पंजाब में ईडी द्वारा गिरफ्तार कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा के विभाग अब सरकार ने तीन मंत्रियों को सौंपे हैं। कैबिनेट मंत्री तरुणप्रीत सिंह सौंध को अब पावर विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। जबकि शिक्षामंत्री हरजोत सिंह बैंस को लोकल बॉडी विभाग सौंपा गया है। इसी तरह उद्योग विभाग की जिम्मेदारी मंत्री अमन अरोड़ा को दी गई है। इस संबंधी आदेश जारी कर दिए गए हैं। हालांकि लोकल बॉडी व इंडस्ट्री पहले सीएम भगवंत मान खुद संभाल चुके हैं। वहीं, सीएम भगवंत मान के बाद हरपाल सिंह चीमा और तीसरे नंबर पर अमन अरोड़ा सबसे ताकतवर मंत्रियों में शामिल है। अब जानिए किस मंत्री को जिम्मेदारी दी गई है – स्थानीय निकाय मंत्री में 7वीं बार फेरबदल
हरजोत सिंह बैंस मुख्य रूप से स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा एवं भाषा, तकनीकी शिक्षा एवं औद्योगिक प्रशिक्षण और सूचना एवं जनसंपर्क मंत्री हैं। जिन्हें लोकल बॉडी विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। 16 मार्च 2022 को सरकार के गठन के समय मुख्यमंत्री भगवंत मान ने स्वयं इस विभाग की जिम्मेदारी संभाली थी। इसके बाद 5 जुलाई 2022 को कैबिनेट के पहले विस्तार में अमृतसर दक्षिण से विधायक डॉ. इंदरबीर सिंह निज्जर को स्थानीय निकाय मंत्री नियुक्त किया गया। लगभग 11 महीने बाद उनके इस्तीफे पर 31 मई 2023 को करतारपुर से विधायक बलकार सिंह को यह जिम्मेदारी दी गई। सितंबर 2024 में हुए एक बड़े फेरबदल के दौरान 23 सितंबर 2024 को शाम चौरासी से विधायक डॉ. रवजोत सिंह को नया स्थानीय निकाय मंत्री बनाया गया। हाल ही में 8 जनवरी 2026 को हुए ताजा फेरबदल में यह विभाग संजीव अरोड़ा को सौंप दिया गया, जो अरेस्ट तक इस पद को देखरहे थे। अब तरूणप्रीत को बिजली विभाग की जिम्मेदारी मंत्री तरूरणप्रीत मौजूदा समय में टूरिज्म एंड कल्चरल अफेयर, श्रम मंत्रालय की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। मार्च 2022 को सरकार के गठन के समय यह विभाग हरभजन सिंह ईटीओ बिजली विभाग सौंपा गया था, जिन्होंने अगस्त 2025 तक इस पद को संभाला। इसके बाद 18 अगस्त 2025 को हुए कैबिनेट फेरबदल में यह विभाग उनसे वापस लेकर संजीव अरोड़ा को दे दिया गया, जो वर्तमान में (मई 2026 तक) बिजली मंत्री के पद पर रहे। वहीं, अब मंत्री तरूणप्रीत सौंध को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। उद्योग एवं वाणिज्य में चौथी बार बदलाव
मौजूदा आम आदमी पार्टी सरकार के दौरान पंजाब के उद्योग एवं वाणिज्य (Industries Commerce) और निवेश प्रोत्साहन (Investment Promotion) विभाग में कई बड़े प्रशासनिक बदलाव हुए हैं। सरकार की शुरुआत (मार्च 2022) में यह विभाग सीधे मुख्यमंत्री भगवंत मान के पास था। इसके बाद कैबिनेट विस्तार में अनमोल गगन मान को इस विभाग की जिम्मेदारी दी गई, जिन्होंने सितंबर 2024 तक इसे संभाला। सितंबर 2024 के बड़े फेरबदल में अनमोल गगन मान को कैबिनेट से हटा दिया गया और यह विभाग तरुणप्रीत सिंह को सौंपा गया। इसके बाद जुलाई 2025 में एक और महत्वपूर्ण बदलाव हुआ, जब नवनिर्वाचित विधायक संजीव अरोड़ा को कैबिनेट में शामिल कर उन्हें उद्योग, निवेश प्रोत्साहन और एनआरआई मामलों का मंत्री बनाया गया। जबकि अब यह जिम्मेदारी कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा को सौंपी गई है। कैबिनेट में अब दो पद खाली
11 मई 2026 तक पंजाब मंत्रिमंडल में मुख्यमंत्री सहित कुल 16 मंत्री कार्यरत हैं, जबकि संवैधानिक प्रावधानों के अनुसार अधिकतम 18 मंत्री हो सकते हैं, इसलिए अभी दो पद खाली हैं। सरकार में सबसे प्रभावशाली मंत्रियों में हरपाल सिंह चीमा शामिल हैं, जो वित्त, आबकारी एवं कराधान और योजना जैसे अहम विभाग संभालते हैं और इन्हें कैबिनेट में प्रमुख भूमिका वाला माना जाता है। वहीं अमन अरोड़ा भी महत्वपूर्ण मंत्री हैं, जिन्हें उद्योग एवं वाणिज्य तथा निवेश प्रोत्साहन विभाग के साथ-साथ नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा और शासन सुधार जैसे अहम विभागों की जिम्मेदारी दी गई है।