नांगल चौधरी विस की सियासत में अभी से हलचल:डेढ़ साल बाद ही सक्रिय हुई चुनावी जमीन, कार्यक्रमों के जरिए शक्ति प्रदर्शन

हरियाणा में विधानसभा चुनाव हुए अभी डेढ़ वर्ष ही बीता है और अगला चुनाव करीब साढ़े तीन साल दूर है, लेकिन नांगल चौधरी विधानसभा क्षेत्र में सियासी गतिविधियां अभी से तेज हो गई हैं। क्षेत्र में पूर्व मंत्री डॉ. अभय सिंह यादव लगातार सक्रिय नजर आ रहे हैं और उनके लगातार हो रहे कार्यक्रमों ने स्थानीय राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। डॉ. अभय सिंह यादव ने अपनी सक्रियता की शुरुआत जनवरी 2026 में गांव भुंगारका में आयोजित “चाय पर चर्चा” कार्यक्रम से की। इस कार्यक्रम को उनके शक्ति प्रदर्शन के रूप में देखा गया, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। बटोरी थी चर्चा अपने संबोधन में उन्होंने बिना नाम लिए केंद्रीय मंत्री और पार्टी के कुछ नेताओं पर षड्यंत्र रचने का आरोप लगाया और अपनी हार के लिए आपसी मतभेदों को जिम्मेदार ठहराया। उनके इस बयान ने क्षेत्र की राजनीति में काफी चर्चा बटोरी। शहीद की प्रतिमा का भी किया अनावरण इसके बाद 18 अप्रैल 2026 को गांव मंडलाना में शहीद ओमप्रकाश यादव की प्रतिमा के अनावरण कार्यक्रम में भी उन्होंने अपनी राजनीतिक मौजूदगी दर्ज कराई। इस दौरान वीर नारियों और शहीद परिवारों को सम्मानित किया गया। दिया था राजनीतिक संदेश अपने भाषण में उन्होंने इशारों-इशारों में विरोधियों पर निशाना साधते हुए खुद को “खेत का बैल” और विरोधियों को “गोशाला का बैल” बताया, जिसे राजनीतिक संदेश के तौर पर देखा गया। यह कार्यक्रम हालांकि नारनौल विस में था, मगर अभय सिंह की राजनैतिक सक्रियता को दर्शाता है। विरोधियों पर कसे थे तंज 3 मई को गांव कांवी में आयोजित सम्मान समारोह में भी उन्होंने अपने विरोधियों पर तीखे तंज कसे। लगातार हो रहे इन आयोजनों से साफ है कि वे जनता के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने में जुटे हैं। खट्‌टर का जन्मदिन भी सियासी अब 5 मई को नांगल चौधरी में पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के जन्मदिवस पर आयोजित कार्यक्रम को भी इसी कड़ी का हिस्सा माना जा रहा है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि भले ही चुनाव दूर हों, लेकिन क्षेत्र में चुनावी माहौल की आहट अभी से सुनाई देने लगी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *