सिरसा में परिजनों के इनकार पर युवती पहुंची थाने:PM बाल पुरस्कृत छात्र रेप केस, शादी का झांसा देकर शोषण; दोनों सहपाठी रहे

सिरसा जिले के डबवाली क्षेत्र के रहने वाले एवं पीएम से सम्मानित छात्र पर रेप आरोप में कई अहम तथ्य जांच में सामने आए हैं और एफआईआर सामने आई है। जिसमें गंभीर आरोप हैं, पुलिस ने आरोपी पक्ष से छात्र से भी पूछताछ की और जांच रिपोर्ट तैयार की जा रही है। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि छात्र और युवती दोनों पहले एक ही स्कूल में पढ़ते थे। इसी दौरान दोनों का आपस में संपर्क बढ़ गया। जानकारी के अनुसार, छात्र और युवती की उम्र में करीब दो साल का अंतर है। एक ही स्कूल में पढ़ने के चलते दोनों की पहले बातचीत होने लगी और बातचीत होने से नजदीकियां बढ़ गई। इस बात का छात्र और युवती के घरवालों को पता चल गया और दोनों की शादी करवाने का आश्वासन दिया। युवती छात्र के परिजनों के कहे अनुसार उनके साथ और उसी के घर पर रहने लगी। आरोप है कि शादी का झांसा देकर उसे लिव-इन-रिलेशनशिप में रखा और उसके साथ कई बार मानसिक व शारीरिक शोषण किया। अब परिजन अपनी बातों से मुकर गए और शादी कराने से मना कर दिया है, जिससे वह परेशान हो चुकी है। पुलिस ने पीड़िता के बयान पर कार्रवाई करते हुए केस दर्ज कर जांच शुरू की और डीएसपी इसकी जांच कर रहे हैं। वहीं आरोपी छात्र युवक प्रधानमंत्री बाल पुरस्कार विजेता है। सिलसिलेवार पढ़िए पूरा मामला डबवाली की एक 21 वर्षीय युवती ने शिकायत में 19 वर्षीय युवक पर लिव-इन पार्टनर और उसके परिवार पर शारीरिक, मानसिक प्रताड़ना और रेप के गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोप है कि शादी का झांसा देकर उसे लिव-इन रिलेशनशिप में रखा गया और लगातार उसका शोषण किया गया। युवती ने बताया कि बीते वर्ष जून 2025 में वह लिखित सहमति के आधार पर 19 वर्षीय तनिश के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रहने लगी थी। आरोप है कि तनिश और उसके माता-पिता ने उसे मानसिक व शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया और कई बार उसकी इच्छा के विरुद्ध संबंध भी बनाए। पीड़िता ने बताया कि जब उसने तनिश के माता-पिता से इसकी शिकायत की, तो उन्होंने शादी का हवाला देकर उसे चुप रहने को कहा। युवती का यह भी आरोप है कि विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई और जातिसूचक शब्द कहकर अपमानित किया गया। इस मामले में आरोपित परिवार ने आरोपों को बदनाम करने की साजिश बताया है। उनका कहना है कि लिव-इन रिलेशनशिप में रहना और झगड़ा करना युवती ने ही शुरू किया था। परिवार ने जांच में सहयोग करने की बात कही है। कोविड के दौरान पीएम ने किया सम्मानित उल्लेखनीय है कि आरोपी तनिश को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोविड के दौरान 2021 में पीएम राष्ट्रीय बाल पुरस्कार से सम्मानित किया था। उस समय वह सिरसा के एक स्कूल में दसवीं कक्षा का छात्र था। वर्तमान में तनिश अपनी कंपनी बनाकर काम करता है और इंजीनियरिंग के क्षेत्र में अध्ययनरत है, जबकि युवती मेडिकल उच्च शिक्षा प्राप्त कर रही है। दोनों के परिजन राजकीय टीचर हैं। मामले की जांच जारी- डीएसपी मामले में डीएसपी हेडक्वार्टर कपिल अहलावत का कहना है कि पीड़िता की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच निरंतर जारी है और साक्ष्यों के आधार पर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

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