लुधियाना जिले में जगराओं के अनारकली बाजार में मंगलवार रात कानून-व्यवस्था चरमरा गई। दर्जनों बाइकों पर सवार 20 से 25 युवकों ने बाजार में घुसकर खुलेआम गुंडागर्दी की। करीब आधे घंटे तक बाजार में अफरा-तफरी मची रही। पुलिस घटना के काफी देर बाद मौके पर पहुंची। हमलावरों ने बेखौफ होकर ईंट-पत्थर फेंके, जिससे पूरे बाजार में भगदड़ मच गई। दुकानदार और ग्राहक अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते रहे। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि कई दुकानदारों को अपनी दुकानें बंद करनी पड़ीं। इस हमले में रोहित, उनके भाई और चाचा सिकंदर गंभीर रूप से घायल हो गए। सिकंदर के सिर पर ईंट लगने से गहरा घाव हो गया और वे खून से लथपथ सड़क पर गिर पड़े। उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दुकानों पर जमकर फेंके ईंट-पत्थर कमल दुप्पटा स्टोर के मालिक कमल कुमार ने बताया कि उनकी दुकान पर भी जमकर पत्थर फेंके गए। उन्होंने यह भी बताया कि बाजार में काम करने वाली लड़कियों ने डर के कारण शटर गिराकर अपनी जान बचाई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सड़क पर चारों तरफ ईंट-पत्थर बिखरे हुए थे और बाजार का दृश्य किसी दंगे जैसा लग रहा था। इस घटना के दौरान पुलिस की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। मौके पर मौजूद कांग्रेसी नेता परषोतम लाल खलीफा ने पुलिस पर निशाना साधते हुए कहा कि गुंडे आधे घंटे तक खुलेआम आतंक मचाते रहे, लेकिन पुलिस मीडिया के पहुंचने के बाद भी देर से आई। लड़की से छेड़छाड़ का मामला सूत्रों के अनुसार, इस गुंडागर्दी की वजह लड़की से छेड़छाड़ का मामला बताया जा रहा है। हालांकि, कानून को हाथ में लेने का यह तरीका शहर में बढ़ती अराजकता का खतरनाक संकेत है। घटना के बाद व्यापारियों में भारी रोष है। दुकानदारों ने चेतावनी दी है कि यदि दोषियों के खिलाफ तत्काल सख्त कार्रवाई नहीं की गई, तो वे बाजार बंद कर आंदोलन करेंगे।अनारकली बाजार की यह घटना पुलिस प्रशासन की नाकामी और शहर में बिगड़ती कानून-व्यवस्था का प्रमाण बन गई है।