हरियाणा के झज्जर जिले के गांव मांडोठी के नवनीत दलाल व सुबाना गांव की बेटी पूजा की शादी समाज में एक मिशाल पेश करने जा रही है। दोनों आज शादी के पवित्र बंधन में बंधने जा रहे हैं। वहीं दोनों पूजा के ससुराल पक्ष की ओर से दहेज के बिना शादी करने की शर्त पर रिश्ता तय किया था। समाज में दहेज प्रथा के खिलाफ एक सराहनीय पहल करते हुए मांडोठी निवासी नवनीत दलाल और सुबाना गांव की पूजा मल्हान आज बिना दहेज के वैवाहिक बंधन में बंधेंगे। यह शादी न केवल दोनों परिवारों के लिए खुशी का अवसर है, बल्कि पूरे क्षेत्र में एक प्रेरणादायक उदाहरण के रूप में देखी जा रही है। भाजपा में मंडल महामंत्री हैं हरेंद्र मल्हान
जानकारी के अनुसार, पूजा के पिता हरेंद्र मल्हान, जो खेती-बाड़ी से जुड़े हैं और भारतीय जनता पार्टी के सुबाना मंडल में महामंत्री के पद पर कार्यरत हैं, ने बताया कि उनकी बेटी की शादी पिछले साल जून में तय हुई थी। उस समय नवनीत दलाल के परिवार की ओर से स्पष्ट शर्त रखी गई थी कि शादी पूरी तरह बिना दहेज के ही होगी। लड़का पक्ष ने दहेज न लेने की शर्त पर किया रिश्ता
हरेंद्र मल्हान ने बताया कि उन्होंने अपनी बेटी को अपनी इच्छा से कुछ सामान देने की बात कही थी, लेकिन नवनीत के पिता नरेंद्र दलाल ने साफ मना कर दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि अगर रिश्ता करना है तो बिना किसी दहेज या सामान के ही शादी होगी। इस सोच ने हरेंद्र और उनके परिवार को प्रभावित किया और उन्होंने इस शर्त को सहर्ष स्वीकार किया। आज मांडोठी से बारात सुबाना गांव पहुंचेगी, जहां दोनों का विवाह पूरे रीति-रिवाजों के साथ संपन्न होगा। इस अवसर पर गांव और आसपास के क्षेत्र के लोग भी इस शादी को देखने और नवदंपति को आशीर्वाद देने के लिए उत्साहित हैं। DRDO में नौकरी करते हैं नवनीत
नवनीत दलाल वर्तमान में रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) में व्हीकल मैकेनिक के पद पर कार्यरत हैं। उनके पिता नरेंद्र दलाल दिल्ली पुलिस में एएसआई के पद पर सेवाएं दे रहे हैं।
वहीं, पूजा मल्हान ने एमए की पढ़ाई पूरी कर ली है और वर्तमान में बीएड की पढ़ाई कर रही हैं। वह पढ़ाई के साथ-साथ अपने परिवार की जिम्मेदारियों में भी सहयोग करती रही हैं। गांव समाज में हो रही चर्चा
इस विवाह समारोह में कई गणमान्य लोगों को भी आमंत्रित किया गया है। विशेष रूप से ओम प्रकाश धनखड़, जो भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय सचिव हैं, को भी निमंत्रण भेजा गया है।
गांव और क्षेत्र के लोगों का कहना है कि यह शादी समाज के लिए एक मिसाल बनेगी और दहेज प्रथा जैसी कुरीतियों को समाप्त करने की दिशा में एक मजबूत संदेश देगी। बिना दहेज के हो रही यह शादी लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है और सभी नवदंपति के उज्ज्वल भविष्य की कामना कर रहे हैं।