3 मई 2026- बिहार सरकार में मंत्री जमा खान के आवास की चहारदीवारी के पास कचरे के ढेर में एक 15 साल की नाबालिग की लाश मिली थी। पहले दिन से आशंका जताई गई कि उसके साथ कुछ गलत हुआ है। इसके बाद उसकी हत्या कर किसी ने बॉडी को सड़क किनारे फेंक दी। हालांकि, पक्के सबूत नहीं होने की वजह से पुलिस रेप की बात से साफ इनकार कर रही, लेकिन लड़की के चेहरे और शरीर पर चोट-खरोंच के निशान हैं। जिस तरीके के मार्क्स नोचने खरोंचने जैसे मिले हैं, इससे आशंका जताई जा रही है कि लड़की के साथ रेप की कोशिश की गई है। हालांकि रेप की पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस हर बिंदुओं पर जांच कर रही है। नाबालिग की पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी आ गई है। इसमें सेक्सुअल एसॉल्ट या रेप जैसी कोई पुष्टि नहीं हुई है। कॉज ऑफ़ डेथ भी डॉक्टर ने रिजर्व रखा है। जिस स्कूटी से लाई गई बॉडी, उसे खोज रही पुलिस पुलिस सूत्रों की माने, तो घटनास्थल के पास एक स्कूटी देखी गई है। संदिग्ध स्कूटी की तलाश जारी है। पुलिस स्कूटी के नंबर के जरिए ट्रेस करके आरोपी तक पहुंचाने की कोशिश में है। बहुत हद तक पुलिस पता भी लगा चुकी है। युवती पटना जंक्शन से बेली रोड कैसे पहुंची, कौन उसे डंप करके भागा, वहां फेकने के पीछे के राज क्या हैं, इन सब चीजों के बारे में पता लगाया जा रहा है। देखें घटना वाले दिन की तस्वीरें… जब लाश मिली उस वक्त नाबालिग ने सलवार सूट पहना था। हाथों में मेहंदी और चूड़ी भी थी। घटना के करीब 7 दिन बाद लड़की की पहचान भी कर ली गई थी। परिवारवालों ने भी उसे सुपुर्दे खाक कर दिया था। ये पूरी वारदात मामला शास्त्री नगर थाना क्षेत्र के ललित भवन के पीछे की थी। पुलिस लड़की के मूवमेंट को ट्रेस करने में जुटी लड़की के माता पिता ने अपना स्टेटमेंट पुलिस के सामने रिकॉर्ड कराया है। दोनों ने बताया कि 27 तारीख को आलमगंज मे रिश्तेदार के यहां शादी में गई थी। 28 को शादी में शिरकत की। 29 को बगल में रिश्तेदार के यहां ठहर गए। 30 तारीख तक सभी यहीं रुके। 1 मई को वापस घर फुलवारी शरीफ लौट रहे थे। इसी बीच पटना जंक्शन के पास बेटी उतर गई। मां से बोली कि तुमलोग जाओ, मैं बाद में आऊंगी। पहले भी वह घर से एक-एक महीने गायब रहती थी। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, पटना जंक्शन के आसपास घूमती रहती थी और सुलेशन पीने की आदि बन चुकी थी। जंक्शन के पास का एक फुटेज भी मिला है, जिसमें वह एक्सीलेटर पर सुलेशन पीते नजर आ रही है। कॉज ऑफ डेथ रिजर्व एसीडीपीओ 2 साकेत कुमार ने बताया, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सेक्सुअल एसॉल्ट या रेप जैसी कोई पुष्टि नहीं हुई है। कॉज ऑफ डेथ भी डॉक्टर ने रिजर्व रखा है। हर एंगल से छानबीन हो रही है। डायल 100 के जरिए फुटेज देखा जा रहा है। अब जानिए किसने सबसे पहले देखी थी लड़की की लाश दरअसल, 3 मई की सुबह मॉर्निंग वॉक पर निकले लोगों ने सड़क किनारे लड़की का शव देखा था। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सचिवालय एसडीपीओ-2 साकेत कुमार ने बताया था, लड़की के चेहरे और गर्दन पर चोट के निशान थे। उन्होंने आशंका जताई थी कि हत्या के बाद शव को कहीं और से लाकर यहां फेंका गया है। उन्होंने कहा था- जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा। जांच के दौरान डायल-100 की मदद से लिंक रोड और आसपास के मुख्य मार्गों पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली गई है। कचरे के बीच पड़ी थी डेड बॉडी जहां लड़की की डेड बॉडी पड़ी थी, वहां कचरा पड़ा हुआ था। वहां पर बहुत सारे सूखे फूल पड़े थे और गिफ्ट के रैपर भी पड़े मिले थे। नाबालिग का आधा चेहरा फूलों के नीचे दबा था। कपड़े और बॉडी को देखकर आशंका जताई गई थी कि उसे घसीटकर यहां फेंका गया है। डॉग स्क्वायड ने 1 किमी तक सर्च किया था घटना वाले दिन 3 मई को जांच के लिए डॉग स्क्वायड की टीम भी पहुंची थी। टीम में लिली (खोजी कुत्ता) था। जिसने 1 किमी तक सर्च किया और फिर घटनास्थल पर वापस आ गया। शुरुआत में लिली मेन रोड के आसपास भटकता रहा। सड़क किनारे उसने सर्च किया। एक गली में भी गया। गली के दोनों ओर झाड़ियां थी। डॉग स्क्वायड की टीम को लगा कि इसी गली में कुछ न कुछ जरूर मिलेगा, पर कुत्ता जिस रास्ते से गली में गया था, उसी रास्ते से घटनास्थल के पास पहुंच गया। टीम ने दो बार सर्च किया, लेकिन कुछ खास नहीं मिला था। IGIMS में हुआ पोस्टमार्टम पुलिस ने उसी दिन लड़की के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए IGIMS भेज दिया था। रिपोर्ट को 8 मई को ही शास्त्री नगर थाना को सौंप दिया गया है। लड़की की पहचान होने के बाद उसके परिजन को बुलाकर शव सौंप दिया गया था। परिवार वालों का स्टेटमेंट भी रिकॉर्ड कराया गया था। इसके बाद 8 मई को ही नाबालिग लड़की को सुपुर्द ए खाक कर दिया गया था।