किसानों से यूरिया खाद की निर्धारित कीमत से अधिक वसूली की शिकायत के बाद जिला कृषि विभाग ने सख्ती दिखाते हुए जांच टीम गठित की है। इसी क्रम में अनुमंडल कृषि पदाधिकारी बेबी कुमारी जलालगढ़ पहुंचीं और सृष्टि खाद बीज भंडार सहित कई दुकानों की जांच की। जांच के दौरान किसान रमन कुमार ने लिखित आवेदन देकर आरोप लगाया कि उनसे 45 किलो यूरिया खाद के लिए ₹340 लिए गए। साथ ही ₹200 कीमत का मुक्ता पाउडर जबरन खरीदने के लिए बाध्य किया गया। अनुमंडल कृषि पदाधिकारी बेबी कुमारी ने बताया कि मामले की विस्तृत जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट जिला कृषि पदाधिकारी को सौंपी जाएगी, जिसके बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। 12 से अधिक दुकानों की जांच जांच अभियान के दौरान जलालगढ़ में एक दर्जन से अधिक खाद, बीज एवं कीटनाशक दुकानों के कागजातों की जांच की गई। जांच में पाया गया कि कई दुकानें केवल आवेदन और चालान जमा करने के आधार पर संचालित हो रही थीं। जांच में यह भी सामने आया कि कुछ दुकानदारों के पास खाद का लाइसेंस होने के बावजूद वे पेस्टीसाइड बेच रहे थे, जबकि उनके पास संबंधित लाइसेंस नहीं था। वहीं, कुछ दुकानदार बीज लाइसेंस के आधार पर कीटनाशक और दवाओं की बिक्री करते पाए गए। लाइसेंस बनने तक दुकान संचालन पर निर्देश अनुमंडल कृषि पदाधिकारी ने सभी दुकानदारों को स्पष्ट निर्देश दिया कि वैध लाइसेंस प्राप्त करने के बाद ही दुकान का संचालन करें। जांच के दौरान वैशाली बीज भंडार, कृषि बाजार, शंकर बीज भंडार, सरोज बीज, विश्वास खाद बीज भंडार और कुशवाहा खाद बीज भंडार सहित अन्य दुकानों के लाइसेंस की जांच की गई। जिन दुकानदारों के पास वैध लाइसेंस नहीं पाए गए या जो जांच के दौरान लाइसेंस प्रस्तुत नहीं कर सके, उनसे स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।