कुरुक्षेत्र में हरियाणा प्रदेश के 10 किसान संगठनों का 3 दिन का महापड़ाव का कार्यक्रम रखा गया है। आज सुबह किसान पहले कुरुक्षेत्र के ताऊ देवीलाल पार्क में इकट्ठा हुए और उसके बाद पैदल रोष मार्च करते हुए कुरुक्षेत्र में सीएम आवास कार्यालय से पहले जिंदल चौक के पास पहुचे तो पुलिस ने उन्हें रोक लिया। पुलिस द्वारा जिंदल चौक पर बैरिकेडिंग की गई थी और मौके पर भारी पुलिस बल भी तैनात किया गया है। जब हजारों की संख्या में किसान संगठन इस बैरिकेडिंग के पास पहुंचे तो पुलिस ने उन्हें आग नहीं जाने दिया तो किसान वहीं सड़क पर बैठ गए और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की है। बात दें कि किसानों का 3 दिन का महापड़ाव कुरुक्षेत्र में ही रहेगा। किसानों का कहना है कि अगर उनसे यहां पर कोई अधिकारी बातचीत करने के लिए आता है तो ठीक है वरना आगे की रणनीति बनाकर आदंलोन को मजबूत किया जाएगा। लोकतांत्रिक तरीके से लड़ रहे लड़ाई
भारतीय किसान यूनियन शहीद भगत सिंह के प्रधान अमरजीत सिंह मोहड़ी कहा कि उनका आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहेगा और वे अपने हक की लड़ाई लोकतांत्रिक तरीके से लड़ रहे हैं। किसान अपने साथ खाने-पीने का सामान लेकर पहुंचे हैं और मौके पर ही डेरा डाल दिया है। उनका कहना है कि जब तक मांगों पर ठोस आश्वासन नहीं मिलता, धरना जारी रहेगा। कोई प्रतिनिधी बातचीत के लिए नहीं आया
रोहतक से आए किसान नेता अशोक बलारा ने कहा कि अब तक कुरुक्षेत्र स्थित सीएम आवास की ओर से न तो कोई प्रतिनिधि बातचीत के लिए आया है और न ही कोई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचा है। ये है मुख्य मांगे
किसान नेता मनदीप सिंह सिरसा ने कहा कि हमारी मुख्य मांगे अमेरिका-भारत के बीच हुए ट्रेड डील को खत्म करना, कृषि बिजली बिल माफी, फसल खराबे के मुआवजे और अन्य मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार यदि जल्द वार्ता नहीं करती तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। भारी पुलिसबल तैनात
वहीं किसानों के धरने को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने पुख्ता इंतजाम किए हैं। भारी पुलिसबल तैनात किया गया है और आसपास के इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। हालांकि स्थानीय लोगों को यातायात और आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।