सिरसा जिले में डबवाली सीआईए इंचार्ज राजपाल को नशा बरामदगी मामले में निलंबित कर दिया गया है। इस घटना के सामने आने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। सोशल मीडिया पर कुछ ऑडियो रिकॉर्डिंग भी वायरल होने की खबरें हैं, हालांकि इनकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। जानकारी के अनुसार, राजपाल पर आरोप है कि उन्होंने एक शराब ठेकेदार के कार्यालय में नशीला पदार्थ रखवाया था। बाद में डबवाली पुलिस की एक टीम ने इसे बरामद किया। इसके बाद उस नशीले पदार्थ को वापस हटाने के आरोप भी सामने आए हैं। यह मामला एक पुलिसकर्मी द्वारा किए गए स्टिंग ऑपरेशन के बाद उच्च अधिकारियों तक पहुंचा। जिसके बाद कार्रवाई करते हुए राजपाल को निलंबित कर दिया गया। मेरे खिलाफ षड़यंत्र रचा गया : राजपाल हालांकि, निलंबित सीआईए इंचार्ज राजपाल ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उनका कहना है कि यह उनके खिलाफ एक षड्यंत्र है और उन्हें बदनाम करने की साजिश के तहत झूठे आरोप लगाए गए हैं। उन्होंने मामले की एसआईटी (विशेष जांच दल) से जांच कराने की मांग की है। राजपाल ने यह भी कहा कि शिकायतकर्ता हवलदार पर पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं और वह पूर्व में भी झूठी शिकायतें देने के आरोपों का सामना कर चुका है। राजपाल ने दावा किया कि उन्होंने हमेशा ईमानदारी से अपनी ड्यूटी निभाई है। उन्होंने कहा कि यदि उच्च अधिकारियों द्वारा निष्पक्ष जांच करवाई जाती है तो सच्चाई सामने आ जाएगी। साथ ही, उन्होंने शराब ठेकेदार से किसी भी प्रकार के संबंध होने से इनकार किया है।