अमृतसर स्थित गोल्डन टेंपल में माथा टेकने आए श्रद्धालुओं ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। यह घटना राम तलाई चौक की बताई जा रही है। पीड़ित परिवार का कहना है कि वे नई गाड़ी लेने की खुशी में गुरु घर में मत्था टेकने के लिए अमृतसर आए थे। दर्शन करने के बाद जब वे वापस लौट रहे थे, तभी रास्ते में 2 पुलिस कर्मचारियों ने उन्हें रोक लिया और गाड़ी के कागज चेक कराने के लिए कहा। परिवार ने बताया कि उन्होंने पूरी तरह सहयोग करते हुए सभी दस्तावेज दिखाए। यह परिवार गांव थोबा से आए थे। चाय-पानी के लिए 500 रुपए छीने इसके बाद आरोप है कि पुलिस मुलाजिमों ने कहा कि उनके 5–6 चालान बनते हैं और हर चालान लगभग 5,000 रुपए का है। परिवार के अनुसार, यह सुनकर वे घबरा गए। उन्होंने यह भी बताया कि उनके पास परिवार के चाय-पानी के लिए रखे सिर्फ 500 रुपए थे, जिन्हें भी पुलिस कर्मियों ने छीन लिए। पीड़ितों का कहना है कि यह कार्रवाई एक नाके के दौरान की गई और जिस गाड़ी से पुलिस आई थी, वह बुलेरो गाड़ी थी। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम को अन्यायपूर्ण और दुखद बताया है। परिवार ने बताया घटना को अन्यायपूर्ण अंत में, पीड़ित परिवार ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान से हाथ जोड़कर अपील की है कि ऐसे पुलिस कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि वे एक सिख परिवार हैं और श्रद्धा के साथ गुरुद्वारा साहिब आए थे, लेकिन उनके साथ ऐसा व्यवहार बेहद पीड़ादायक है। वायरल वीडियो की होगी जांच: एडीसीपी ट्रैफिक इस मामले में एडीसीपी ट्रैफिक अमनदीप कौर ने कहा कि जो वीडियो वायरल हो रही है, जिसमें एक थोबे गांव का परिवार गोल्डन टेंपल माथा टेकने आया था और उसके द्वारा पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। इसके बाद तुरंत कार्रवाई करते हुए संबंधित कर्मचारी को सस्पेंड कर दिया गया है और विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। इस मामले की पुष्टि करके आगे की कार्रवाई की जाएगी।