पंजाब-चंडीगढ़ में अचानक तड़के मौसम बदल गया। लुधियाना और पठानकोट में हल्की बारिश के कारण पिछले 10 दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी से लोगों को राहत मिली। बारिश के साथ आंधी चलने से अधिकतम तापमान में एक ही दिन में 6 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। वहीं, चंडीगढ़ में भी बादल छाए हैं। मौसम विज्ञान केंद्र चंडीगढ़ के मुताबिक, तापमान सामान्य से 3.6 डिग्री नीचे गिर गया है। सबसे अधिक तापमान 37.6 डिग्री फाजिल्का में दर्ज किया गया। वहीं, आज कुछ जगहों पर बिजली गरजने के साथ बारिश और आंधी का ऑरेंज अलर्ट है। एक मई को छोड़कर तीन मई तक ऐसा ही मौसम रहेगा। इस दौरान लोगों को हीट वेव से राहत मिलेगी। मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक आज सभी जिलों में बारिश व 14 जिलों में गरज-चमक, बिजली गिरने और 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अलर्ट है। इनमें गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, कपूरथला, जालंधर, लुधियाना, संगरूर, फतेहगढ़ साहिब, पटियाला, मोहाली, पठानकोट, होशियारपुर, नवांशहर और रूपनगर शामिल हैं। बारिश के PHOTOS… कई जगह 9 डिग्री गिरा पारा मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक सभी जिलों का तापमान छह डिग्री से लेकर नौ डिग्री तक गिरा है। चंडीगढ़ का अधिकतम तापमान 33.8 डिग्री रहा, जो सामान्य से 3.1 डिग्री कम रहा है। इसमें एक दिन पहले के मुकाबले 6.4 डिग्री नीचे दर्ज किया गया। अमृतसर में 34.1 डिग्री के साथ 5.9 डिग्री की गिरावट आई। लुधियाना में 34 डिग्री दर्ज किया गया। इसमें 7 डिग्री की गिरावट आई। पटियाला में 36.5 डिग्री तापमान रहा। इसमें 5.6 डिग्री की कमी आई है। फरीदकोट में 37.2 डिग्री तापमान दर्ज किया गया और यहां 3.8 डिग्री की गिरावट आई। गुरदासपुर में 31.5 डिग्री तापमान दर्ज किया गया, इसमें 9 डिग्री की गिरावट आई। फाजिल्का में 37.6 डिग्री, फिरोजपुर में 35.5 डिग्री और होशियारपुर में 32.5 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। मोहाली में 33 डिग्री के साथ 6.1 डिग्री, पठानकोट में 32.9 डिग्री के साथ 6.2 डिग्री और रोपड़ में 32.2 डिग्री के साथ 6.5 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। वहीं श्री आनंदपुर साहिब में अधिकतम तापमान 33.8 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय, मौसम बदला मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है। यह उत्तर भारत के ऊपरी हिस्से में बना हुआ है और इसके असर से पंजाब समेत आसपास के इलाकों में मौसम बदल रहा है। इसके कारण बारिश, तेज हवाएं और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।