा लेते हैं। उन्होंने रिजवान के स्लीपर सेल होने की आशंका जताई। कहा कि संभवत रिजवान ने ही उनकी डिटेल धमकी देने वालों तक पहुंचाई होगी। शुरुआत में शक अदालत परिसर में मौजूद कुछ स्थानीय लोगों और चपरासियों पर गया था, लेकिन अब रिजवान की गिरफ्तारी के बाद साफ हो गया है कि धमकियों के पीछे उसी का हाथ हो सकता है। वह हमारे पास ही एक सीनियर एडवोकेट के चैंबर में आता था, हमारी हर गतिविधि की जानकारी उसे थी। सीनियर ने रिजवान को लेकर दी 3 अहम जानकारी… जानिए कुलभूषण भारद्वाज ने पाकिस्तान से धमकी को लेकर क्या कहा………… सदस्यता रद्द करने की मांग उठाई
सीनियर एडवोकेट अंजू रावत नेगी ने इस मामले को लेकर गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि पहले डॉक्टरों के पाकिस्तानी हैंडलर के साथ पकड़े जाने की खबरें आई थीं, अब वकील। यह बहुत खतरनाक ट्रेंड है। हम गुरुग्राम बार एसोसिएशन की अगली मीटिंग में इस मुद्दे को जोर-शोर से उठाएंगे। हमें एक ठोस प्लान बनाना होगा ताकि अदालत परिसर में बैठने वाले किसी भी व्यक्ति की पृष्ठभूमि की गहन जांच हो। अगर जरूरत पड़ी तो हम बार काउंसिल ऑफ हरियाणा से भी इसकी शिकायत करेंगे। अब जानिए जासूसी के आरोप मोहम्मद रिजवान खान के बारे में……. नूंह का रहने वाला गुरुग्राम में प्रैक्टिस: मोहम्मद रिजवान खान (28) गांव खरखड़ी, जिला नूंह का रहने वाला है। उसको नूंह पुलिस ने 24 नवंबर को गिरफ्तार किया। वह गुरुग्राम और सोहना कोर्ट में प्रैक्टिस करता था। केंद्रीय जांच एजेंसियों के इनपुट पर उसे पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया और सदर थाने में मामला दर्ज कर औपचारिक गिरफ्तारी की है। मोबाइल से डिजिटल सबूत मिले: वह अपने ससुराल गांव पिपका गांव से लौट रहा था, जब उसे पकड़ा गया। उसके फोन से वॉट्सऐप चैट्स, कॉल डिटेल और डिजिटल सबूत मिले हैं, जो पाकिस्तानी हेंडलर्स से संपर्क के बारे में हैं। एडवोकेट रिजवान और पंजाब के कारोबारी अजय अरोड़ा पर बीएनएस की धारा 113,3 BNS एक्ट,17 UAPA लगाई गई। ये आरोप लगे: पाकिस्तान की ISI के लिए जासूसी, हवाला चैनलों से धनराशि भारत लाना और संवेदनशील जानकारी साझा करना शामिल हैं। यह मेवात क्षेत्र में इस साल जासूसी करने को लेकर तीसरी ऐसी गिरफ्तारी है। इससे पहले मई में मोहम्मद तारीफ और अक्टूबर में अरमान को पकड़ा गया था। परिवार ने बेकसूर बताया: रिजवान के परिवार ने सभी आरोपों को खारिज किया है। उनका कहना है कि रिजवान सिर्फ पाकिस्तान में रिश्तेदारों से संपर्क में था, उसने कोई एंटी-नेशनल एक्टिविटी नहीं की है। हालांकि जांच टीमों ने उसके एक साथी वकील को भी डिटेन कर रखा है। ————————- ये खबर भी पढ़ें… हरियाणा में जासूसी में अरेस्ट एडवोकेट की कहानी:परदादा के भाई बंटवारे के बाद पाकिस्तान गए; जो दोस्त शक के दायरे में, उसका भाई फौजी हरियाणा के नूंह जिले से पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार किए गए एडवोकेट रिजवान के परिवार का हिस्सा पाकिस्तान में है। उसके परदादा के 2 भाई बंटवारे के वक्त
पाकिस्तान चले गए थे। जबकि परदादा भारत में ही रह गए। (पूरी खबर पढ़ें)