“जज साहब, मेरी शादी को सात साल हो चुके हैं, लेकिन आज तक न तो मुझे पति का प्यार मिला और न ही मेरे भरण-पोषण का खर्च मिला है। मैं पवन सिंह के साथ रहना चाहती हूं। मेरे दर्द को नजरअंदाज किया जा रहा है। अगर वह साथ नहीं रहना चाहते हैं, तो मुझे 10 करोड़ रुपए मेंटेनेंस दिया जाए।” भोजपुरी स्टार पवन सिंह की पत्नी ज्योति सिंह ने आरा सिविल कोर्ट स्थित कुटुंब न्यायालय में ये बातें कहीं। ये जानकारी खुद ज्योति सिंह के वकील विष्णुधर पांडेय ने भास्कर से बातचीत में दी। दरअसल, तलाक से जुड़े इस मामले में कोर्ट में रिकॉन्सिलिएशन यानी सुलह की प्रक्रिया जारी है, ताकि दोनों पक्ष आपसी मतभेद को खत्म कर किसी समझौते पर मामला पहुंच सकें। इसी सिलसिले में ज्योति सिंह बुधवार को आरा सिविल कोर्ट पहुंची थीं। कोर्ट में ही ज्योति सिंह ने पवन सिंह का थोड़ी देर इंतजार किया। वो नहीं पहुंचे। थोड़ी देर बाद वे कोर्ट से भावुक होकर निकल गईं। पढ़िए कोर्ट में सुनवाई के दौरान क्या-क्या कहा… भास्कर से बातचीत में वकील ने बताया कि ज्योति सिंह ने जज से कहा, ‘मैं अपने पति के साथ ही रहना चाहती हूं।’ वकील के मुताबिक, ज्योति सिंह ने जज के सामने कोर्ट में कहा- मुझे हर सुनवाई पर सिर्फ अगली तारीख मिलती है। एक महिला होकर मैं हर तारीख पर खुद कोर्ट में उपस्थित होती हूं, लेकिन मेरे पति न तो कोई ठोस फैसला कर पा रहे हैं और न ही समय पर कोर्ट पहुंच रहे हैं।विक्रमगंज कोर्ट में सुनवाई का समय तय था, इसके बावजूद पवन सिंह वहां नहीं पहुंचे। अगर वे चाहते तो आ सकते थे, लेकिन मेरी खामोशी और दर्द को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है। यह कहते हुए ज्योति फूट–फूट कर रो पड़ीं। ज्योति ने जज से कहा, “सात साल के वैवाहिक जीवन में मुझे सिर्फ मानसिक पीड़ा और अनिश्चितता मिली है। न पति का साथ मिला, न सहारा और न ही कानूनी रूप से मिलने वाला कोई अधिकार। मैं हर बार सुलह और किसी ठोस फैसले की उम्मीद लेकर कोर्ट आती हूं, लेकिन बदले में सिर्फ इंतजार ही मिलता है।” वकील के मुताबिक, ज्योति सिंह ने अंत में हाथ जोड़कर सिर्फ एक ही मांग रखी- “माय लॉर्ड, मुझे बस इंसाफ चाहिए।’ वकील बोले- पवन सिंह का ब्लड प्रेशर बढ़ा ज्योति सिंह के वकील विष्णुधर पांडेय ने बताया, “आज कुटुंब न्यायालय ने सुलह के प्रयास के तहत पवन सिंह और ज्योति सिंह, दोनों को उपस्थित होने के लिए बुलाया था। ज्योति सिंह कोर्ट पहुंचीं, लेकिन पवन सिंह नहीं आए। उनके वकील की ओर से जानकारी दी गई कि पवन सिंह की तबीयत खराब है और उनका ब्लड प्रेशर बढ़ा हुआ है।” ज्योति सिंह के वकील ने बताया, “पवन सिंह की ओर से कोर्ट को सूचित किया गया कि वे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती हैं। हालांकि किस अस्पताल में भर्ती हैं, इसकी जानकारी नहीं दी गई। वीडियो कॉल के जरिए उनके एक साथी ने दिखाया कि वे अस्पताल के बेड पर हैं और उनका इलाज चल रहा है।” वकील ने आगे कहा, “ज्योति सिंह ने कोर्ट से स्पष्ट कहा कि वह अपने पति पवन सिंह के साथ रहना चाहती हैं। ओपन कोर्ट में इस पर कोई विस्तृत चर्चा नहीं हो सकी।” पवन सिंह ने 5 साल से पत्नी को नहीं दिया खर्च ज्योति सिंह के वकील ने कहा, “पिछले 4-5 सालों से ज्योति सिंह को न तो भरण-पोषण का खर्च मिला है और न ही कोई नियमित मेंटेनेंस। यहां तक कि इंटरिम मेंटेनेंस के लिए जो पिटीशन दायर की गई थी, उस पर भी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।” विष्णुधर ने जज से कहा- ज्योति सिंह को मेंटेनेंस और खर्च मिलना चाहिए। जज ने कहा- पहले दोनों पक्षों के बीच सुलह की संभावना पर विचार किया जाएगा। उसके बाद खर्च और मेंटेनेंस से जुड़ी प्रक्रिया पर निर्णय लिया जाएगा। वकील- पवन सिंह ज्योति सिंह का सामना करने से बचना चाहते हैं, इसलिए कोर्ट में पेश नहीं हुए। भगवान न करे कि अगली तारीख पर उनकी तबीयत फिर से खराब हो जाए। आज तो उनका तबीयत खराब था, देखा जाएगा कि 24 फरवरी को पवन सिंह आते है या फिर कोई दूसरा बहाना होगा। ज्योति सिंह- शादी के 7 साल हो चुके है। ना कहीं जा सकते हैं ना ही कोई काम कर सकते हैं। कही भी जाते हैं तो भीड़ जुट जाती है। दूसरे प्राइवेट कंपनी में काम करने जाते हैं तो वहां भी देखने के लिए भीड़ जुट जाती है। झारखंड, बिहार या पूर्वांचल समेत अन्य राज्यों में सभी लोग मुझे पवन सिंह के पत्नी के रूप में पहचानते हैं। मुझे आज काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। ज्योति सिंह मेंटली थक चुकी हैं भास्कर से बातचीत में वकील विष्णुधर पांडेय ने बताया, “ज्योति सिंह मेंटली थक चुकी है। जिसके कारण कोर्ट के सामने बहुत रो रही थी। सात साल बर्बाद हो गए, लेकिन आज भी न्याय की उम्मीद है।” उन्होंने कहा- इससे पहले दो तारीखों पर दोनों पक्ष उपस्थित नहीं हुए थे। अब 24 फरवरी को कोर्ट पवन सिंह और ज्योति सिंह से सीधे बात करेगा। अदालत यह समझने की कोशिश करेगी कि दोनों के बीच विवाद क्या है और क्या आपसी अनबन दूर की जा सकती है। अगर सुलह नहीं होती है, तो तलाक की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। संभव है कि 4 से 5 महीने के भीतर इस मामले में निर्णय आ जाए। पहली पत्नी ने 2015 में किया था सुसाइड बता दें कि पवन सिंह की पहली पत्नी नीलम सिंह ने साल 2015 में आत्महत्या कर लिया था। उसके बाद भोजपुरी सुपर स्टार पवन सिंह के अफेयर की चर्चा जाने-माने भोजपुरी अभिनेत्री अक्षरा सिंह के साथ होने लगी । लेकिन पवन सिंह ने उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के रहने वाले रामबाबू सिंह की बेटी ज्योति सिंह के साथ 7 मार्च 2018 को शादी की। इन्होंने बलिया के एक शंकर होटल से बड़े ही धूमधाम से शादी कर अपने फैंस को हैरत में डाल दिया था । लेकिन पवन की दूसरी शादी भी लंबे समय तक नहीं चल पाई । पवन सिंह पर मारपीट का आरोप पवन सिंह की दूसरी पत्नी ज्योति सिंह ने अपने पति पर बहुत गंभीर आरोप लगाा टुकी है। ज्योति सिंह ने कोर्ट में लिखित आवेदन में कहा है कि पवन सिंह शादी के एक महीने बाद से ही नशे में धुत होकर उनके साथ गाली –गलौज,मारपीट करने के साथ हमेशा प्रताड़ित करते थे। आवेदन में ज्योति ने कहा है कि उनके पति ने दो-दो बार गर्भपात कराया है। शादी के दो महीने के बाद से ही ज्योति सिंह अपने मायके बलिया रह रही है। ज्योति सिंह ने कुटुंब न्यायालय से अंतरिम भरण पोषण के लिए मांग की है।