गोरखपुर में ट्रक और डंपर की भीषण टक्कर के बाद आग लग गई। हादसे में डंपर चालक और क्लीनर जिंदा जल गए। उनका केवल कंकाल बचा। जबकि ट्रक चालक और खलासी झुलस गए। दोनों ने कूदकर अपनी जान बचाई। आग की तपिश इतनी थी कि दमकलकर्मी पास नहीं जा सके। धुएं का गुबार और आग की लपटें कई किलोमीटर दूर से ही दिखाई दे रही थीं। हादसे के बाद हाईवे पर करीब 5 किलोमीटर लंबा जाम लग गया। पांच फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने लगभग एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। गुरुवार सुबह यह हादसा कुशीनगर-लखनऊ हाईवे पर रामगढ़ताल थाना क्षेत्र में हुआ। दोनों घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डंपर ड्राइवर की पहचान बस्ती जिला के धमोरा गांव के सत्येंद्र पुत्र रामकोमल के रूप में हुई है, जबकि क्लीनर शिवा फतेहपुर का रहने वाला था। हादसे की 4 तस्वीरें देखिए… अब जानिए कैसा हुआ हादसा… कुशीनगर-लखनऊ फोरलेन पर मक्का लदा ट्रक कुशीनगर से लखनऊ की ओर जा रहा था। गुरुवार सुबह 5 बजे हाईवे पर एक डंपर रांग साइड पर आ गया। डंपर में डस्ट थी। अजवनिया गांव के पास डंपर और ट्रक में भीषण टक्कर हो गई। टक्कर होते ही ट्रक सड़क किनारे पलट गया। उसमें आग लग गई। आग ने डंपर को भी चपेट में ले लिया। डंपर में ही ड्राइवर सत्येंद्र और क्लीनर शिवा फंस गए। उनको बचाया जाता, इसके पहले आग पूरी तरह फैल गई और वे अंदर ही जिंदा जल गए। टक्कर से ट्रक का आगे का हिस्सा पूरी तरह पिचक गया। ट्रक चालक और खलासी भी आग में झुलस गए लेकिन किसी तरह कूद कर अपनी जान गंवाई। हादसे के बाद गांव वाले मौके पर पहुंचे। पुलिस को जानकारी दी। पुलिस और फायर ब्रिगेड की पांच गाड़ियां मौके पर पहुंची। टीम ने दो घंटे में आग पर काबू पाया। पुलिस ने एंबुलेंस से घायलों को अस्पताल भेजा गया। डंपर में केवल कंकाल बचा था आग बुझने के बाद डंपर के पास जब पुलिस टीम पहुंची तो अंदर केवल कंकाल बचा हुआ था। पुलिस टीम कंकाल को बटोरकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी। डीएनए जांच के बाद दोनों शवों की पहचान की जा सकेगी।