भास्कर न्यूज | जालंधर गांव फोल्ड़ीवाल क्षेत्र में पुलिस की सीआईए स्टाफ टीम पर बंबीहा गैंग के शूटरों ने अचानक फायरिंग की, जिससे इलाके में तनाव फैल गया। घटना के दौरान गैंग के सदस्य बंबीहा और कौशल चौधरी फरार होने में सफल रहे। मुख्य आरोपी नरिंदर धीर उर्फ आकाश, निवासी गांव गढ़ी अजीत सिंह (नवांशहर), बाइक पर भागते समय फिसल गया और घायल हो गया। उसे तुरंत नजदीकी सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने उसके पास से एक पिस्टल बरामद की और थाना सदर में आरोपी के खिलाफ इरादा-ए-कत्ल का मामला दर्ज किया। सीपी धनप्रीत कौर ने बताया कि सीआईए स्टाफ के इंचार्ज सुरिंदर कुमार को सूचना मिली थी कि बंबीहा ग्रुप का एक शूटर शहर में देखा गया है। इसके बाद टीम ने गांव फोल्ड़ीवाल में नाकाबंदी की। बाइक सवार संदिग्ध को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन उसने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी और भागने लगा। पीछा करने पर उसकी बाइक फिसल गई, जिससे वह घायल हो गया। पुलिस ने मौके पर उसे काबू कर लिया और स्थिति नियंत्रण में आ गई। शूटर आकाश ने माना कि उस पर पहले ही एक कत्ल तो दूसरा इरादा-ए-कत्ल का केस चल रहा है। बेल मिलने के बाद वह भगोड़ा हो गया था। यूरोप में बैठे गुरदीप के जरिए वह गैंगस्टर कौशल चौधरी व बंबीहा ग्रुप में शामिल हुआ था। उसे गुरदीप ने कहा था कि जिम ट्रेनर की हत्या करनी है। इस काम के लिए पहले तीन और साथी अमृत निवासी फिल्लौर, ओंकार सिंह उर्फ गोलू व प्रिंस दोनों वासी कपूरथला, और गुरप्रीत सिंह उर्फ गुरी निवासी फगवाड़ा तैयार किए गए थे। बीते साल 31 जनवरी की खरड़ में उसने अपनी गैंग के साथ मिलकर जिम ट्रेनर गुरप्रीत सिंह की गोलियां मार कर हत्या कर दी थी। वह लोग हिमाचल चले गए थे। वहां पर रेड हो गई तो उसके तीन साथी पकड़े गए थे। वह भाग निकला था। वह सीधा महाराष्ट्र गया। उसे महज 25 हजार रुपए ही दिए गए थे। फिर उसे छुपने के लिए खर्चा पानी मिलता था। इसी साल जनवरी महीने में वह पंजाब लौट आया था। उसी ने लुधियाना में एक कार डीलर पर फायरिंग की थी। उसने ही कौशल से 2 करोड़ की रंगदारी मांगी थी, लेकिन उसने पैसे नहीं दिए थे। उसे डरवाने के लिए फायरिंग करवाई गई थी। उसे लालच दिया गया था। मोटी रकम मिलेगी।