चंडीगढ़ के लोगों की समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन आज मलोया में जनता दरबार लगाने जा रहा है। पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाबचंद कटारिया सोमवार शाम मलोया पहुंचकर लोगों की समस्याएं सुनेंगे और संबंधित अधिकारियों को मौके पर ही समाधान के निर्देश देंगे। यह जनता दरबार शाम 4 बजे ईडब्ल्यूएस कॉलोनी स्थित कम्यूनिटी सेंटर, मलोया में आयोजित किया जाएगा। प्रशासन का कहना है कि शिविर का उद्देश्य लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने से राहत देना और उनकी शिकायतों का त्वरित निपटारा करना है। मौके पर सुनी जाएंगी शिकायतें जनता दरबार के दौरान मलोया और आसपास के क्षेत्रों के निवासी पानी, सीवर, सड़क, सफाई, बिजली, आवास, स्वास्थ्य, पुलिस और अन्य नागरिक सुविधाओं से जुड़ी शिकायतें सीधे प्रशासक के सामने रख सकेंगे। शिकायतों पर संबंधित विभागों के अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए जाएंगे। प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार शिविर में अलग-अलग विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहेंगे, ताकि लोगों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया जा सके। जिन मामलों का तुरंत निपटारा संभव नहीं होगा, उन्हें तय समयसीमा में हल करने के निर्देश दिए जाएंगे। लोगों को दफ्तरों के चक्कर से मिलेगी राहत चंडीगढ़ प्रशासन पिछले कुछ समय से लोगों की समस्याओं को सीधे सुनने और प्रशासनिक जवाबदेही बढ़ाने पर जोर दे रहा है। इसी कड़ी में विभिन्न क्षेत्रों में जनता दरबार आयोजित किए जा रहे हैं। प्रशासन का मानना है कि इससे आम लोगों और अधिकारियों के बीच सीधा संवाद स्थापित होगा। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार छोटी-छोटी समस्याओं के समाधान के लिए भी अलग-अलग विभागों के चक्कर लगाने पड़ते हैं। ऐसे में जनता दरबार से लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है। शिकायतों के निपटारे के लिए पहले ही नई व्यवस्था लागू चंडीगढ़ प्रशासन ने आम लोगों की शिकायतों के निपटारे के लिए पहले ही नई व्यवस्था लागू की हुई है। प्रशासक गुलाबचंद कटारिया के निर्देश पर हफ्ते में 3 दिन डीसी निशांत यादव और एसएसपी कंवरदीप कौर लोगों की समस्याएं सुन रहे हैं। इस व्यवस्था के तहत नागरिक सीधे अफसरों से मिलकर अपनी शिकायतें और सुझाव दे सकते हैं। प्रशासन का कहना है कि इससे लोगों की समस्याओं के समाधान में तेजी आई है और पारदर्शिता भी बढ़ी है। जिला प्रशासन की अपील प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अपनी शिकायतों से जुड़े दस्तावेज साथ लेकर आएं, ताकि मामलों की सुनवाई और कार्रवाई में आसानी हो सके। साथ ही लोगों से समय पर पहुंचने और व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने को कहा गया है।