यूपी के 42 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट:संभल में सबसे अधिक 130MM हुई बरसात, 5 दिनों तक ऐसा ही रहेगा मौसम

यूपी में आंधी-बारिश से पिछले 24 घंटे में 7 लोगों की मौत हो चुकी है। मंगलवार को भी प्रदेश के 42 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। लखनऊ में बूंदाबांदी शुरू हो गई है, जबकि बाराबंकी, सीतापुर और रायबरेली में बादल छाए हुए हैं। कई इलाकों में तेज हवाएं चल रही हैं। सोमवार को अयोध्या, सीतापुर और बाराबंकी में ओले गिरे। वाराणसी और कानपुर समेत 22 जिलों में आंधी के बाद बारिश हुई। सबसे ज्यादा बारिश संभल में 130 मिमी रिकॉर्ड की गई, जबकि 97 मिमी बारिश के साथ कासगंज दूसरे नंबर पर रहा। लखनऊ में खराब मौसम के चलते डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक और केशव मौर्य की फ्लाइट नहीं उतर सकी। इसके बाद विमान की लैंडिंग भोपाल में कराई गई। सीतापुर, सिद्धार्थनगर और बाराबंकी में शादी के टेंट उड़ गए। पीलीभीत में ईंट-भट्ठे की 100 फीट ऊंची चिमनी ढह गई। आंधी-बारिश से जुड़े हादसों में कासगंज में 2 बच्चों, औरैया में दादी-पोती, गोरखपुर में 2 युवकों और संभल में एक बच्ची की जान गई है। क्यों बदला मौसम, जानिए लखनऊ के मौसम वैज्ञानिक अतुल सिंह के मुताबिक, पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम में बदलाव आया है। प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक बारिश, आंधी और बिजली गिरने की संभावना बनी रहेगी। 4 से 7 मई के बीच 40 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। ओले भी गिर सकते हैं। अगले एक हफ्ते तक लू चलने के आसार नहीं हैं। बारिश से फसलों को नुकसान, योगी बोले- अफसर फील्ड में उतरें पिछले 5 दिनों से यूपी में बारिश का सिलसिला जारी है, जिससे फसलों को नुकसान पहुंचा है। खासतौर पर सब्जियों की फसलें प्रभावित हुई हैं। खीरा-ककड़ी, खरबूज और तरबूज को सबसे ज्यादा नुकसान होने की आशंका है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सरकार किसानों के साथ खड़ी है। अधिकारी फील्ड में जाकर नुकसान का सर्वे करें और जल्द से जल्द रिपोर्ट सौंपें, ताकि मुआवजा दिया जा सके। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। फर्रुखाबाद में बारिश से गेहूं की फसल डूबी
फर्रुखाबाद में किसान दफेदार सिंह की कटी हुई गेहूं की फसल खेत में पानी भरने से डूब गई। उन्होंने बताया कि फसल में करीब 5 हजार रुपए लागत आई थी, जो अब पूरी तरह बर्बाद हो चुकी है। परिवार में कमाने वाला कोई अन्य सदस्य नहीं है। तीन बेटियों की शादी अभी करनी है। अगले 5 दिन कैसा रहेगा मौसम?
6 मई: पूरे प्रदेश में बादल छाए रहने की संभावना है। कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है। 30-40 किमी की रफ्तार से हवाएं चलेंगी।
7 मई: पश्चिमी यूपी में मौसम साफ रहेगा। पूर्वी यूपी में आंधी-तूफान के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। ओले गिरने की भी संभावना है।
8 मई: पूरे प्रदेश में गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ेंगी। कहीं-कहीं आंधी चल सकती है। लू से राहत मिलेगी।
9 मई: पूरे प्रदेश में मौसम सामान्य रहेगा। कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है। 30-40 किमी की रफ्तार से हवाएं चलेंगी।
10 मई: प्रदेश में एक बार फिर गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। कहीं-कहीं आंधी चलेगी और लू से राहत बनी रहेगी।
संभल में सर्वाधिक 130 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई, जबकि कासगंज में 97 मिमी बारिश हुई। इसके अलावा बरेली में 54.6 मिमी, बाराबंकी में 53 मिमी, मुरादाबाद में 45 मिमी और गोरखपुर में 41.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई। लगातार हो रही बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव की स्थिति भी उत्पन्न हो गई। तेज हवाओं ने स्थिति को और गंभीर बना दिया। बलरामपुर, अलीगढ़ और गोरखपुर समेत कई जिलों में 80 से 85 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी चली। तेज हवाओं के कारण पेड़ गिरने और बिजली आपूर्ति बाधित होने की खबरें भी सामने आईं।
क्यों बदला मौसम, जानिए
लखनऊ के मौसम वैज्ञानिक अतुल सिंह ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम बदला हुआ है। प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक बारिश, आंधी और बिजली गिरने की घटनाएं होंगी। 4 से 7 मई के बीच 40 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी। ओले गिरेंगे। एक सप्ताह तक लू चलने के आसार नहीं हैं। कहां-कहां हुई बारिश, जानिए
जिन 22 जिलों में बारिश हुई। उसमें कुशीनगर, फर्रुखाबाद लखीमपुर खीरी, बस्ती,अंबेडकरनगर, कासगंज, अयोध्या, लखनऊ, सुल्तानपुर, वाराणसी, गोंडा, हरदोई, सिद्धार्थनगर, बलरामपुर, उन्नाव, गोरखपुर, कानपुर, सीतापुर, संभल, गाजियाबाद सहारनपुर और बरेली शामिल हैं।
अगले 5 दिन कैसा रहेगा मौसम? जानिए बारिश से फसलों को नुकसान, योगी बोले- अफसर फील्ड में उतरें
पिछले चारों दिनों से यूपी में बारिश का सिलसिला जारी है। इससे बारिश से फसलों को नुकसान पहुंचा है। खासतौर पर सब्जियों की फसल प्रभावित हुई हैं। खीरा-ककड़ी, खरबूज और तरबूज को सबसे ज्यादा नुकसान होने की आशंका है। किसानों का कहना है कि बारिश के कारण फसलें सड़ सकती हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *