गोरखपुर में आज से सीबीएसई का बोर्ड एग्जाम शुरू है। ऐसे में स्टूडेंट्स को किस तरह प्रेशर फ्री होकर एग्जाम देना चाहिए और एग्जाम से ठीक पहले क्या करना चाहिए इसकी जानकारी दी साइकोलॉजिस्ट डॉ. अमित शाही ने। उन्होंने बताया- बोर्ड एग्जाम के प्रेशर से तमाम बच्चे अच्छा परफॉर्म नहीं कर पाते हैं। जिसके बाद उन्हें रिजल्ट खराब होने का डर सताने लगता है या फिर अक्सर पहले से पढाई न करने वाले स्टूडेंट अचानक एग्जाम आ जाने से तनाव महसूस करते हैं। जिससे छुटकारा पाने के लिए अक्सर वे सुसाइडल अटेम्प्ट करने की कोशिश करते हैं या डिप्रेशन में चले जाते हैं। उनका कहना है कि बोर्ड एग्जाम के समय अक्सर ऐसा केस देखने को मिलता है। जब बच्चा एग्जाम का प्रेशर झेल नहीं पाता है। उन्होंने इससे बचने के लिए कुछ जरुरी उपाय भी बताएं। साथ ही सरकार की ओर से जारी हेल्पलाइन नंबर के इस्तेमाल का भी सलाह दिया। घर में रखें खुशनुमा माहौल
डॉ. शाही ने बताया कि इस समय पेरेंट्स को बच्चों पर खास ध्यान देना चाहिए। सबसे पहले उन्हें कभी भी इस चीज के लिए प्रेशराइज नहीं करना चाहिए कि तुम्हें टॉप ही करना है। नहीं तो वे शून्य हो जाएंगे, समाज में बदनामी होगी। इन सब मानसिक तनाव से बच्चों को फ्री रखना चाहिए। घर में खुशनुमा माहौल बनाए रखें। बच्चे के पीठ पीछे भी ऐसी बात नहीं करनी चाहिए जिसे वे गलती से भी सुन न लें और दबाव महसूस करने लगें। प्रॉपर नींद और खाने- पीने पर दें ध्यान
सबसे जरुरी बात यह है कि उन्हें बोर्ड एग्जाम से ठीक पहले तो सिर्फ इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि बच्चा प्रॉपर नींद लें, हेल्दी खाना खाए, उसे किसी भी भी तरह का कहीं से भी प्रेशर न मिले। जितना पढ़ाई किया है, उसी का रिवीजन अच्छे से करवाया जाए। एग्जाम से एक रात पहले जग कर पढ़ाई बिल्कुल नहीं करना चाहिए क्योंकि सबसे जरुरी भरपूर नींद है। जब नींद पूरी नहीं होगी तो आता हुआ आंसर भी अच्छे से पूरा नहीं हो पाएगा। मन शांत रखें स्टूडेंट्स
उन्होंने बताया कि स्टूडेंट्स को हमेशा अपने पर विश्वास रखना चाहिए। ये सोचें कि जितना अभी तक आपने पढ़ाई की है वह पर्याप्त है। अपने मन को शांत रखें। क्योंकि अशांत मन से पढ़ा हुआ आंसर भी अच्छे से नहीं लिख पाएंगे। एक से दो घंटे करें रिवीजन
नहीं पढ़ पाएं हैं तो घर वाले क्या कहेंगे, लोग क्या कहेंगे, बेज्जती होगी यह सब विचार मन में न लाएं। यह सब कुछ होता नहीं है। जितना भी पढ़े हैं उसे रिवाइज करें। उसमें ही अच्छा करें। साथ ही कोई भी प्रश्न न छोड़ें, जो आता है, जितना आता है उसे लिख कर दें। ‘रिजल्ट अच्छा बनेगा’ का रखें खयाल
इसके साथ ही स्टूडेंट्स को हमेशा इस बात को ध्यान में रखना होगा कि उनका रिजल्ट अच्छा बनेगा। पॉजिटिव सोचेंगे तो अच्छा कर पाएंगे। कभी भी नेगेटिव विचार मन में नहीं लाना है। हेल्पलाइन नंबर पर करें कॉल
उन्होंने बताया कि किसी तरह की समस्या या प्रेशर महसूस होने पर भारत सरकार के ‘डेली मानस’ नंबर 14416 पर 24 घंटे, सातो दिन कॉल करके काउंसलिंग कर सकते हैं। इसके अलावा हॉस्पिटल में आकर साइकेट्रिस्ट से परामर्श ले सकते हैं। मनकक्ष के 9336929266 नंबर पर भी फोन करके परेशानी दूर कर सकते हैं।