बात अनमोल बहुत है, ये जिंदगी के लिए
बता रहा हूं फलसफा मैं हर किसी के लिए।
पोंछ सकते हो तो दुखियों के पोंछ लो आंसू
न जिएं आप फकत अपनी ही खुशी के लिए।। यह शायरी योगी सरकार के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बुधवार को बजट भाषण के दौरान पढ़ी। उन्होंने इन चार लाइनों में योगी सरकार की कार्यशैली सबके सामने रखी। खन्ना ने एक घंटा 17 मिनट में बजट पेश किया। 6 शायरी पढ़ी और सपा पर निशाना साधा। वे पिछली बार से 6 मिनट ज्यादा बोले। वित्त मंत्री ने पीएम मोदी और सीएम योगी के कुशल नेतृत्व का जिक्र किया। जिन योजनाओं का नाम मुख्यमंत्री से शुरू होता है, उनको छोड़ दिया जाए तो सुरेश खन्ना ने 7 बार सीएम योगी का जिक्र किया। तालियों की गड़गड़ाहट के बीच वह कई बार सदस्यों और सीएम योगी की तरफ देखते नजर आए। इस दौरान कई रोचक मोमेंट्स दिखे। योगी बजट भाषण की बुकलेट पढ़ते रहे। खन्ना की शायरी पर मेज थपथपा देते। मंत्री नरेंद्र कश्यप झपकी तो बलदेव सिंह औलख मूंछों पर ताव देते नजर आए। विपक्ष शांत रहा।
खन्ना ने यूपी और योगी सरकार की नीतियों का जिक्र शायराना अंदाज में किया। खन्ना ने बजट भाषण की शुरुआत प्रदेश के सर्वांगीण विकास, कानून व्यवस्था, रोजगार, महिला सशक्तिकरण, युवा-किसान और गरीबों की खुशहाली का जिक्र करते हुए किया। 1- हर वर्ग और हर क्षेत्र का विकास-
हमारे तेजस्वी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने कार्यकाल के पहले दिन से ही प्रदेश के हर वर्ग और हर क्षेत्र के विकास के लिए अथक परिश्रम किया है, और उनका यह संकल्प है- यही जुनून, यही ख्वाब मेरा है।
दिया जला के रोशनी कर दूं, जहां अंधेरा है।। 2- यूपी को आईटी हब बनाने के लिए शायरी पढ़ी- सितारा बनकर आसमां में वही चमकते हैं।
डुबो देते हैं, जो अपने आप को पसीने में।। 3- प्राचीन संस्कृतिक धरोहरों पर-
पिछली सरकारों के कार्यकाल में हमारी प्राचीन सांस्कृतिक और धार्मिक धरोहरों की घनघोर उपेक्षा की गई है। अब स्थिति बदल चुकी है। सीएम के मार्गदर्शन में हमने अपने सांस्कृतिक और धार्मिक धरोहरों का पुनरुत्थान किया है। इससे नए रोजगार सृजित हुए हैं। ये बात अलग है कि तुम ना बदलो, मगर जमाना बदल रहा है।
गुलाब पत्थर पर खिल रहा है, चिराग आंधी में जल रहा है।। 4- प्रदेश की जनजातियों के उत्थान पर-
प्रदेश की जनजनातियों के बारें में इससे पहले कभी नहीं सोचा गया। यह कहने में कोई हिचक नहीं है कि सदियों की रूढ़ियों को तोड़कर समाज को नई दिशा देना एक श्रमसाध्य और समसाध्य कार्य है। लेकिन दूरदृष्टि, दृढ़़संकल्प और अहर्निश श्रम से यह संभव हो रहा है। बड़े मुश्किल से कोई सुबह मुस्कुराती है
गम है कि शाम दबे पांव चली आती है।
वक्त लगता ही नहीं जिंदगी बदलने में
पर बदलने में वक्त जिंदगी लग जाती है।। 5- योगी मॉडल पर-
हमारी सरकार ने सीएम योगी के मार्गदर्शन में हर क्षेत्र मे सराहनीय कार्य किया है। जिसका सकारात्मक मूलयांकन देश की शीर्षस्थ संस्थाओं नीति आयोग, भारत रिजर्व बैंक और सीएजी द्वारा किया गया। यूपी के विकास और कानून व्यवस्था की सराहना सर्वत्र हो रही है। काबिले तारीफ है, अंदाज एक-एक काम का।
गा रहा है गीत यूपी योगीजी के नाम का।। ———————– यह खबर भी पढ़िए:- लड़कियों को शादी के लिए अब 1 लाख मिलेंगे:14 नए मेडिकल कॉलेज, 3 यूनिवर्सिटी खुलेंगी, 400 करोड़ की स्कूटी बांटेंगे; 10 लाख को रोजगार
योगी सरकार ने चुनाव से पहले अब तक का सबसे बड़ा बजट पेश किया। 9 लाख 12 हजार करोड़ का ये बजट पिछले साल से 12% ज्यादा है। इसमें शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, महिलाओं, इंफ्रास्टक्चर पर खास फोकस किया गया। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने 43 हजार करोड़ रुपए की नई योजनाएं शुरू करने का ऐलान किया। पढ़ें पूरी खबर…