‘मेरी बहन के पूरे शरीर पर खरोंच के निशान थे। उसे बहुत घसीटा गया था। किसी नोकदार हथियार से उसके पूरे शरीर पर वार किया गया। हम पुलिस और थाने का चक्कर लगा रहे हैं। वे हमसे ही पूछते हैं कि तुम्हारी बहन की मौत कैसे हुई, मां से पूछते हैं वो किससे बात करती थी। बताइए हमारी बहन की हत्या हुई, पुलिस अभी तक कुछ पता नहीं लगा पाई है।’ यह गुस्सा उस भाई का है, जिसकी बहन की मौत फुलवारीशरीफ स्थित एक कोचिंग संस्थान की बिल्डिंग से गिरने से हुई। उसे छत से फेंका गया या वो खुद कूदी, ये अभी तक पता नहीं चला पाया है। परिजन लड़की की हत्या किए जाने की बात कह रहे हैं। रेप की आशंका भी जता रहे हैं। जिस जगह यह घटना घटी वहां की क्या स्थिति है? कोचिंग संस्थान की इमारत में हर कहीं शराब की खाली बोतलें होने की बात कितनी सच है? परिजन क्या कहते हैं? दैनिक भास्कर की टीम मौके पर पहुंची, पढ़िए रिपोर्ट…। कोचिंग की छत पर मिली शराब की दर्जनों खाली बोतलें सबसे पहले भास्कर टीम फुलवारीशरीफ स्थित कोचिंग सेंटर पर पहुंची। इस 8 मंजिला इमारत से ही गिरकर छात्रा की मौत हुई थी। वह चौथे मंजिल से गिरी या छत से, यह भी अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। CCTV फुटेज में छात्रा के गिरते हुए का बीच का सीन दिखाई दिया है। हम पहली मंजिल से होते हुए सीधे छत पर गए। वहां हमें विदेशी शराब की खाली बोतलें, सिगरेट, कोल्ड ड्रिंक और प्लास्टिक के गिलास हर कहीं फेंके हुए मिले। शराब के दर्जनों पाउच फेंके गए थे। साफ लग रहा था कि यह शराबियों का अड्डा है। इमारत के अंदर भी हमें शराब की खाली बोतलें मिलीं। इसके बाद हम कोचिंग सेंटर पहुंचे। 8 मंजिल वाली बिल्डिंग में कोचिंग सेंटर फर्स्ट फ्लोर पर चलता है। अभी तक इस सवाल का जवाब नहीं मिल पाया है कि छात्रा जब फर्स्ट फ्लोर पर पढ़ती थी तो छत पर क्यों गई? उसके पीछे 2 लड़के भी जाते दिखाई दिए थे, लेकिन उनसे भी पुलिस अभी तक कुछ खास निकाल नहीं पाई है। जिसने मेरी बेटी को मारा, उसे बीच चौराहे पर मारी जाए गोली कोचिंग संस्थान की हालत देखने के बाद हम मृतक छात्रा के परिजनों से मिलने निकले। गांव पहुंचकर एक व्यक्ति से पूछा कि फुलवारीशरीफ में जो छात्रा मरी थी, उसका घर कहां है। उन्होंने बताया कि करीब 100 मीटर आगे जाइए। नया बना घर दिखेगा। दरवाजे पर गाय बंधी होगी। इसके बाद हम आगे बढ़े और पीड़ित परिवार के घर पहुंच गए। घर की हालत देखकर साफ पता चल रहा था कि इस परिवार ने बड़े जतन से अपनी बेटी को पढ़ने के लिए कोचिंग भेजा था। हमने मृतक बच्ची के पिता-मां और बड़े भाई से बातचीत शुरू की। सबसे पहले हम लड़की की मां से मिले। सदमे के चलते वह ठीक से बोल नहीं पा रही हैं। बेटी का जिक्र सुनते ही फूट-फूटकर रोने लगीं। कहा, ‘मेरी बेटी के साथ जो हुआ, किसी की बेटी के साथ नहीं हो।’ हमने पुलिस द्वारा की जा रही जांच के बारे में पूछा तो उनका गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने कहा, ‘हमलोगों को कोई सूचना नहीं दी गई है। हमसे सबूत मांगते हैं। हम कहां से लाएं? पुलिस क्या कर रही है? पुलिस अधिकारी बोल रहे हैं कि रिपोर्ट आएगी तो कार्रवाई करेंगे। मेरी बेटी तो पढ़ने गई थी। उसे छत से गिराकर मार दिया।’ आगे क्या चाहती हैं? सवाल सुनकर उन्होंने कहा, ‘मेरी बेटी को मार दिया गया। मैं उसके हत्यारे के लिए फांसी की सजा नहीं चाहती। जिस तरह मेरी बेटी को मारा है, उसे बीच चौराहे पर गोली मारिए ताकि मेरी बेटी के साथ जो हुआ किसी और की बेटी के साथ नहीं हो। मेरी बेटी तो चली गई।’ पुलिस ने जिन लड़कों को पकड़ा वे निर्दोष हैं, तो दोषी कौन? हमने मृतक लड़की के पिता से बात की। उन्होंने पुलिस द्वारा की जा रही जांच और इसके तरीके को लेकर नाराजगी जताई। कहा, ‘प्रशासन कह रहा है कि छानबीन कर रहे हैं। जो लड़के पकड़े गए, उनके बारे में इन लोगों ने कहा है कि वे निर्दोष हैं। तो दोषी कौन है? जब मेरी बच्ची कोचिंग के लिए गई, वह छत से गिरी। इसके बीच के समय में क्या हुआ? पुलिस अधिकारी हमसे पूछ रहे हैं कि बच्ची कैसे मरी। पता तो उन्हें लगाना चाहिए।’ हमने छात्रा के बड़े भाई से बात की। उन्होंने कहा, ‘घटना को हुए चार दिन हो गए। अभी तक पुलिस पता नहीं लगा पाई है कि किसने मेरी बहन को मारा। फुलवारीशरीफ के थानेदार ने बताया कि जिन लड़कों को पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ की उनसे कोई विशेष जानकारी नहीं मिली है।’ पुलिस की जांच पर सवाल उठाते हुए छात्रा के भाई ने कहा, ‘मेरी बहन के पूरे शरीर पर खरोंच के निशान थे। लग रहा था कि उसे बहुत अधिक घसीटा गया था। किसी नोकदार हथियार से उसके पूरे शरीर पर वार किया गया था।’ अब जानिए क्या कहते हैं पुलिस अधिकारी? इस मामले को लेकर हमने फुलवारीशरीफ थाना प्रभारी गुलाम शाहबाज आलम से बात की। उन्होंने कहा, ‘वहां पालीगंज निवासी एक गार्ड और अरवल व जहानाबाद के तीन कारपेंटर काम करते थे। उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ की गई है।’ पोस्टमार्टम रिपोर्ट में क्या आया है? इस सवाल पर थाना प्रभारी ने कहा, ‘पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कई जगहों पर इंजरी की बात लिखी गई है।’ कारण पूछने पर उन्होंने बताया, ‘कई जगह की हड्डी टूट गई थी। कई जगह चोट के गहरे निशान की बात पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आई है। शरीर पर जो इंजरी के निशान देखे गए हैं, वह ऊंचाई से गिरने के चलते भी हो सकते हैं। अब एफएसएल रिपोर्ट से स्थिति ज्यादा साफ होगी।’ क्या है मामला, अब तक क्या हुआ? 12 फरवरी को फुलवारीशरीफ एम्स के आर्यभट्ट छात्रावास के पास स्थित फंडामेंटल कोचिंग में छात्रा की गिरने से मौत हुई। कहा गया कि छात्रा चौथे फ्लोर से गिरी। छात्रा सुबह 7:45 बजे घर से कोचिंग के लिए निकली थी। करीब 9 बजे परिजनों को उसकी मौत की सूचना मिली। कोचिंग संचालक रूपेश कुमार ने कहा कि गार्ड के शोर मचाने पर छात्रा को एक राहगीर की कार से एम्स ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। गार्ड सुरेंद्र चौधरी ने बताया कि वह सुबह करीब 8:30 बजे धूप में बैठा था। तभी अचानक छात्रा नीचे गिर गई। पुलिस ने सुजीत कुमार, विक्की कुमार, नितीश कुमार और गार्ड सुरेंद्र चौधरी को हिरासत में लिया है। सुजीत सीसीटीवी फुटेज में छात्रा के पीछे जाते दिखा। परिजनों ने जताई दुष्कर्म की भी आशंका मृतका के पिता ने बताया कि शुरुआत में उन्हें हादसे की आशंका लगी। घटनास्थल पर खून नहीं था। लेकिन अंतिम संस्कार की तैयारी के दौरान शरीर पर चोट और नुकीले वस्तु के निशान दिखे। इसके बाद हत्या की आशंका गहरी हो गई। मृतका के भाई ने आरोप लगाया कि कोचिंग मैनेजमेंट सही जवाब नहीं दे रहा है। उसने कहा कि बहन की हत्या हुई है। रेप की आशंका से भी इनकार नहीं किया जा सकता। सीसीटीवी फुटेज में क्या दिखा? कोचिंग के सीसीटीवी फुटेज में छात्रा सफेद कपड़ों में सीढ़ियों से ऊपर जाती दिखी। उसके पीछे एक युवक जाता नजर आया। कुछ देर बाद दूसरा युवक भी ऊपर जाता दिखा। इसके बाद छात्रा को नीचे गिरते देखा गया। दोनों युवक सीढ़ियों से नीचे लौटते दिखे। वे नीचे देखकर रुकते हैं और फिर भागते नजर आते हैं। कोचिंग छात्रा के छत से गिरने का सीन रीक्रिएट करेगी पुलिस छात्रा की मौत के मामले में पुलिस अब सीन रिक्रिएशन करेगी। सूत्रों के अनुसार पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में रेप या यौन हिंसा की पुष्टि नहीं हुई है। हालांकि मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा अभी नहीं हुआ है। पुलिस एफएसएल की रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। पुलिस के अनुसार, जांच का मुख्य बिंदु यह है कि छात्रा स्वयं छत से गिर गई या उसे किसी ने धक्का दिया।