महिला आरक्षण बिल और परिसीमन को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर काउंटर अटैक किया है। बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राजेश राम ने कहा कि महिला आरक्षण बिल को आगे करके परिसीमन का खेल खेला गया है। इसे आगे करके प्रधानमंत्री खुद पकड़े गए। केंद्र की सरकार विफल रही है। पीएम मोदी ने इस महिला बिल को लाने को लेकर भ्रम की स्थिति पैदा की है। इस बिल को सोनिया गांधी ने ड्रीम प्रोजेक्ट के तहत मजबूती से लोकसभा में रखा था। हम सभी की मांग है कि प्रधानमंत्री यदि महिलाओं के लिए आप अच्छी सोच रखते हैं और आरक्षण देना चाहते हैं, तो प्रधानमंत्री की कुर्सी पर एक महिला को बैठाइए और देश में मॉडल बनिए। उन्होंने आगे कहा कि हमलोग विश्व में विश्वगुरु तो नहीं बन सके, लेकिन अगर आप देश के प्रधानमंत्री पद से त्याग करके महिला को बैठाए, तो फिर विपक्ष के सभी अरमान पूरे हो जाएंगे। जिस तरीके से बिहार के मुख्यमंत्री ने एक नई परंपरा की है। महिला आरक्षण नहीं, बल्कि मोदी आरक्षण है झारखंड सरकार की मंत्री दीपिका पांडेय सिंह आज पटना पहुंची थी। उन्होंने कहा कि जो महिला आरक्षण बिल 2023 में पारित हो चुका था, उस पर संशोधन आखिर क्यों लाया जा रहा है। आनन-फानन रातों रात में यह निर्णय लिया कि विशेष सत्र बुलाया जाए और जब विपक्ष के नेताओं ने इसका अध्ययन किया, तो यह पाया कि नारी शक्ति अधिनियम में संशोधन महिला आरक्षण नहीं, बल्कि मोदी आरक्षण है। विपक्ष ने लोकतंत्र की रक्षा के लिए विरोध किया अधिनियम को नोटिफाई करने में केंद्र की सरकार विफल रही है। यह पार्लियामेंट्री इतिहास में पहली बार हुआ है कि जो अधिनियम लागू नहीं हुआ। उस पर संशोधन किया जा रहा है। यह प्रक्रिया संविधान पर हमला था और विपक्ष ने लोकतंत्र की रक्षा करने के लिए इसका विरोध किया। इससे भाजपा के लोग तिलमिलाए हुए हैं। परिसीमन के बाद ही पता चलता है कि आखिर परिसीमन करके किस आधार पर सीट बढ़ेंगे। लेकिन केंद्र की सरकार को अभी से ही सब पता है और उन्होंने तय कर दिया कि कितनी संख्या महिलाओं की होगी। मोदी 2029 की तैयारी अभी कर रहे उन्होंने आगे कहा कि हवा को बदलने का पहला दृश्य सदन में दिख चुका है। ये सिर्फ महिलाओं को बेवकूफ बनाने के लिए है। महिला को ढाल बनाकर झूठा दिलासा दिया जा रहा है। मोदी 2029 की तैयारी अभी कर रहे हैं। कांग्रेस मांग करती है कि 543 सीट में 181 सीट महिलाओं को देने के लिए तैयार है, तो कांग्रेस आपके साथ है। महिला आरक्षण को अगर उसके स्वरूप में लागू करते हैं, तो कांग्रेस आपके साथ है। महिलाओं को आगे करके अगर आप अपने राज पथ को बचाने की तैयारी कर रहे हैं, तो महिलाएं सजग हो चुकी है और वह अपना हिस्सा लेकर रहेंगी।