गया जंक्शन को रेलवे डिवीजन का दर्जा देने और अन्य रेल सुविधाओं की मांग को लेकर कांग्रेस पार्टी के नेताओं, कार्यकर्ताओं और गयावासियों ने आज जंक्शन परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के नाम का ज्ञापन भेजा। इसमें गया जंक्शन को रेलवे डिवीजन घोषित करने और यहां डीआरएम कार्यालय खोलने की मांग की गई। अपनी मांगों को केंद्र सरकार तक पहुंचाने के लिए ईमेल और सोशल मीडिया का भी उपयोग किया गया। धरना कार्यक्रम में बिहार प्रदेश कांग्रेस कमिटी के प्रदेश प्रतिनिधि सह प्रवक्ता विजय कुमार मिट्ठू, पूर्व विधायक मोहम्मद खान अली, जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष राम प्रमोद सिंह, बाबूलाल प्रसाद सिंह, दामोदर गोस्वामी, विपिन बिहारी सिन्हा, राजीव कुमार सिंह उर्फ लबी सिंह, सुनील कुमार पासवान, धर्मेंद्र कुमार निराला, शिव कुमार चौरसिया, युगल किशोर सिंह, विद्या शर्मा, विशाल कुमार, टिंकू गिरी और हितेंद्र नाथ चक्रवर्ती सहित कई नेता व कार्यकर्ता मौजूद थे। ये पूर्व मध्य रेलवे का एक महत्वपूर्ण स्टेशन धरना को संबोधित करते हुए नेताओं ने कहा कि गया जंक्शन पूर्व मध्य रेलवे का एक महत्वपूर्ण स्टेशन है। इसे वर्ल्ड क्लास स्टेशन के रूप में विकसित किया जा रहा है, लेकिन सभी आवश्यक योग्यताएं होने के बावजूद इसे सालों से रेलवे डिवीजन का दर्जा नहीं मिला है। इससे मध्य बिहार के लोगों में निराशा है। नेताओं ने बताया कि गया एक पुराना और अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त धार्मिक और पर्यटन नगरी है। यहां हर साल देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु पिंडदान और पर्यटन के लिए आते हैं। विश्व प्रसिद्ध बौद्ध तीर्थ स्थल बोधगया भी गया जिले में स्थित है, जिससे यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। उन्होंने यात्रियों की सुविधा के लिए गया से मुंबई, अहमदाबाद, पुरी और हैदराबाद के लिए सीधी ट्रेन सेवा शुरू करने की मांग की। साथ ही चाकन्द, काष्ठा, मानपुर, ईश्वर चौधरी हॉल्ट, बंधुआ, पैमार और करजरा जैसे आसपास के रेलवे स्टेशनों के समुचित विकास की भी मांग उठाई। उन्होंने कहा कि गया जंक्शन से चाकन्द, इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट बोधगया, मगध यूनिवर्सिटी बोधगया और सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ़ साउथ बिहार तक रिंग बस सेवा शुरू की जानी चाहिए, जिससे छात्रों और यात्रियों को सुविधा मिल सके। रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण कराने की मांग की धरना के दौरान नेताओं ने यह भी मांग उठाई कि लंबे समय से लंबित रसलपुर रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण काम जल्द पूरा किया जाए। इसके अलावा बागेश्वरी रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण काम शीघ्र शुरू करने और कटारी, मानपुर और टनकुप्पा में भी रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण कराने की मांग की गई। प्रदर्शनकारियों ने यह भी कहा कि पिछले छह साल से वरिष्ठ नागरिकों, पत्रकारों और खिलाड़ियों को मिलने वाली रेल किराया रियायत बंद है, जिसे तत्काल बहाल किया जाना चाहिए। इसके साथ ही गया शहर की प्रमुख सड़कों के किनारे रेलवे की खाली पड़ी जमीन पर पार्किंग, मॉल और व्यावसायिक केंद्र विकसित करने की मांग भी रखी गई। धरना-प्रदर्शन समाप्त होने के बाद प्रतिनिधिमंडल ने गया स्टेशन अधीक्षक विनोद कुमार सिंह से मुलाकात कर उन्हें रेल मंत्री के नाम ज्ञापन की एक प्रति सौंपी और मांगों पर जल्द सकारात्मक कार्रवाई करने की अपील की।