हरियाणा के गुरुग्राम में टक्कर लगने के बाद टैक्सी ड्राइवरों ने प्राइवेट कार में मौजूद 12वीं की छात्रा के साथ बदतमीजी करने का मामला सामने आया है। आरोपियों ने बार-बार कार का दरवाजा खोलने का प्रयास किया। विरोध करने पर ड्राइवर के साथ हाथापाई की। डर के मारे छात्रा ने सेंट्रल लॉक लगाकर खुद को कार में ही कैद कर लिया और रोने लगी। साथ ही अपनी मां को कॉल किया। मां का आरोप है कि उसने करीब 20 बार कॉल की, लेकिन 8-10 मिनट में रिस्पांस की बजाय पुलिस की टीम 37 मिनट बाद मौके पर पहुंची, तब तक उसकी बेटी डर के साए में टैक्सी ड्राइवरों की प्रताड़ना झेलने को मजबूर रही। महिला ने बताया कि वह भी अपने एक जानकार के साथ मौके पर पहुंची तो पुलिस की टीम मौजूद मिली। आरोपियों ने उनके सामने भी गलत तरीके से व्यवहार किया और दो हजार रुपए लेने के बाद ही वहां से गए। इसका एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें छात्रा कार में बंद है। वह अंदर से ही आरोपियों की वीडियो बनाती दिख रही है। महिला और उसकी बेटी ने सोशल मीडिया पर बताई पूरी कहानी… डर में पैसे देकर समझौता करना पड़ा
महिला ने बताया कि पुलिस के मौके पर पहुंचने के बाद भी टैक्सी ड्राइवरों की हरकत सही नहीं हुई, तो उन्होंने पीछा छुड़वाने के लिए आरोपियों को 2 हजार रुपए देकर समझौता करना पड़ा। पुलिस से गुहार है कि आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई कर उन्हें न्याय दिलवाया जाए। सोशल मीडिया टीम का रिप्लाई छात्रा की मां ने गुरुवार शाम को सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर आपबीती शेयर की। पुलिस की सोशल मीडिया टीम द्वारा इस पोस्ट पर रिप्लाई किया और डीएम में नंबर मांगा। महिला का कहना है उसने अपना नंबर दे दिया है, लेकिन शुक्रवार सुबह 9 बजे तक पुलिस की तरफ से कॉन्टेक्ट नहीं किया गया। सोशल मीडिया पोस्ट पर लिखी पूरी घटना………… पुलिस प्रवक्ता बोले- जांच की जा रही पुलिस प्रवक्ता संदीप कुमार का कहना है कि यह मामला सोशल मीडिया टीम के संज्ञान में आया है। मामले में जांच की जा रही है। यह भी पता किया जाएगा कि पुलिस टीम को मौके पर पहुंचने में समय क्यों लगा। जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।