पटना के राजा बाजार स्थित पारस अस्पताल में एक लड़के की मौत के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा किया। गुस्साए परिजन ICU का बेड लेकर ही सड़क पर उतर गए और विरोध जताया। दरअसल, फुलवारी शरीफ के रहने वाले 15 साल के विशाल का क्रिकेट खेलने के दौरान दोस्तों संग विवाद हो गया था, जिसके बाद उसे गंभीर हालत में अस्पताल के ICU में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान सोमवार को उसकी मौत हो गई। परिजन का आरोप है कि उनके बेटे को जिंदा बताकर लगातार पैसे वसूले जा रहे थे। यहां तक कि उन्होंने किडनी निकालने जैसे गंभीर आरोप भी लगाए। घटना के बाद आक्रोशित लोगों ने अस्पताल परिसर में जमकर तोड़फोड़ की। कई शीशे तोड़ दिए गए, गमले फेंके गए और वहां खड़ी गाड़ियों को भी नुकसान पहुंचाया गया। फिलहाल पुलिस जांच में जुटी हुई है। अस्पताल के बाहर हंगामें की 5 तस्वीरें… क्रिकेट खेलने के दौरान दोस्त ने सिर पर बल्ला मारा परिजनों के मुताबिक, विशाल अपने परिवार का इकलौता बेटा था।रविवार शाम क्रिकेट खेलने के दौरान एक रिटायर्ड दारोगा के बेटे ने विशाल के सिर पर बैट से हमला कर दिया था, जिसके बाद उसे गंभीर हालत में अस्पताल लाया गया। आरोप है कि उसे रातभर वेंटिलेटर पर रखा गया और किसी परिजन को मिलने नहीं दिया गया, जबकि करीब 2 लाख रुपये भी जमा करा लिए गए। परिजन का कहना है कि जब लगातार बेटे से मिलने नहीं दिया गया, तो सोमवार दोपहर उनका गुस्सा फूट पड़ा। इसके बाद वे ICU बेड और वेंटिलेटर के साथ ही बेटे का शव लेकर सड़क पर उतर आए और विरोध प्रदर्शन किया। बेटे को जिंदा बताकर पैसे ऐंठते रहे डॉक्टर विशाल के नाना रामबालक चौधरी ने भी अस्पताल प्रबंधन पर आरोप लगाते हुए कहा, “बेटा मर चुका था, लेकिन डॉक्टर कहते रहे कि जिंदा है और पैसे ऐंठते रहे। कल से एक बार भी बेटे को देखने नहीं दिया गया। वहां हमलोगों को मारकर भगा दिया गया।” वहीं, मामा विकास ने बताया कि क्रिकेट खेलने के दौरान हुई मारपीट के बाद रविवार शाम उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनका आरोप है कि करीब 2 लाख रुपए ले लिए गए, लेकिन रातभर बच्चे का ठीक से इलाज नहीं किया गया। उन्होंने कहा, “लगातार पैसे मांगे जा रहे थे, रोज 1-2 लाख रुपए की मांग की जा रही थी, हम कहां से लाते?” पुलिस स्थिति को नियंत्रित कर रही इसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के दौरान पुलिस मौके पर मौजूद थी, लेकिन परिजनों का गुस्सा इतना ज्यादा था कि पुलिस के सामने ही तोड़फोड़ जारी रही। फिलहाल पुलिस स्थिति को नियंत्रित करने में जुटी है और पूरे मामले की जांच की बात कही जा रही है। ———————- पारस अस्पताल के बाहर प्रदर्शन से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…