भास्कर न्यूज | अमृतसर निगम प्रशासन श्री दरबार साहिब के आसपास अवैध अतिक्रमण को लेकर पूरी तरह से सख्त हो चुका है। अवैध अतिक्रमण मिलने पर पहली बार में 2 हजार, दूसरी बार में 3 हजार और तीसरी बार 5 हजार जुर्माना लगाया जाएगा। दरअसल, दुकानदार दुकानों की सीमा लांघकर फुटपाथ और मुख्य सड़कों पर सामान सजा लेते हैं, जिससे न केवल ट्रैफिक जाम की स्थिति बनती है, बल्कि पैदल चलने वाले श्रद्धालुओं को असुविधा का सामना करना पड़ता है। अभियान चलाने के बाद यदि दुकानें हटा भी दी गई तो दोबारा से कब्जा कर लिया जाता है जिसे देखते हुए अब यह सख्त कदम उठाया गया है। निगम कमिश्नर और मेयर ने पंजाब म्युनिसिपल एक्ट 1976 की विभिन्न धाराओं (246-ए, 247, 248 और 400) के तहत सख्त कार्रवाई के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। एस्टेट अफसर द्वारा तैयार रिपोर्ट में स्पष्ट किया गया है कि अब केवल नोटिस से काम नहीं चलेगा बल्कि नियम तोड़ने वालों पर जुर्माना भी लगाया जाएगा। नोटिस के बावजूद दुकानदार सड़क से अपना सामान नहीं हटाते हैं तो जुर्माना राशि वसूली जाएगी। इसके बाद भी नियम तोड़ा तो दुकानें सील कर दी जाएंगी। निगम प्रशासन का मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है। तीसरी बार 5 हजार जुर्माना देना पड़ेगा। अतिक्रमण करने वाले किसी भी दुकानदार के लिए यह अंतिम चेतावनी होगी। इसके बाद भी नियमों का उल्लंघन किया तो सीधे दुकान सील कर दी जाएगी। वहीं, कार्रवाई के दौरान टीमों से या अफसर से उलझे तो एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। शहर में अवैध निर्माणों पर कार्रवाई के लिए एमटीपी विभाग 20 लाख रुपए से अत्याधुनिक मशीनरी खरीदेगा। विभाग का मानना है कि निर्माण की तकनीक बदल गई हैं लेकिन उन्हें ढहाने के लिए अभी भी पुराने संसाधन हैं। अब नई तकनीक वाली मशीनें खरीदने की मंजूरी मिल चुकी है, जिससे अवैध निर्माणों को तेजी से गिराया जा सकेगा और समय की बचत के साथ ही एमटीपी विभाग की कार्यक्षमता भी बढ़ेगी। एमटीपी विभाग आरसीसी स्लैब और दीवार काटने के लिए 5 इलेक्ट्रिक मोटर वाले कटर, 2 इलेक्ट्रिक जनरेटर, 5 फुट के 10 सब्बल, लोहे के 10 बड़े हथौड़े, 100 किलो रस्सा, 50 दस्तानों की जोड़ी, 50 हेलमेट, 40 जैकेट और 5 बंडल बिजली के तार खरीदेगा।