सम्राट सरकार की कैबिनेट बैठक जारी:कर्मचारियों का DA बढ़ सकता है, लॉ-एंड-ऑर्डर पर हो सकता है बड़ा फैसला

सम्राट कैबिनेट की पहली फुल कैबिनेट मीटिंग जारी है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में पटना सचिवालय में होने वाली इस बैठक में कई अहम विभागीय प्रस्तावों, विकास योजनाओं, वित्तीय फैसलों और प्रशासनिक मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। नई सरकार बनने के बाद यह बैठक इसलिए भी खास मानी जा रही है, क्योंकि इसमें सरकार आने वाले दिनों की प्राथमिकताओं और योजनाओं की रूपरेखा तय कर सकती है। कर्मचारियों के 2 प्रतिशत डीए पर हो सकता है बड़ा फैसला कैबिनेट बैठक पर राज्य के लाखों सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों की नजर टिकी हुई है। चर्चा है कि सरकार कर्मचारियों के लंबित 2 प्रतिशत महंगाई भत्ते यानी डीए पर फैसला ले सकती है। अगर सरकार इस प्रस्ताव को मंजूरी देती है तो कर्मचारियों को आर्थिक राहत मिलेगी। लंबे समय से कर्मचारी संगठन डीए भुगतान की मांग कर रहे हैं। ऐसे में कैबिनेट बैठक में इस मुद्दे पर निर्णय होने की संभावना को लेकर कर्मचारियों में उत्सुकता बढ़ गई है। अब तक 3 कैबिनेट मीटिंग में सम्राट सरकार के बड़े फैसले पहली कैबिनेट में 11 आधुनिक शहरों का ऐलान बिहार में 11 नए आधुनिक शहर बसेंगे। सम्राट कैबिनेट की पहली मीटिंग में इन सेटेलाइट टाउनशिप के विकास को मंजूरी दी गई। इन 11 स्थानों पर जमीन की खरीद-बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई थी। मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी, भागलपुर और छपरा के पास ये रोक 30 जून 2027 तक लागू रहेगी। वहीं, पटना, सोनपुर, गया, दरभंगा, सहरसा, पूर्णिया और मुंगेर के पास यह पाबंदी 31 मार्च 2027 तक रहेगी। कैबिनेट की यह बैठक सीएम सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में कुल 22 एजेंडों पर मुहर लगी। इन सेटेलाइट टाउन का नामकरण प्राचीन सांस्कृतिक नामों पर होगा। पटना के पास ‘पाटलिपुत्र’ और सोनपुर के पास ‘हरिहरनाथपुर टाउनशिप विकसित होगी। इस बीच नगर विकास विभाग इन स्थानों का मास्टर प्लान तैयार कर लेगा। इन मास्टर प्लान में कोर एरिया और स्पेशल एरिया तय किए जाएंगे। इसके बाद लैंडयूज और निर्माण की प्लानिंग इसी मास्टर प्लान के मुताबिक होगी। बुजुर्गों को राहत: 80 साल से अधिक उम्र के बुजुर्गों के घर जाकर जमीन रजिस्ट्री की औपचारिकताएं सरकारी कर्मचारियों की ओर से पूरी की जाएंगी।
फैसले जो सीधे आपसे जुड़े हैं… 1. सड़क दुर्घटना अब ‘आपदा’, मुआवजा देने का प्रावधान सामूहिक सड़क दुर्घटनाओं को विशेष स्थानीय ‘आपदा’ का दर्जा मिला है। बाढ़ या भूकंप की तरह अब हादसों में जान गंवाने वालों व घायलों को एसडीआरएफ से सीधे मुआवजा मिलेगा। 15 सितंबर 2021 से 31 मार्च 2022 तक के पीड़ितों को भी लाभ मिलेगा। फैसला क्यों- सामूहिक सड़क दुर्घटना के शिकार परिवारों को बिना देरी के तत्काल आर्थिक मदद मिल सके। 2. गश्त पर पर 4700 पुलिस दीदी…स्कूटी खरीदी जाएंगी मनचलों पर नकेल कसने के लिए सरकार ने ‘पुलिस दीदी’ को सड़कों पर उतारने का फैसला किया है। महिला पुलिसकर्मियों के लिए 1500 स्कूटी और 3200 मोटरसाइकिलें खरीदी जाएंगी। ‘पुलिस दीदी’ अब हर गली-नुक्कड़ पर मौजूद रहेंगी। फैसला क्यों- स्कूल-कॉलेज जाने वाली लड़कियों को छेड़खानी से बचाने और उन्हें सुरक्षित माहौल देने के लिए। 3. हरिहरनाथ मंदिर चमकेगा, कोरिडोर बनेगा सारण के सोनपुर स्थित ऐतिहासिक बाबा हरिहरनाथ मंदिर को बेहद भव्य बनाया जाएगा। इसे वाराणसी के प्रसिद्ध ‘काशी विश्वनाथ कॉरिडोर’ की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। कैबिनेट ने इस बड़े और भव्य प्रोजेक्ट के लिए 680 करोड़ रुपए मंजूर किए हैं। फैसला क्यों- राज्य में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए। 4. सोनपुर और अजगैबीनाथ धाम में नया एयरपोर्ट हवाई सफर करने वालों को बड़ी खुशखबरी मिली है। सोनपुर और अजगैबीनाथ धाम (भागलपुर) में नए ‘ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे’ बनेंगे। वहीं, दरभंगा एयरपोर्ट के स्थायी सिविल एन्क्लेव के लिए 1.35 एकड़ जमीन मुफ्त दी गई है। फैसला क्यों- हवाई सफर को आसान बनाने और राज्य में एयर कनेक्टिविटी को मजबूत करने के लिए। दूसरी कैबिनेट मीटिंग में 63 एजेंडों पर मुहर सम्राट सरकार की दूसरी कैबिनेट बैठक 29 अप्रैल को हुई थी, जिसमें कुल 63 एजेंडों पर मुहर लगी थी। इस बैठक का सबसे बड़ा फैसला रोजगार और नियुक्तियों से जुड़ा रहा। बिहार पुलिस में 20,937 पदों पर भर्ती को मंजूरी दी गई, जिसमें आधे पद प्रोमोशन के जरिए और बाकी सीधे भर्ती से भरे जाएंगे। इसके अलावा शिक्षा विभाग में 9,152 पदों, ट्रैफिक पुलिस में 485 पदों और वन एवं पर्यावरण विभाग में 313 पदों की बहाली को भी स्वीकृति दी गई। इसी बैठक में संजय गांधी जैविक उद्यान का नाम बदलकर “पटना जू” करने का निर्णय भी लिया गया। तीसरी कैबिनेट मीटिंग- सीतामढ़ी मेडिकल कॉलेज का नाम बदला तीसरी कैबिनेट मीटिंग में 20 एजेंडों पर मुहर लगी। सीतामढ़ी के मेडिकल कॉलेज का नाम बदलकर अब ‘माता सीता मेडिकल कॉलेज’ किया जाएगा। वहीं अरवल, शेखपुरा समेत राज्य के कई जिलों में सरकार ने केंद्रीय विद्यालय खोलने का फैसला लिया। इन विद्यालयों के लिए कई जिलों में जमीन उपलब्ध कराई जाएगी, जो एक रुपए के टोकन पर 30 साल की लीज पर दी जाएगी। इसके अलावा, शहरों के विकास के लिए सरकार विश्व बैंक से 500 मिलियन डॉलर (भारतीय रुपए में लगभग 4,700 करोड़ रुपए) का लोन लेगी। वहीं, बिहार की 19,300Km सड़कों के रखरखाव पर करीब 15,967 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। सड़कों की निगरानी के लिए AI तकनीक का भी उपयोग किया जाएगा। बियाडा की 1.85 एकड़ जमीन मुफ्त में देगी सरकार पटना एयरपोर्ट के पास बियाडा की 1.85 एकड़ जमीन एयरपोर्ट अथॉरिटी को मुफ्त में दी जाएगी। उद्योग को बढ़ावा देने वाली योजना (2025 पैकेज) की समय सीमा बढ़ाकर 30 जून 2026 तक कर दी गई है। वहीं, गंगा नदी के किनारे बक्सर समेत कई इलाकों में कटाव रोकने के लिए कार्य किए जाएंगे। इन परियोजनाओं पर अलग-अलग मदों में करीब 50 से 60 करोड़ रुपये तक खर्च होने का अनुमान है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *