पटना में आज शाम 7 बजे सायरण बजते ही ब्लैकआउट होगा। इसके अलावा पूर्णिया, बेगूसराय, कटिहार, किशनगंज और अररिया में भी अंधेरा छा जाएगा। 6 शहरों में भारत सरकार के निर्देश पर सिविल डिफेंस मॉकड्रिल होगा। इस दौरान शाम 7 से 7:15 बजे तक सायरन बजते ही लोगों को अपने घरों, दुकानों और ऑफिस की लाइटें बंद करनी होंगी। ब्लैकआउट होते ही पूरे इलाके में अंधेरा रहेगा। 15 मिनट तक लोगों को किसी भी तरह के लाइट्स जलाने से मना किया गया है। राज्य सरकार के मुताबिक, यह किसी खतरे की स्थिति नहीं बल्कि नागरिक सुरक्षा व्यवस्था, आपदा प्रबंधन क्षमता और प्रशासनिक तैयारियों को परखने के लिए की जा रही प्रैक्टिस है। प्रशासन ने लोगों से घबराने के बजाय गंभीरता से सहयोग करने की अपील की है। सायरन बजते ही शुरू होगा अभ्यास करीब 2 मिनट तक सिविल डिफेंस का सायरन बजेगा। इसे हवाई हमले की चेतावनी के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा। सायरन बजते ही ब्लैकआउट लागू हो जाएगा। पुलिस, फायर ब्रिगेड, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, एंबुलेंस और अन्य एजेंसियां राहत और बचाव कार्यों का अभ्यास शुरू करेगी। लोगों से अपील की गई कि अपार्टमेंट्स में जनरेटर नहीं चलाएं, मोबाइल की फ्लैशलाइट, टॉर्च या किसी भी रोशनी का इस्तेमाल न करें। इस दौरान चौक-चौराहों पर लगे साउंड सिस्टम, थानों और फायर ब्रिगेड की गाड़ियों के सायरन का भी उपयोग किया जा सकता है। अस्पतालों में रोशनी बाहर न जाए इसके लिए खिड़कियों पर क्यूबिकल पर्दे और प्राइवेसी कर्टेन लगाने को भी कहा गया है। कई महत्वपूर्ण जगहों पर होगा सिमुलेशन मॉकड्रिल के लिए पटना में कई प्रमुख जगहों को सिमुलेशन साइट बनाया गया है। इनमें पटना समाहरणालय, बिस्कोमान भवन, बांकीपुर बस स्टैंड और आईजीआईएमएस शामिल हैं। इन जगहों पर काल्पनिक हवाई हमले की स्थिति तैयार कर राहत और बचाव अभियान का अभ्यास किया जाएगा। प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पूरी गतिविधियों की निगरानी करेंगे। पटना DM डॉ. त्यागराजन एसएम ने कहा, आम पब्लिक इसमें अच्छे से भाग लेगी जिसके बाद ही अभ्यास पूरी तरह से सफल होगा। ब्लैकआउट का असर जरूरी और इमरजेंसी सेवाओं पर नहीं पड़ेगा। अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाएं सामान्य रूप से जारी रहेंगी। हालांकि, अस्पतालों में यह सुनिश्चित किया जाएगा कि रोशनी बाहर दिखाई न दे। पुलिस, एनडीआरएफ और ट्रैफिक टीमें रहेंगी अलर्ट मॉकड्रिल के दौरान पुलिस, ट्रैफिक पुलिस, फायर ब्रिगेड, एंबुलेंस सेवा, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, सिविल डिफेंस, नगर निकाय और स्वास्थ्य विभाग की टीमें पूरी तरह अलर्ट रहेंगी। ट्रैफिक प्रबंधन के लिए भी खास व्यवस्था की जा रही है। ताकि आम लोगों को कम से कम परेशानी हो। आपदा प्रबंधन विभाग में हुई टेबल-टॉप एक्सरसाइज मॉकड्रिल की तैयारी को लेकर बुधवार को पटना के आपदा प्रबंधन विभाग में वीडियो कांफ्रेंसिंग से टेबल-टॉप एक्सरसाइज आयोजित की गई। बैठक में विभाग के प्रधान सचिव संतोष कुमार मल्ल और नागरिक सुरक्षा निदेशालय के महानिदेशक डॉ. परेश सक्सेना मौजूद रहे। इसमें छहों जिलों के आपदा पदाधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी तथा विभिन्न एजेंसियों के प्रतिनिधि शामिल हुए। विभाग के संयुक्त सचिव मो. नदीमुल गफ्फार सिद्दीकी ने प्रेजेंटेशन के जरिए मॉकड्रिल के 6 प्रमुख बिंदुओं और पूरी प्रक्रिया की जानकारी दी। अधिकारियों को यह बताया गया कि सायरन बजने से लेकर राहत और बचाव अभियान तक विभिन्न एजेंसियों को किस तरह समन्वय के साथ काम करना है।