फरीदकोट शहर से गुजर रही नहरों पर अवैध माइनिंग का मामला सामने आया है। राजस्थान नहर व सरहिंद नहर की पटरी पर यह खेल कई सालों से चल रहा है। शनिवार आधी रात को जल जीवन बचाओ मोर्चा की अगुवाई में समाजसेवी मौके पर पहुंचे और मामले का खुलासा किया। इसके बाद पुलिस ने मौके से मिट्टी से भरे दो टिप्परों, एक पोकलेन मशीन समेत अन्य सामान को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। बिना अनुमति के टिप्परों में भरी जा रही थी मिट्टी जानकारी के मुताबिक मोर्चा को क्षेत्र के कुछ लोगों ने सूचित किया था कि जोड़ी नहरों की पटरी पर रात के समय अवैध माइनिंग की जा रही है। इस पर मोर्चा के कन्वीनर शंकर शर्मा ,शरणजीत सिंह सरां, आम आदमी पार्टी नेता जगजीत सिंह जग्गी समेत अपने कुछ साथियों के साथ रात के मौके पर पहुंचे, जहां उन्होंने देखा कि टिप्परों में मिट्टी भरी जा रही थी, जिसे कोटकपूरा की किसी कॉलोनी में भराव के लिए ले जाया जा रहा था। जब टिप्पर चालकों से पूछताछ की गई तो सामने आया कि उनके पास मिट्टी निकालने संबंधी कोई अनुमति नहीं थी और न ही किसी सरकारी विभाग से मंजूरी ली गई थी। इसके बाद पुलिस को बुलाया गया और टिप्परों व अन्य साजो सामान को को कब्जे में ले लिया। माइनिंग के दौरान कुछ पेड़ों को भी उखाड़ा गया है: समाजसेवी समाजसेवी शंकर शर्मा,शरणजीत सिंह सरां व अन्य ने आरोप लगाया कि माइनिंग के दौरान कुछ पेड़ों को उखाड़ा गया है और कुछ को आग भी लगाई गई है। उन्होंने प्रशासन से मामले में सख्त कार्रवाई की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि पुलिस प्रशासन ने इस मामले में ठोस कार्रवाई नहीं की, तो वे अन्य संगठनों के साथ मिलकर संघर्ष करने को मजबूर होंगे।